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बैंक फ्राड गिरोह के सरगना को एसटीएफ ने किया गिरफ्तार
डिजिटल टीम/अमर उजाला, कानपुर
Updated Fri, 16 Sep 2016 01:45 AM IST
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कानपुर में हाईटेक बैंक फ्राड गैंग के सरगना को एसटीएफ और क्राइम ब्रांच ने जूही से गिरफ्तार किया। एएसपी एसटीएफ त्रिवेणी सिंह ने बताया गिरफ्तार युवक बर्रा दामोदर नगर निवासी उज्ज्वल उर्फ धीरज निगम है। इस गैंग द्वारा अबतक सिर्फ कानपुर से कई लोगों के खाते से 15 लाख रुपये निकालने की जानकारी सामने आई है। जल्द ही गैंग के अन्य सदस्यों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
उज्ज्वल की प्रेमिका ज्योति सत्यम आईसीआईसीआई बैंक के अकाउंट ओपनिंग डिपार्टमेंट में काम करती है। उज्ज्वल ने उससे किसी लखपति के खाते का स्क्रीन शाट मांगा। ज्योति ने सिविल लाइंस निवासी एलआईसी के चीफ मैनेजर अयोध्या प्रसाद दीक्षित के खाते का स्क्रीन शाट व्हाट्सएप पर दे दिया। अब उज्ज्वल ने बैंक के कस्टमर केयर पर फोन कर नया डेबिट-क्रेडिटकार्ड मांगा। कस्टमर केयर ने कुछ जानकारियां मांगी जिसे स्क्रीन शाट से देखकर उज्ज्वल ने बता दिया।
कस्टमर केयर ने पते पर डेबिट कार्ड भेजा तो उज्ज्वल ने कोरियर कंपनी का नाम और डोकेट नंबर पूछकर ऑनलाइन उसकी लोकेशन तलाश ली। डिलीवरी के समय उज्ज्वल ने खुद अयोध्या प्रसाद दीक्षित बनकर उनके घर के बाहर से डेबिट-क्रेडिटकार्ड रिसीव कर लिया। ऐसे ही पिन नंबर का कोरियर भी रिसीव कर लिया। उस डेबिट कार्ड और पिन का इस्तेमाल कर उज्ज्वल ने एटीएम काउंटर पर जाकर डिटेल में अयोध्या की जगह अपना मोबाइल नंबर डाल दिया।
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26 से 29 जून 2016 के बीच खाते में पड़ी पूरी रकम 4.23 लाख निकाल ली। उज्ज्वल मोबाइल नंबर बदल चुका था इसलिए बैंक का कोई भी एसएमएस अयोध्या दीक्षित के मोबाइल पर नहीं गया। इसी मोडस ऑपरेंडी से उज्ज्वल ने कानपुर कानपुर की मालती के खाते से 9 लाख रुपये और एक खाते से 2 लाख उड़ाये। एसटीएफ के मुताबिक जल्द ही उज्ज्वल की दोस्त ज्योति को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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उज्ज्वल की प्रेमिका ज्योति सत्यम आईसीआईसीआई बैंक के अकाउंट ओपनिंग डिपार्टमेंट में काम करती है। उज्ज्वल ने उससे किसी लखपति के खाते का स्क्रीन शाट मांगा। ज्योति ने सिविल लाइंस निवासी एलआईसी के चीफ मैनेजर अयोध्या प्रसाद दीक्षित के खाते का स्क्रीन शाट व्हाट्सएप पर दे दिया। अब उज्ज्वल ने बैंक के कस्टमर केयर पर फोन कर नया डेबिट-क्रेडिटकार्ड मांगा। कस्टमर केयर ने कुछ जानकारियां मांगी जिसे स्क्रीन शाट से देखकर उज्ज्वल ने बता दिया।
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कस्टमर केयर ने पते पर डेबिट कार्ड भेजा तो उज्ज्वल ने कोरियर कंपनी का नाम और डोकेट नंबर पूछकर ऑनलाइन उसकी लोकेशन तलाश ली। डिलीवरी के समय उज्ज्वल ने खुद अयोध्या प्रसाद दीक्षित बनकर उनके घर के बाहर से डेबिट-क्रेडिटकार्ड रिसीव कर लिया। ऐसे ही पिन नंबर का कोरियर भी रिसीव कर लिया। उस डेबिट कार्ड और पिन का इस्तेमाल कर उज्ज्वल ने एटीएम काउंटर पर जाकर डिटेल में अयोध्या की जगह अपना मोबाइल नंबर डाल दिया।
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26 से 29 जून 2016 के बीच खाते में पड़ी पूरी रकम 4.23 लाख निकाल ली। उज्ज्वल मोबाइल नंबर बदल चुका था इसलिए बैंक का कोई भी एसएमएस अयोध्या दीक्षित के मोबाइल पर नहीं गया। इसी मोडस ऑपरेंडी से उज्ज्वल ने कानपुर कानपुर की मालती के खाते से 9 लाख रुपये और एक खाते से 2 लाख उड़ाये। एसटीएफ के मुताबिक जल्द ही उज्ज्वल की दोस्त ज्योति को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।