कानपुर। रक्षामंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात के बाद भाजपा के निष्कासित व अन्य पार्षदों ने सोमवार को पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चाैधरी से दिल्ली में मुलाकात की। इस दाैरान पार्षदों की ओर से उनके क्षेत्र की विकास कार्यों को लेेकर लगातार की जा रही उपेक्षा और बेवजह किए गए निष्कासन की शिकायत की गई। पार्षदों के अनुसार, राष्ट्रीय महामंत्री और प्रदेश अध्यक्ष दोनों प्रमुख नेताओं की ओर से उन्हें आश्वस्त किया गया है कि जल्द ही इस मामले का निस्तारण करा दिया जाएगा।
26 दिसंबर 2025 को महापाैर की ओर से भाजपा के दो पार्षदों को सदन की बैठक में सहयोग नहीं करने के आरोप में निष्कासित कर दिया गया था जिसमें पवन गुप्ता और अंकित माैर्य का नाम शामिल है। इस मामले के तूल पकड़ने के बाद भाजपा के पार्षद दो गुटों में बंट गए जिसमें पवन गुप्ता की ओर विकास जायसवाल, लक्ष्मी कोरी के अलावा तीन और पार्षद एक साथ आ गए। इन सभी का आरोप है कि उन लोगों के वार्ड में विकास कार्य के लिए बजट नहीं दिया जा रहा है जो कुछ बजट दिया भी जा रहा है, उसे बगल के वार्ड के पार्षद के माध्यम से। इन लोगों ने प्रदेश अध्यक्ष के सामने कहा कि अपनी ही पार्टी में उन्हें उनके क्षेत्र के लोगों के सामने नीचा दिखाने की कोशिश की जा रही है। पार्षद पवन गुप्ता ने बताया कि प्रदेश अध्यक्ष ने उन लोगों को आश्वस्त किया है कि जल्द ही इस मामले में वह क्षेत्रीय और जिलाध्यक्ष से बात करेंगे।