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Kannauj News: धमाके के बाद भागे युवकों में कौन था तीसरा आतिशबाज

Sat, 26 Sep 2026 11:45 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 26 Sep 2026 11:45 PM IST
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Who was the third firecracker handler among the youths who fled after the blast?
छिबरामऊ। बहवलपुर में संचालित अवैध पटाखा फैक्टरी में विस्फोट में हुई श्रमिक की मौत के बाद पुलिस ने फैक्टरी संचालक शिवकुमार भुर्जी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस द्वारा दर्ज कराई गई एफआईआर में पुलिस ने संचालक के दो बेटो को फरार दर्शाया है जबकि आसपास रहने वाले ग्रामीणों ने दावा किया था कि विस्फोट से पहले फैक्ट्री में चार लोग मौजूद थे। इसमें से एक की मौत हो गई जबकि तीन लोग फरार हुए थे। अब यह तीसरा व्यक्ति कौन है। पुलिस के पास इसका कोई जवाब नहीं है।
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22 सितंबर की सुबह 11 बजे बहवलपुर निवासी शिवकुमार भुर्जी के मकान के बगल में उसके टिनशेड में भीषण विस्फोट में गांव के ही शिवकुमार चिक की मौत हो गई थी। विस्फोट के बाद पुलिस ने शिवकुमार भुर्जी को गिरफ्तार किया था। साथ ही पुलिस ने दावा किया था कि मौके से संचालक के पुत्र संतोष व महेश विस्फोट के बाद फरार हो गए।
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विस्फोट के बाद जुटी आसपास के ग्रामीणों की भीड़ फैक्ट्री से तीन लोगों के मौके से भागने की बात कह रही थी। पुलिस ने अपनी फौरी जांच के आधार पर एफआईआर दर्ज कर ली लेकिन फैक्ट्री से भागे तीसरे व्यक्ति की ओर कोई ध्यान नहीं दिया गया। ग्रामीणों का दावा है कि भागा हुआ तीसरा व्यक्ति शिवकुमार भुर्जी के अवैध कारोबार में सालों से भागीदार रहा है। ग्रामीणों का दावा यह है कि विस्फोट के बाद से तीसरा व्यक्ति घर में ताला लगाकर गांव से फरार है।
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चार दिन बाद भी हत्थे नहीं चढ़े आतिशबाज के दो बेटे
आतिशबाजी में विस्फोट के बाद शिवकुमार भुर्जी के दो पुत्र संतोष और महेश भाग गए थे। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कोतवाली के सबसे सबसे तेज तर्रार दरोगा मनुज चौधरी व एसआई सूरज पाल सिंह के नेतृत्व में टीमों को लगाया गया है। चार दिन बीत चुके हैं कोतवाली पुलिस हाथ अभी तक आरोपियों तक नहीं पहुंच गए है। बहवलपुर के लोगों की माने तो शिवकुमार भुर्जी के बेटे संतोष भुर्जी राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है। इसके चलते पुलिस आरोपियों पर हाथ डालने से बच रही है।

वर्जन
बहवलपुर विस्फोट कांड के सभी साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है। विवेचना में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर चार्जशीट लगाई जाएगी। फरार आरोपियों की तलाश में दो टीमें लगीं हैं।
-मयंक मिश्रा, सीओ छिबरामऊ
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