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कानपुर से उरई पहुंचा महिला जज का शव, मचा कोहराम

Tue, 11 Oct 2016 12:14 AM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, कानपुर
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, कानपुर Updated Tue, 11 Oct 2016 12:14 AM IST
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judge pratibha gautam body taken to native village orai
शव घर पहुंचने पर रोते बिलखते परिजन, प्रतिभा की बहन नीलम गौतम - फोटो : अमर उजाला
कानपुर देहात की महिला जज प्रतिमा गौतम की का शव सोमवार को उनके पैतृक आवास उरई के राजेंद्र नगर लाया गया तो परिवार और मोहल्ले के लोगों में कोहराम मच गया। रोते-बिलखते परिजनों ने कहा प्रतिभा प्यार में ठगी गई। उसने पति को दिलोजान से चाहा था लेकिन पति ने ये दिन दिखाया। बहन नीलम गौतम समेत परिवार के अन्य लोगों ने ससुराल पक्ष के लोगों को कड़ी से कड़ी सजा की मांग की। दोपहर बाद शव का अंतिम संस्कार किया गया।
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प्रतिभा की मां प्रेमा देवी बार-बार कुछ कहने की कोशिश करतीं, पर शब्दों की जगह उनकी आंखों से आंसू ही बहते रहे। डबडबाई आंखों से वे कभी मोहल्ले के लोगों और कभी प्रतिभा की लाश की ओर देखतीं। उन्होंने कहा कि सरकार पति व ससुर को सजा दे। प्रतिभा की बहन नीलम गौतम आपे से बाहर दिखीं। उन्होंने कहा कि यदि कोई परेशानी थी तो पति अभिषेक रास्ता अलग कर सकते थे, पर गर्भवती प्रतिभा की निर्ममता से हत्या क्यों की। इसमें ससुर व परिवार के अन्य लोगों की भी संलिप्तता बताई। भाई अजय गौतम ने कहा कि उनकी बहन शुरू से ही मेधावी रही पर वह गलत लोगों की संगत में पड़ गई। इन लोगों ने पहले उससे शादी की और बाद में प्रताड़ित करते करते उसकी जान ले ली। 
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लव मैरिज के खिलाफ थे परिजन
परिजनों ने बताया कि जब प्रतिभा ने पहली बार बताया कि वह दिल्ली के किसी युवक से प्रेम करती है तो परिजन काफी नाराज हुए थे। प्रतिभा पर परिवार की सहमति से अरेंज मैरिज का दबाव भी बनाया गया लेकिन प्रतिभा नहीं मानी। 
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जो ठान लेती थी, करती थी
प्रतिभा शुरू से दृढ़ निश्चयी थी। पढ़ने में अव्वल रही। नाते रिश्तेदारों में भी उसकी प्रतिभा और दृढ़ निश्चय की चर्चा रहती थी। प्रतिभा के रिश्तेदार कमलेश गौतम ने बताया कि प्रतिभा जिस काम को ठान लेती थी उसे कर के ही मानती थी। लॉ की पढ़ाई के बाद उसने जज बनने की ठानी और बनी भी। 
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