{"_id":"58cc2eeb4f1c1b443732b18d","slug":"mci-team-found-errors-in-medical-college","type":"story","status":"publish","title_hn":"एमसीआई टीम को मेडिकल कालेज में मिलीं खामियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एमसीआई टीम को मेडिकल कालेज में मिलीं खामियां
अमर उजाला कन्नौज
Updated Sat, 18 Mar 2017 12:16 AM IST
विज्ञापन
प्राचार्य कक्ष में डीजीएमई डाक्टर वीएन त्रिपाठी के साथ एमसीआई टीम।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजकीय मेडिकल कालेज में एमसीआई की तीन सदस्यीय टीम ने शुक्रवार को दूसरे दिन घूम-घूमकर मेडिकल कालेज के सभी विभागों का निरीक्षण किया। देर शाम तक चले निरीक्षण व अभिलेखों के परीक्षण के दौरान मेडिकल कालेज प्रशासन को पसीना आ गया। एमसीआई टीम द्वारा खामियों की ओर इंगित कर उठाए गए सवालों से मेडिकल कालेज के जिम्मेदार अधिकारी कन्नी काट गए।
विज्ञापन
जयपुर मेडिकल कालेज के डाक्टर महेश्वरी के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम गुरुवार की सुबह मेडिकल कालेज पहुंची थी। गुरुवार की शाम छह बजे तक एमसीआई टीम का निरीक्षण चलता रहा। शुक्रवार की सुबह टीम के सदस्यों ने राजकीय मेडिकल कालेज कन्नौज से संबद्ध विनोद दीक्षित चिकित्सालय कन्नौज व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तिर्वा का भी निरीक्षण किया। दोनों अस्पतालों में एमबीबीएस की फाइनल ईयर की क्लास उत्तीर्ण करने के बाद इंटरशिप करने वाले डॉक्टरों की टीम ओपीडी में मरीजों को देखेगी।
विज्ञापन
सुबह दस बजे के करीब एक टीम ने बीडीएच कन्नौज का तो दूसरी टीम ने सीएचसी तिर्वा का निरीक्षण किया। तीसरी टीम ने ओपीडी में पहुंचकर आने वाले मरीजों का पंजीकरण देखा। जनरल वार्ड में भर्ती मरीजों की जानकारी हासिल की। ओपीडी व जनरल वार्ड में मरीजों की तादात काफी कम मिलने पर सीएमएस से सवाल दागे। इस पर सीएमएस व प्राचार्य कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाए। इसी तरह से शैक्षणिक भवन में चिकित्सा शिक्षको के लेट आने को लेकर भी एमसीआई टीम को कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
विज्ञापन
विदित हो कि गुरुवार को जब एमसीआई टीम यहां पहुंची तो चंद डाक्टर ही मौजूद मिले। दोपहर 11 बजे के बाद डाक्टरों की फौज को देखकर एमसीआई ने प्राचार्य से पूछा कि यहां डाक्टरों के आने का समय क्या 11 बजे है। इस तरह से ब्लड बैंक, आईसीयू, माडल ओटी में भी कुछ खामियां एमसीआई को मिली हैं। इस मामले में मेडिकल कालेज में मौजूद प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा महानिदेशक डॉ. वीएन त्रिपाठी से जब मीडिया ने सवाल पूछा तो उनका कहना था कि निरीक्षण में कुछ कमियां मिली हैं, पर यह मामूली हैं। एमसीआई इन खामियों की ओर इंगित करती है तो इन्हें दूर कराया जाएगा।