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भविष्य की चुनौतियों में मददगार होगी एआई बेस्ड टेक्नोलॉजी : अभिजीत
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कानपुर। सभी क्षेत्रों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) आधारित तकनीक को बढ़ाने के उद्देश्य से आईआईटी अब सिंगापुर की प्रतिष्ठित कंपनी ग्रेमेटिक्स इंक के विशेषज्ञों के साथ काम करेगी। इसको लेकर शुक्रवार को आईआईटी के अनुसंधान और विकास (आरएंडडी) के डीन प्रो. तरुण गुप्ता और ग्रेमेटिक्स इंक के सीईओ अभिजीत शानभाग ने एमओयू पर हस्ताक्षर किया है।
अभिजीत ने कहा कि भविष्य की अधिकांश चुनौतियों में एआई बेस्ड टेक्नोलॉजी मददगार होगी। हालांकि इसका उपयोग सोच-समझकर करना जरूरी है। क्लाउड बेस्ड वीडियो सर्विलांस सॉल्युशंस पर काम करने वाली प्रतिष्ठित कंपनी ग्रेमेटिक्स इंक के सीईओ ने आईआईटी कानपुर का दौरा भी किया।
उन्होंने संस्थान के वैज्ञानिकों के साथ वर्तमान व भविष्य की चुनौतियों पर चर्चा की। प्रो. तरुण गुप्ता के मुताबिक इस समझौते का लाभ संस्थान के छात्रों के अलावा वैज्ञानिकों और स्टार्टअप्स को मिलेगा। कंपनी के विशेषज्ञों के साथ वह नेक्स्ट जनरेशन की एआई बेस्ड टेक्नोलॉजी और सॉल्यूशंस पर काम कर सकेंगे। समझौते के तहत आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, मशीन लर्निंग, कंप्यूटर विजन और मल्टीमॉडल फाउंडेशन के क्षेत्र में शोध को बढ़ावा मिलेगा।
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अभिजीत ने कहा कि भविष्य की अधिकांश चुनौतियों में एआई बेस्ड टेक्नोलॉजी मददगार होगी। हालांकि इसका उपयोग सोच-समझकर करना जरूरी है। क्लाउड बेस्ड वीडियो सर्विलांस सॉल्युशंस पर काम करने वाली प्रतिष्ठित कंपनी ग्रेमेटिक्स इंक के सीईओ ने आईआईटी कानपुर का दौरा भी किया।
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उन्होंने संस्थान के वैज्ञानिकों के साथ वर्तमान व भविष्य की चुनौतियों पर चर्चा की। प्रो. तरुण गुप्ता के मुताबिक इस समझौते का लाभ संस्थान के छात्रों के अलावा वैज्ञानिकों और स्टार्टअप्स को मिलेगा। कंपनी के विशेषज्ञों के साथ वह नेक्स्ट जनरेशन की एआई बेस्ड टेक्नोलॉजी और सॉल्यूशंस पर काम कर सकेंगे। समझौते के तहत आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, मशीन लर्निंग, कंप्यूटर विजन और मल्टीमॉडल फाउंडेशन के क्षेत्र में शोध को बढ़ावा मिलेगा।
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