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सर्विलांस सिस्टम से होकर स्टेशन के अंदर जाएंगी कारें, गाड़ी नंबर समेत इन चीजों पर रहेगी कैमरे की नजर
Sun, 29 Sep 2019 01:32 PM IST
शिखा पांडेय
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sun, 29 Sep 2019 01:32 PM IST
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कानपुर सेंट्रल स्टेशन
- फोटो : अमर उजाला
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कानपुर सेंट्रल स्टेशन के सिटी साइड में अंडर व्हीकल सर्विलांस सिस्टम (यूवीएसएस) से गुजरकर ही वाहन स्टेशन परिसर में जा सकेंगे। एक नंबर गेट से प्रवेश करने पर बाइक पार्किंग के आगे यूरिनल के पास 25 मीटर के क्षेत्र में इस सिस्टम को लगाया जाएगा। इसका काम 30 सितंबर से शुरू हो जाएगा। एक महीने में काम पूरा होने की उम्मीद है। इसके बाद वाहन सिस्टम से होकर गुजरेंगे और कार पार्किंग में ही खड़े होंगे।
किसी को छोड़कर जाने वाले यहां से होकर गेट नंबर दो (आरक्षण केंद्र का रास्ता) की तरफ से बाहर निकल जाएंगे। उधर निर्माण के चलते सोमवार से एक महीने तक वाहन इसके आगे नहीं जा सकेंगे। बाइक पार्किंग के आगे से गेट नंबर दो या आरक्षण केंद्र की तरफ जा सकेंगे।
ड्राइवर, गाड़ी नंबर, उसमें रखा सामान सब गुजरेगा कैमरे की नजर से
किसी भी वाहन के यूवीएसएस से गुजरते ही सेंसर और सीसीटीवी कैमरे की मदद से ड्राइवर, उसमें बैठे लोगों को देखा जा सकेंगे। इसके अलावा नंबर प्लेट से गाड़ी की पूरी जानकारी मिल जाएगी। जमीन के भीतर लगे अल्ट्रा वॉयलेट रेंज सिस्टम से गाड़ी के चेचिस में बम या दूसरी विस्फोटक सामग्री को भी जांचा जा सकेगा। संदिग्ध वस्तु होने पर गेट बंद हो जाएगा और आरपीएफ के जवान चेकिंग करेंगे।
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किसी को छोड़कर जाने वाले यहां से होकर गेट नंबर दो (आरक्षण केंद्र का रास्ता) की तरफ से बाहर निकल जाएंगे। उधर निर्माण के चलते सोमवार से एक महीने तक वाहन इसके आगे नहीं जा सकेंगे। बाइक पार्किंग के आगे से गेट नंबर दो या आरक्षण केंद्र की तरफ जा सकेंगे।
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ड्राइवर, गाड़ी नंबर, उसमें रखा सामान सब गुजरेगा कैमरे की नजर से
किसी भी वाहन के यूवीएसएस से गुजरते ही सेंसर और सीसीटीवी कैमरे की मदद से ड्राइवर, उसमें बैठे लोगों को देखा जा सकेंगे। इसके अलावा नंबर प्लेट से गाड़ी की पूरी जानकारी मिल जाएगी। जमीन के भीतर लगे अल्ट्रा वॉयलेट रेंज सिस्टम से गाड़ी के चेचिस में बम या दूसरी विस्फोटक सामग्री को भी जांचा जा सकेगा। संदिग्ध वस्तु होने पर गेट बंद हो जाएगा और आरपीएफ के जवान चेकिंग करेंगे।
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