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वर्चस्व की जंग में युवक को गोली मारी

Sun, 22 Feb 2015 11:17 PM IST
अमर उजाला कन्नाैैज
अमर उजाला कन्नाैैज Updated Sun, 22 Feb 2015 11:17 PM IST
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The young man shot in the war of supremacy
शहर के मोहल्ला देविनटोला और शेखाना के दो अलग-अलग वर्गों के लोगों के बीच वर्चस्व को लेकर झगड़े का दौर जारी है। रविवार को मामूली कहासुनी के बाद एक पक्ष ने दूसरे के घर पर धावा बोलकर फायरिंग की। हमले में गोली लगने से एक युवक घायल हो गया। लोग दौड़े तो हमलावर भाग गए।
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सदर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला देविनटोला निवासी प्रदीप यादव पुत्र रमेश यादव और शेखाना निवासी सभासद के पुत्र के बीच किसी बात को लेकर बगिया के पास कहासुनी हो गई। इस पर दोनों तरफ से गालीगलौज करते हुए एक-दूसरे को देख लेने की धमकी दी दी। शाम करीब सात बजे देविनटोला स्थित अपने घर पर प्रदीप भैंस दुह रहा था। दूध लेने के लिए उसके घर पर दर्जनों ग्राहक बैठे थे।
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इसी दौरान शेखाना निवासी दर्जनों लोग ट्रै्क्टर व बाइकों पर सवार होकर पहुंचे। प्रदीप के घर पर गालीगलौज करते हुए उसे ललकारने लगे। प्रदीप ने विरोध किया तो उसे गोली मार दी। हाथ में गोली लगने से वह लहूलुहान होकर गिर पड़ा। इसके बाद हमलावरों ने हवा में गोलियां दागीं। इससे वहां जमा लोगों में भगदड़ मच गई। इसी बीच झगड़े की सूचना पर प्रदीप के समर्थक भी हथियारों से लैस होकर दौड़े।
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इस पर हमलावर फायरिंग करते हुए भाग गए। मामला दो वर्गों से जुड़ा होने के कारण सीओ सदर करन सिंह, कोतवाल, सरायमीरा चौकी इंचार्ज समेत भारी फोर्स के साथ मौके पहुंचे। उन्होंने घायल को जिला अस्पताल पहुंचाया। घटना के बाद प्रदीप यादव के घर के बाहर सुरक्षा के मद्देनजर भारी फोर्स तैनात कर दिया गया है। सीओ का कहना है कि उपद्रवियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। शांति व्यवस्था में खलल डालने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।

पहले भी हो चुकी है मारपीट
देविनटोला और शेखाना के लोगों के बीच पहले भी कई बार मारपीट हो चुकी है। कभी लात-घूंसे लाठी डंडे तो कभी गोलियां चलीं। बीते दो साल के दौरान दोनों पक्ष कई बार आमने-सामने हुए पर पुलिस ने कोई ठोस एक्शन नहीं लिया।


घटना के बाद एक-दो दिन तो पुलिस तेजी दिखाती है लेकिन बाद में राजनेता दखल देकर पुलिस को बौना साबित कर देते हैं। कद्दावर नेताओं ने कई बार पंचायत भी कराई लेकिन झगड़ा रोक पाने में वे नाकाम साबित हो रहे हैं। इससे कभी भी कोई गंभीर घटना घटने के आसार पैदा हो गए हैं।
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