{"_id":"581cd1424f1c1b903b43586f","slug":"judge-pratibha-murder-case-manu-narco-test","type":"story","status":"publish","title_hn":"महिला जज हत्याकांड: नार्को टेस्ट से मनु ने किया इंकार","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
महिला जज हत्याकांड: नार्को टेस्ट से मनु ने किया इंकार
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, कानपुर
Updated Sat, 05 Nov 2016 12:06 AM IST
विज्ञापन
महिला जज प्रतिभा गौतम (फाइल फोटो)
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
महिला जज प्रतिभा सिंह गौतम हत्याकांड में आरोपी पति मनु अभिषेक ने अपना नार्को टेस्ट कराने से इंकार कर दिया है। मनु की लिखित आपत्ति के बाद कोर्ट नार्को टेस्ट पर शनिवार को फैसला सुनाएगी। प्रतिभा की मौत के बाद उसके पति मनु अभिषेक ने चीख-चीख कर कहा था कि वह पत्नी से बहुत प्यार करता था। दोनों की लव मैरिज हुई थी। बाद में पुलिस ने मनु को हत्या का आरोपी बनाया जबकि मनु उसे आत्महत्या बताता रहा था।
मामले की सच्चाई नार्को टेस्ट से सामने आने की उम्मीद पुलिस जता रही थी। पुलिस की ओर से दाखिल मनु के नार्को टेस्ट की अर्जी के जवाब में शुक्रवार को मनु अपने वकील दुर्गेश परिहार के साथ सीएमएम कोर्ट में आया।
पुलिस की ओर से सीओ कोतवाली राजेंद्रधर द्विवेदी आए। कोर्ट में मनु के वकील ने नार्को टेस्ट पर आपत्ति दाखिल की। मनु के वकील के मुताबिक मनु को पेट की बीमारी है जिसका इलाज जेल अस्पताल में चल रहा है। मनु को हाई ब्लड प्रेशर का मरीज भी बताया गया और आशंका जताई गई कि नार्को टेस्ट के साइड इफेक्ट से उसे दिक्कत हो सकती है। वकील ने बताया इस पर कोर्ट ने मेडिकल बोर्ड की देखरेख में नार्को करवाने का सुझाव दिया जिस पर मनु के वकील ने भविष्य में साइड इफेक्ट की आशंका जताते हुए आपत्ति की।
विज्ञापन
आपत्ति के साथ बचाव पक्ष के वकील ने कर्नाटक सरकार के एक मामले में सुप्रीम कोर्ट की रूलिंग और मानवाधिकार के निर्देश कोर्ट को मुहैया कराए। मनु के वकील के मुताबिक पुलिस झूठे साक्ष्य गढ़ कर उनके मुवक्किल को फंसा सकती है क्योंकि बरामदगी के नाम पर पुलिस ने मनु का रिमांड लिया था लेकिन कुछ बरामद नहीं हुआ।
वकील ने अपने मुवक्किल के संवैधानिक अधिकारों का हवाला देते हुए भी नार्को की मांग को नाजायज बताया। इस पर कोर्ट ने शनिवार को फैसला सुनाने की बात कही। बताते चलें कि कानपुर देहात में तैनात महिला जज प्रतिभा का शव 9 अक्तूबर को सर्किट हाउस स्थित उनके फ्लैट में मिला था। महिला जज के पिता ने उसके पति मनु, सास-ससुर के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी जिसमें पति की गिरफ्तारी हुई थी।
विज्ञापन
मामले की सच्चाई नार्को टेस्ट से सामने आने की उम्मीद पुलिस जता रही थी। पुलिस की ओर से दाखिल मनु के नार्को टेस्ट की अर्जी के जवाब में शुक्रवार को मनु अपने वकील दुर्गेश परिहार के साथ सीएमएम कोर्ट में आया।
विज्ञापन
पुलिस की ओर से सीओ कोतवाली राजेंद्रधर द्विवेदी आए। कोर्ट में मनु के वकील ने नार्को टेस्ट पर आपत्ति दाखिल की। मनु के वकील के मुताबिक मनु को पेट की बीमारी है जिसका इलाज जेल अस्पताल में चल रहा है। मनु को हाई ब्लड प्रेशर का मरीज भी बताया गया और आशंका जताई गई कि नार्को टेस्ट के साइड इफेक्ट से उसे दिक्कत हो सकती है। वकील ने बताया इस पर कोर्ट ने मेडिकल बोर्ड की देखरेख में नार्को करवाने का सुझाव दिया जिस पर मनु के वकील ने भविष्य में साइड इफेक्ट की आशंका जताते हुए आपत्ति की।
विज्ञापन
आपत्ति के साथ बचाव पक्ष के वकील ने कर्नाटक सरकार के एक मामले में सुप्रीम कोर्ट की रूलिंग और मानवाधिकार के निर्देश कोर्ट को मुहैया कराए। मनु के वकील के मुताबिक पुलिस झूठे साक्ष्य गढ़ कर उनके मुवक्किल को फंसा सकती है क्योंकि बरामदगी के नाम पर पुलिस ने मनु का रिमांड लिया था लेकिन कुछ बरामद नहीं हुआ।
वकील ने अपने मुवक्किल के संवैधानिक अधिकारों का हवाला देते हुए भी नार्को की मांग को नाजायज बताया। इस पर कोर्ट ने शनिवार को फैसला सुनाने की बात कही। बताते चलें कि कानपुर देहात में तैनात महिला जज प्रतिभा का शव 9 अक्तूबर को सर्किट हाउस स्थित उनके फ्लैट में मिला था। महिला जज के पिता ने उसके पति मनु, सास-ससुर के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी जिसमें पति की गिरफ्तारी हुई थी।