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अपहरण पर और अलर्ट हो ‘डायल 100’
अमर उजाला ब्यूरो/कानपुर
Updated Sat, 18 Jun 2016 01:59 AM IST
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police
- फोटो : amar ujala
कानपुर। आशुतोष अपहरण और हत्याकांड में पुलिस और सिस्टम की खामियों से सबक लेते हुए आईजी जोन ज़की अहमद ने पुलिस मुख्यालय को पत्र लिखकर कुछ संस्तुतियां की हैं।
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आईजी के मुताबिक कंट्रोल रूम में आने वाले काफी फोन फर्जी होते हैं। अपहरण की शिकायत के भी कई फोन फर्जी साबित हो चुके हैं।
झूठी सूचनाओं के चलते कई बार पुलिस गंभीर अपराध को समझने में चूक कर देती है।
आशुतोष अपहरण मामले में भी पहली सूचना 100 नंबर पर दी गई थी, जिसके चलते पुलिस से चूक हुई और मामले की पब्लिसिटी हो गई। आईजी ने बताया सरकार की ओर लखनऊ में केंद्रीयकृत ‘डायल 100’ कंट्रोल रूम बन रहा है जिसके लिए संस्तुतियां की हैं।
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जिसमें अपहरण की सूचना 100 नंबर पर आने के बाद गंभीरता बरती जाए, वादी के घर पुलिस अधिकारी सादे कपड़ों में जाएं, पुलिस के वाहन से जाने से परहेज किया जा सकता है, एक महिला अधिकारी साथ जा सकती है, वादी को घर से कहीं अलग बुलाकर पूछताछ हो, टोल प्लाजा के सीसीटीवी की नियमित चेकिंग हो, टोल प्लाजा के सीसीटीवी पास होने वाले वाहनों में बैठे लोगों पर भी फोकस करें शामिल हैं।
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