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नहर ओवर फ्लो, खेत जलमग्न
ब्यूरो अमर उजाला कानपुर देहात
Updated Thu, 18 Dec 2014 01:13 AM IST
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भोगनीपुर तहसील क्षेत्र में डीघ रजवाहे से जुड़ी खारजा बंबी में गत मंगलवार की रात अचानक ज्यादा पानी आ गया। जिससे करीब 50 बीघे कृषि-भूमित जलमग्न हो गई।
उगी फसलें भी डूब गईं। किसान पानी रोकने को रात भर परेशान रहे।
किसान सैदलीपुर के महेश सचान, राजेश सचान, अनूपकुमार, श्रीनारायण, सुमित सचान, यशवंत, कैलाश सचान ने बताया कि मीनापुर गांव के पास रजवाहे से जुड़ी बंबी बरौर, मदनपुर, किशोरपुर, ड़ड़ियामऊ, निगोही, कुटरा से गुजरते हुए सेंगुर नदी में गिरती है।
इस बंबी में करीब 18 साल से पानी नहीं आया, जिसे खारजा कहा जाता है। गत मंगलवार की रात अचानक बंबी में तेज बहाव के साथ पानी आ गया।
जो क्षतिग्रस्त पटरी को पार करके खेतों में भरने लगा। जानकारी मिलने पर पानी को रोकने के लिए पंयास किया गया। फिर भी करीब 50 बीघे कृषि-भूमि जलमग्न हो गई।
पानी सूखने में काफी समय लगेगा, तब तक डूबी फसलें सड़कर नष्ठ हो जाएंगीं और रबी फसलों की बुआई भी नहीं हो सकेगी।
सिंचाई विभाग के अवर अभियंता जनकसिंह ने बताया कि रजवाहों में रविवार को पानी छोड़ा जाता है। रजवाहों में सफाई के लिए पानी रोका गया था।
किसान यूनियन के आंदोलन पर मंगलवार को पानी छोड़ दिया गया। इधर बारिश होने से किसानों को सिंचाई की जरूरत नहीं रही। जिससे फालतू पानी बंबी में पहुंच गया। जा
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नकारी होने पर उच्चाधिकारियों को पानी रोकने के लिए फैक्स किया गया है। धनाभाव के कारण रजवाहों और माइनरों की सफाई नहीं हो सकी है। डीघ रजवाहे को जलालपुर के आगे खारजा घोषित किया गया है।
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उगी फसलें भी डूब गईं। किसान पानी रोकने को रात भर परेशान रहे।
किसान सैदलीपुर के महेश सचान, राजेश सचान, अनूपकुमार, श्रीनारायण, सुमित सचान, यशवंत, कैलाश सचान ने बताया कि मीनापुर गांव के पास रजवाहे से जुड़ी बंबी बरौर, मदनपुर, किशोरपुर, ड़ड़ियामऊ, निगोही, कुटरा से गुजरते हुए सेंगुर नदी में गिरती है।
इस बंबी में करीब 18 साल से पानी नहीं आया, जिसे खारजा कहा जाता है। गत मंगलवार की रात अचानक बंबी में तेज बहाव के साथ पानी आ गया।
जो क्षतिग्रस्त पटरी को पार करके खेतों में भरने लगा। जानकारी मिलने पर पानी को रोकने के लिए पंयास किया गया। फिर भी करीब 50 बीघे कृषि-भूमि जलमग्न हो गई।
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पानी सूखने में काफी समय लगेगा, तब तक डूबी फसलें सड़कर नष्ठ हो जाएंगीं और रबी फसलों की बुआई भी नहीं हो सकेगी।
सिंचाई विभाग के अवर अभियंता जनकसिंह ने बताया कि रजवाहों में रविवार को पानी छोड़ा जाता है। रजवाहों में सफाई के लिए पानी रोका गया था।
किसान यूनियन के आंदोलन पर मंगलवार को पानी छोड़ दिया गया। इधर बारिश होने से किसानों को सिंचाई की जरूरत नहीं रही। जिससे फालतू पानी बंबी में पहुंच गया। जा
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नकारी होने पर उच्चाधिकारियों को पानी रोकने के लिए फैक्स किया गया है। धनाभाव के कारण रजवाहों और माइनरों की सफाई नहीं हो सकी है। डीघ रजवाहे को जलालपुर के आगे खारजा घोषित किया गया है।