{"_id":"5744aad90a91b0d87ef39f748b44e2cd","slug":"cbi-raids-at-medical-college-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मेडिकल कॉलेज में सीबीआई का छापा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेडिकल कॉलेज में सीबीआई का छापा
अमर उजाला कानपुर
Updated Thu, 20 Aug 2015 01:26 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
व्यापम घोटाले में पहली बार सीबीआई ने जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज में छापा मारा है। सीबीआई को 2013 बैच के स्टूडेंट सुजीत सिंह की तलाश है। सुजीत को मई में एमपी एसटीएफ ने पूछताछ के लिए बुलाया था। सुजीत ने कॉलेज प्रशासन को एसटीएफ के पास जाने की सूचना दी पर वहां पहुंचा नहीं।
इसके बाद से सुजीत का कुछ पता नहीं है। जानकारों की मानें तो सीबीआई की निगाह पहले उन स्टूडेंटों पर है, जिन्होंने एमपी एसटीएफ को तलब करने के बावजूद रिपोर्ट नहीं की है। बुधवार सुबह सीबीआई लखनऊ यूनिट के सब इंस्पेक्टर के नेतृत्व में टीम मेडिकल कॉलेज पहुंची। टीम ने सुजीत सिंह के बारे में जानकारी मांगी।
इसके बाद टीम सुजीत की तलाश में मेडिकल कॉलेज में कई संभावित स्थानों पर भी गई। इधर, सीबीआई के पहुंचने की सूचना से हॉस्टल में अफरातफरी मच गई। हॉस्टल में कई मेडिकल स्टूडेंट ऐसे भी हैं जिन्हें एमपी एसटीएफ का नोटिस मिल चुका है या वह गिरफ्तार हो चुके हैं।
विज्ञापन
सीबीआई को व्यापम घोटाले में सुजीत की सॉल्वर के रूप में तलाश है। दरअसल, एमपी एसटीएफ की जांच में पता चला है कि सुजीत ने व्यापम में दूसरे स्टूडेंट के पीछे बैठ कर उसका पेपर हल कराया है। एसटीएफ स्टूडेंट और सुजीत को आमने-सामने बैठाकर बात करना चाहती थी लेकिन वह वहां नहीं गया।
विज्ञापन
इसके बाद से सुजीत का कुछ पता नहीं है। जानकारों की मानें तो सीबीआई की निगाह पहले उन स्टूडेंटों पर है, जिन्होंने एमपी एसटीएफ को तलब करने के बावजूद रिपोर्ट नहीं की है। बुधवार सुबह सीबीआई लखनऊ यूनिट के सब इंस्पेक्टर के नेतृत्व में टीम मेडिकल कॉलेज पहुंची। टीम ने सुजीत सिंह के बारे में जानकारी मांगी।
विज्ञापन
इसके बाद टीम सुजीत की तलाश में मेडिकल कॉलेज में कई संभावित स्थानों पर भी गई। इधर, सीबीआई के पहुंचने की सूचना से हॉस्टल में अफरातफरी मच गई। हॉस्टल में कई मेडिकल स्टूडेंट ऐसे भी हैं जिन्हें एमपी एसटीएफ का नोटिस मिल चुका है या वह गिरफ्तार हो चुके हैं।
विज्ञापन
सीबीआई को व्यापम घोटाले में सुजीत की सॉल्वर के रूप में तलाश है। दरअसल, एमपी एसटीएफ की जांच में पता चला है कि सुजीत ने व्यापम में दूसरे स्टूडेंट के पीछे बैठ कर उसका पेपर हल कराया है। एसटीएफ स्टूडेंट और सुजीत को आमने-सामने बैठाकर बात करना चाहती थी लेकिन वह वहां नहीं गया।