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Kanpur News: हिमाचल से 26 लाख कोडीनयुक्त सिरप मंगवाए, 15 लाख बिना बिल के बेचे
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कानपुर। कोडीनयुक्त कफ सिरप और नशीली दवाओं की बिक्री के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। शहर से 15 लाख से अधिक कोडीनयुक्त कफ सिरप बिना बिल के बिहार, मध्य प्रदेश, झारखंड, दिल्ली और प्रदेश में वाराणसी, सोनभद्र, सीतापुर, मिर्जापुर, कानपुर देहात में बेचे गए हैं। इनका नशे के लिए इस्तेमाल होने की आशंका है। फर्म ने हिमाचल से 26 लाख सिरप मंगवाए थे जिनमें से केवल 11 लाख की बिक्री के दस्तावेज मिले हैं। मिर्जापुर में भूसे की गाड़ी में सिरप बरामद हुए थे। वहां की पुलिस ने फर्म मालिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी।
खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की ओर से कोडीनयुक्त कफ सिरप और नशे की दवाओं की बिक्री के लिए कलक्टरगंज, अनवरगंज, महाराजपुर, नौबस्ता, चकेरी, कल्याणपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई थीं। इन मामलों की जांच एसआईटी और क्राइम ब्रांच कर रही है। एसआईटी की अब तक हुई जांच में सामने आया है कि अग्रवाल ब्रदर्स ने हिमाचल से 26 लाख कोडीनयुक्त कफ सिरप मंगवाए थे। लगभग 11 लाख सिरप के ही बिल मिले हैं जबकि 15 लाख बिलों की कोई जानकारी नहींं हुई है। क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर कमलापति यादव ने बताया कि बिलों की जानकारी नहीं देने से उनके नशे के लिए इस्तेमाल होने की आशंका है। फर्म मालिक विनोद अग्रवाल जेल में है जबकि बेटा शिवम अग्रवाल की तलाश जारी है।
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खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की ओर से कोडीनयुक्त कफ सिरप और नशे की दवाओं की बिक्री के लिए कलक्टरगंज, अनवरगंज, महाराजपुर, नौबस्ता, चकेरी, कल्याणपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई थीं। इन मामलों की जांच एसआईटी और क्राइम ब्रांच कर रही है। एसआईटी की अब तक हुई जांच में सामने आया है कि अग्रवाल ब्रदर्स ने हिमाचल से 26 लाख कोडीनयुक्त कफ सिरप मंगवाए थे। लगभग 11 लाख सिरप के ही बिल मिले हैं जबकि 15 लाख बिलों की कोई जानकारी नहींं हुई है। क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर कमलापति यादव ने बताया कि बिलों की जानकारी नहीं देने से उनके नशे के लिए इस्तेमाल होने की आशंका है। फर्म मालिक विनोद अग्रवाल जेल में है जबकि बेटा शिवम अग्रवाल की तलाश जारी है।
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