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Corona: कानपुर का पहला हॉटस्पॉट दे रहा हर्ड इम्यूनिटी के संकेत, दूसरी लहर में कोरोना के कहर से है महफूज
Fri, 23 Apr 2021 03:03 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Fri, 23 Apr 2021 03:03 AM IST
सार
कानपुर का पहला हॉटस्पॉट कुली बाजार हर्ड इम्यूनिटी के संकेत दे रहा है। दूसरी लहर में यहां अभी तक संक्रमित नहीं मिले हैं। यह स्थिति स्वास्थ्य विभाग को भी चौंका रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसा हर्ड इम्यूनिटी विकसित होने से ही संभव है।
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कोरोना वायरस
- फोटो : social media
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विस्तार
ऐसे वक्त में जब कोरोना कहर बरपा रहा है, शहर का पहला हॉटस्पॉट कुली बाजार हर्ड इम्यूनिटी के संकेत दे रहा है। दूसरी लहर में यहां अभी तक संक्रमित नहीं मिले हैं। यह स्थिति स्वास्थ्य विभाग को भी चौंका रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसा हर्ड इम्यूनिटी विकसित होने से ही संभव है।
उनका कहना है कि जब किसी क्षेत्र की 70 फीसदी से अधिक आबादी संक्रमित हो जाती है तो हर्ड इम्यूनिटी विकसित होती है। इससे संक्रमण की चेन टूट जाती है। पिछले साल जब कोरोना फैला था तो करीब 20-22 हजार की घनी आबादी वाले क्षेत्र कुली बाजार में सबसे अधिक संक्रमित मिले थे।
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उनका कहना है कि जब किसी क्षेत्र की 70 फीसदी से अधिक आबादी संक्रमित हो जाती है तो हर्ड इम्यूनिटी विकसित होती है। इससे संक्रमण की चेन टूट जाती है। पिछले साल जब कोरोना फैला था तो करीब 20-22 हजार की घनी आबादी वाले क्षेत्र कुली बाजार में सबसे अधिक संक्रमित मिले थे।
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एक बार में 33 संक्रमित पहली बार यहीं मिले थे। इस क्षेत्र को सबसे पहले हॉटस्पॉट घोषित किया गया था। लेकिन, दूसरी लहर आने के बाद यहां अभी शांति है। हालांकि कर्नलगंज, चमनगंज, बेकनगंज आदि घनी आबादी वाले क्षेत्रों में संक्रमित मरीजों के मिलने का सिलसिला थमा नहीं है।
स्वदेशी वैक्सीन कोवाक्सिन ट्रायल के चीफ इन्वेस्टिगेटर (उत्तर प्रदेश) प्रोफेसर जेएस कुशवाहा का कहना है कि जब किसी क्षेत्र की अधिकांश आबादी को एक वक्त में संक्रमण होता है तो वहां हर्ड इम्यूनिटी विकसित हो जाती है। इससे वहां संक्रमण का फैलाव अधिक नहीं हो पाता।
कोई दूसरा वायरस आने पर वहां नया संक्रमण हो सकता है। हो सकता है कि कुली बाजार में हर्ड इम्यूनिटी विकसित हो रही हो। यही राय अन्य विशेषज्ञों की भी है। कुल हिंद जमीअतुल अवाम के महामंत्री महबूब आलम खान का कहना है कि इस बार क्षेत्र में संक्रमित नहीं मिले हैं। यहां के लोग मास्क का इस्तेमाल, सोशल डिस्टेंसिंग और सफाई का भी ख्याल रख रहे हैं।
स्वदेशी वैक्सीन कोवाक्सिन ट्रायल के चीफ इन्वेस्टिगेटर (उत्तर प्रदेश) प्रोफेसर जेएस कुशवाहा का कहना है कि जब किसी क्षेत्र की अधिकांश आबादी को एक वक्त में संक्रमण होता है तो वहां हर्ड इम्यूनिटी विकसित हो जाती है। इससे वहां संक्रमण का फैलाव अधिक नहीं हो पाता।
कोई दूसरा वायरस आने पर वहां नया संक्रमण हो सकता है। हो सकता है कि कुली बाजार में हर्ड इम्यूनिटी विकसित हो रही हो। यही राय अन्य विशेषज्ञों की भी है। कुल हिंद जमीअतुल अवाम के महामंत्री महबूब आलम खान का कहना है कि इस बार क्षेत्र में संक्रमित नहीं मिले हैं। यहां के लोग मास्क का इस्तेमाल, सोशल डिस्टेंसिंग और सफाई का भी ख्याल रख रहे हैं।