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Kanpur News: अवनीश के साथी राहुल बाजपेई, रमन गुप्ता, जितेंद्र गिरफ्तार
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रमन गुप्ता
- फोटो : सोशल मीडिया
कानपुर। अवनीश दीक्षित गैंग के तीन सदस्यों को रेलबाजार पुलिस ने सोमवार रात गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए सदस्यों में राहुल बाजपेई, रमन गुप्ता और जितेंद्र यादव शामिल हैं। राहुल और रमन निजी चैनल में कार्यरत हैं जबकि जितेंद्र अवनीश के खास मनोज यादव का भाई है। सभी को गैंगस्टर के तहत सीओडी पुल के पास से पकड़ा गया है।
पिछले साल 28 जुलाई को कोतवाली पुलिस ने अवनीश दीक्षित को नजूल की संपत्ति कब्जाने के मामले में गिरफ्तार किया था। मामले में सैमुएल वेब और लेखपाल विपिन कुमार की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। गिरफ्तारी के बाद अवनीश के कई साथी उसे छुड़ाने कोतवाली पहुंच गए थे। इस दौरान सभी ने जमकर हंगामा किया था। पुलिस ने अगले दिन तड़के अवनीश को जेल भेज दिया था। पुलिस ने नजूल की जमीन मामले की जांच की तो उसके कई साथियों के नाम सामने आए। पुलिस ने अवनीश के गैंग को पहला इंटर रेंज गैंग पंजीकृत किया। अवनीश को इसका लीडर माना। इसमें कुल 15 सदस्य थे। जांच के साथ ही सदस्यों के नाम बढ़ते गए। मनोज यादव, हरेंद्र मसीह, आदि को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है।
मामले में राहुल बाजपेई, रमन गुप्ता और बादशाहीनाका निवासी जितेंद्र यादव का नाम सामने आया था। जबकि रमन का नाम क्रिस्टल पार्किंग विवाद में भी सामने आया था। तब चकेरी के चंद्रनगर निवासी अनिल कुमार ने अवनीश, राहुल बाजपेई, अभिनव शुक्ला और अजीत के खिलाफ कोतवाली थाने में अवैध वसूली के मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि दो जून की शाम क्रिस्टल पार्किंग में कार खड़ी करने को लेकर विवाद हुआ था। अवनीश दीक्षित, मनोज यादव, आदि ने 200 के बजाय 500 रुपये की मांग की थी।
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बता दें कि बीते दिनों अवनीश हाईकोर्ट से जमानत पाकर जेल से बाहर आ गया है। एसीपी चकेरी आकांक्षा पांडेय ने बताया कि तीनों आरोपियों को गैंगस्टर के चलते गिरफ्तार किया गया है।
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पिछले साल 28 जुलाई को कोतवाली पुलिस ने अवनीश दीक्षित को नजूल की संपत्ति कब्जाने के मामले में गिरफ्तार किया था। मामले में सैमुएल वेब और लेखपाल विपिन कुमार की तहरीर पर कोतवाली पुलिस ने गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। गिरफ्तारी के बाद अवनीश के कई साथी उसे छुड़ाने कोतवाली पहुंच गए थे। इस दौरान सभी ने जमकर हंगामा किया था। पुलिस ने अगले दिन तड़के अवनीश को जेल भेज दिया था। पुलिस ने नजूल की जमीन मामले की जांच की तो उसके कई साथियों के नाम सामने आए। पुलिस ने अवनीश के गैंग को पहला इंटर रेंज गैंग पंजीकृत किया। अवनीश को इसका लीडर माना। इसमें कुल 15 सदस्य थे। जांच के साथ ही सदस्यों के नाम बढ़ते गए। मनोज यादव, हरेंद्र मसीह, आदि को पुलिस पहले ही जेल भेज चुकी है।
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मामले में राहुल बाजपेई, रमन गुप्ता और बादशाहीनाका निवासी जितेंद्र यादव का नाम सामने आया था। जबकि रमन का नाम क्रिस्टल पार्किंग विवाद में भी सामने आया था। तब चकेरी के चंद्रनगर निवासी अनिल कुमार ने अवनीश, राहुल बाजपेई, अभिनव शुक्ला और अजीत के खिलाफ कोतवाली थाने में अवैध वसूली के मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप था कि दो जून की शाम क्रिस्टल पार्किंग में कार खड़ी करने को लेकर विवाद हुआ था। अवनीश दीक्षित, मनोज यादव, आदि ने 200 के बजाय 500 रुपये की मांग की थी।
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बता दें कि बीते दिनों अवनीश हाईकोर्ट से जमानत पाकर जेल से बाहर आ गया है। एसीपी चकेरी आकांक्षा पांडेय ने बताया कि तीनों आरोपियों को गैंगस्टर के चलते गिरफ्तार किया गया है।