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चांदी की जगह
Updated Fri, 07 Dec 2018 12:51 AM IST
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उन्नाव/पाटन। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने बीघापुर तहसील क्षेत्र में सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान बच्चा पेड़ा के मालिक शैलेंद्र सिंह के यहां अल्युमीनियम वर्क लगी 20 किलो मिठाई नष्ट कराई। पाटन मेले की मिठाई खजला की जांच में चेरी नकली मिली। जिस पर 28 किलो चेरी जब्त कर ली गई। टीम ने राजश्री पान मसाला, भुने चने समेत अन्य खाद्य पदार्थों का सैंपल लेकर जांच के लिए भेजा है।
जिला अभिहित अधिकारी डा. सुधीर कुमार के नेतृत्व में कस्बा पाटन स्थित वासु किराना स्टोर में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने छापेमारी की। दुकान में प्रतिबंधित पॉलिथीन बैग में रखे कुरकुरे, पापड़ व राजश्री पान मसाले का सैंपल लिया। वहीं मुन्नीलाल जनरल स्टोर में पहुंची टीम ने दुकान में रखे रंगीन चने व रोगनी मिर्च का नमूना भरा। छापेमारी की सूचना मिलते ही कस्बे के होटल व कई किराना जनरल स्टोर दुकानदार भाग निकले। डा. सुधीर कुमार ने बताया कि कश्मीरी मिर्च के नाम से बिकने वाले रंगोली पाउडर का छोले, दाल, सब्जी में प्रयोग किया जाता है। इसमें मिलावटी रंग का प्रयोग होता है। इसकी जांच के लिए कई दुकानों में चेकिंग की गई। करीब 40 पैकेट रंग जब्त किए गए। बच्चों के खाए जाने वाले पोला, टॉफी में मानक से ज्यादा रंग का प्रयोग पाया गया। इस पर 50 किलो सामग्री नष्ट भी कराई गई।
भुने चने में मिला रहे हानिकारक रंग
अभिहित अधिकारी ने बताया कि जांच में पता चला कि भुने चने को पीला करने के लिए दुकानदार न खाने वाले रंग का प्रयोग कर रहे हैं। बताया कि पहले चने को एसिड में डुबाया जाता है। फिर उसमें एक रसायन मिलाया जाता है। जिससे चना पीला और ताजा नजर आए। यह सेहत के लिए हानिकारक है। जांच में जयहिंद सिंह पुत्र मुरारीलाल की दुकान का लाइसेंस खत्म होना पाया गया। टीम में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अक्षय गोयल, आभा, नागेंद्र, मान सिंह, अरुण कुमार भी शामिल रहे।
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-खजला में प्रयोग की जाने वाली चेरी भी नकली, 28 किलो जब्त की
-खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने बीघापुर में चलाया सघन चेकिंग अभियान
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जिला अभिहित अधिकारी डा. सुधीर कुमार के नेतृत्व में कस्बा पाटन स्थित वासु किराना स्टोर में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने छापेमारी की। दुकान में प्रतिबंधित पॉलिथीन बैग में रखे कुरकुरे, पापड़ व राजश्री पान मसाले का सैंपल लिया। वहीं मुन्नीलाल जनरल स्टोर में पहुंची टीम ने दुकान में रखे रंगीन चने व रोगनी मिर्च का नमूना भरा। छापेमारी की सूचना मिलते ही कस्बे के होटल व कई किराना जनरल स्टोर दुकानदार भाग निकले। डा. सुधीर कुमार ने बताया कि कश्मीरी मिर्च के नाम से बिकने वाले रंगोली पाउडर का छोले, दाल, सब्जी में प्रयोग किया जाता है। इसमें मिलावटी रंग का प्रयोग होता है। इसकी जांच के लिए कई दुकानों में चेकिंग की गई। करीब 40 पैकेट रंग जब्त किए गए। बच्चों के खाए जाने वाले पोला, टॉफी में मानक से ज्यादा रंग का प्रयोग पाया गया। इस पर 50 किलो सामग्री नष्ट भी कराई गई।
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भुने चने में मिला रहे हानिकारक रंग
अभिहित अधिकारी ने बताया कि जांच में पता चला कि भुने चने को पीला करने के लिए दुकानदार न खाने वाले रंग का प्रयोग कर रहे हैं। बताया कि पहले चने को एसिड में डुबाया जाता है। फिर उसमें एक रसायन मिलाया जाता है। जिससे चना पीला और ताजा नजर आए। यह सेहत के लिए हानिकारक है। जांच में जयहिंद सिंह पुत्र मुरारीलाल की दुकान का लाइसेंस खत्म होना पाया गया। टीम में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी अक्षय गोयल, आभा, नागेंद्र, मान सिंह, अरुण कुमार भी शामिल रहे।
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-खजला में प्रयोग की जाने वाली चेरी भी नकली, 28 किलो जब्त की
-खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने बीघापुर में चलाया सघन चेकिंग अभियान