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फर्रुखाबाद: फर्जी अंकपत्र से बने शिक्षक को बीएसए ने किया बर्खास्त, सत्यापन कराया तो हुआ खुलासा

Mon, 18 Nov 2019 10:06 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा यूपी डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद
यूपी डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद Published by: प्रभापुंज मिश्रा Updated Mon, 18 Nov 2019 10:06 PM IST
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BSA dismissed teacher due to fake marksheet
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
फर्रुखाबाद में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रामसिंह ने नियुक्ति के दौरान फर्जी अंकपत्र लगाने वाले शिक्षक को बर्खास्त कर दिया है। शिक्षक ने वर्ष 2008 में हाईस्कूल समकक्ष संस्कृत विद्यालय से पूर्व मध्यमा का अंकपत्र लगाया था। जब इसका सत्यापन कराया गया तो शिक्षक ने फर्जी सत्यापन रिपोर्ट भी बनवा कर भेज दी थी।
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बीएसए ने कमालगंज बीईओ को बर्खास्त शिक्षक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने और वेतन की धनराशि की वसूली करने का आदेश दिया है। गांव उदी नगला पोस्ट गदनपुर देवराजपुर निवासी श्रवण कुमार पुत्र पहाड़ी लाल ने वर्ष 2008 में शिक्षक पद पर नियुक्ति पाई थी। उसकी तैनाती प्राथमिक विद्यालय नगला बरूआ कमालगंज में है।
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श्रवण कुमार ने नियुक्ति के दौरान हाईस्कूल समकक्ष संस्कृत विद्यालय से पूर्व मध्यमा का अंकपत्र लगाया था। इसके फर्जी होने की आशंका पर जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान रजलामई के डायट प्राचार्य के निर्देश पर तत्कालीन बीएसए ने 2018 को शिक्षक का वेतन रोक दिया। पूर्व मध्यमा का अंकपत्र सत्यापन को संपूर्णानंद संस्कृत विद्यालय वाराणसी भेजा गया।

शिक्षक ने फर्जी सत्यापन रिपोर्ट तैयार करवाई और विभाग में भिजवा दी। इसके बाद प्रत्यावेदन देकर 26 मार्च 2019 को वेतन भुगतान संबंधी आदेश करवा लिया। फर्जी सत्यापन रिपोर्ट का मामला सामने आने पर 22 अगस्त 2019 को दोबारा से वेतन रोक दिया गया। श्रवण कुमार ने वेतन भुगतान रोकने के आदेश के खिलाफ उच्च न्यायालय में रिट दायर की।

 

वहां सुनवाई के दौरान संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय वाराणसी से सत्यापन रिपोर्ट तलब की गई। तब हकीकत खुलकर सामने आई कि जो सत्यापन रिपोर्ट आई थी वह फर्जी तरीके से बनवा कर भेजी गई थी। विश्वविद्यालय से कोई सत्यापन रिपोर्ट नहीं भेजी गई। शिक्षक ने नियुक्ति के समय जो पूर्व मध्यमा का अंकपत्र लगाया था।

उस अनुक्रमांक पर दुर्गा प्रसाद खनाल पुत्र बृहस्पति खनाल का नाम अंकित है। इस तरह श्रवण कुमार ने फर्जी अंक पत्र तैयार किया था। उच्च न्यायालय से शिक्षक की रिट खारिज कर दी। बीएसस रामसिंह ने फर्जी अभिलेख से नौकरी पाने और विभाग को गुमराह करने के मामले में शिक्षक को बर्खास्त कर दिया है। बीईओ कमालगंज को बर्खास्त शिक्षक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाने व वेतन की पूरी धनराशि वसूल किए जाने का आदेश दिया है।
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