{"_id":"624dd76f26d3413c7a5e9b03","slug":"anti-sikh-riots-eyewitness-recorded-statement-to-sit","type":"story","status":"publish","title_hn":"सिख विरोधी दंगा: एसआईटी को प्रत्यक्षदर्शी ने दर्ज कराए बयान, सुखविंदर बोलीं- पिता पर केमिकल फेंक जिंदा जला दिया था","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सिख विरोधी दंगा: एसआईटी को प्रत्यक्षदर्शी ने दर्ज कराए बयान, सुखविंदर बोलीं- पिता पर केमिकल फेंक जिंदा जला दिया था
Wed, 06 Apr 2022 11:41 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Wed, 06 Apr 2022 11:41 PM IST
सार
1984 में हुए सिख विरोधी दंगे में जान गंवाने वाले भगवान सिंह की वर्तमान में 55 साल की हो चुकी बेटी सुखविंदर कौर ने बुधवार को अपने बयान पंजाब गई एसआईटी को दर्ज कराए।
विज्ञापन
सिख विरोधी दंगा
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
मैं अपनी मां सुरिंदर कौर, दो बहनों रजवंत कौर (11), गुरमीत कौर (6) व भाई गुरप्रीत (5) के साथ पड़ोसी के घर में छिपी हुई थी। तभी दरवाजे की ओट से देखा कि दंगाइयों ने मेरे पिता भगवान सिंह पर कोई पाउडर (केमिकल) फेंक कर उन्हें जिंदा जला दिया...।
यह देख मैं घबरा गई और अपने भाई की जान बचाने के लिए उसके केश भी काट दिए..। कई दिनों तक हम खुद को सिख बताने में भी घबराते रहे थे..। 1984 में हुए सिख विरोधी दंगे में जान गंवाने वाले भगवान सिंह की वर्तमान में 55 साल की हो चुकी बेटी सुखविंदर कौर ने बुधवार को यह बयान पंजाब गई एसआईटी को दर्ज कराए।
सिख विरोधी दंगों के चार मुकदमों में गवाहों और वादी के बयान दर्ज करने के लिए तीन सदस्यीय टीम पंजाब के लिए रवाना हुई थी। सोमवार को टीम ने पंजाब बटाला के जुझार सिंह नगर में रहने वालीं सुरिंदर कौर के बयान भी दर्ज किए थे। बुधवार को टीम उनकी बेटी सुखविंदर कौर के भी बयान दर्ज करने पंजाब गुरदासपुर के फजलाबाद पहुंची। हत्याकांड के वक्त सुखविंदर की उम्र 13 वर्ष थी। उन्हें अपने पिता की लाश तक नहीं देखने को मिली। दंगाइयों ने सब कुछ लूट लिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह देख मैं घबरा गई और अपने भाई की जान बचाने के लिए उसके केश भी काट दिए..। कई दिनों तक हम खुद को सिख बताने में भी घबराते रहे थे..। 1984 में हुए सिख विरोधी दंगे में जान गंवाने वाले भगवान सिंह की वर्तमान में 55 साल की हो चुकी बेटी सुखविंदर कौर ने बुधवार को यह बयान पंजाब गई एसआईटी को दर्ज कराए।
विज्ञापन
सिख विरोधी दंगों के चार मुकदमों में गवाहों और वादी के बयान दर्ज करने के लिए तीन सदस्यीय टीम पंजाब के लिए रवाना हुई थी। सोमवार को टीम ने पंजाब बटाला के जुझार सिंह नगर में रहने वालीं सुरिंदर कौर के बयान भी दर्ज किए थे। बुधवार को टीम उनकी बेटी सुखविंदर कौर के भी बयान दर्ज करने पंजाब गुरदासपुर के फजलाबाद पहुंची। हत्याकांड के वक्त सुखविंदर की उम्र 13 वर्ष थी। उन्हें अपने पिता की लाश तक नहीं देखने को मिली। दंगाइयों ने सब कुछ लूट लिया था।
विज्ञापन