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लॉकडाउन में नौकरी छूटी, खेती में ढूंढ लिया रोजगार
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एमबीए कर खाती करने वाले विनीत द्विवेदी।
- फोटो : CHIBRAMAU
संवाद न्यूज एजेंसी
छिबरामऊ। लॉकडाउन में रियल इस्टेट कंपनी में छह लाख सालाना पैकेज की नौकरी छूट गई तो एमबीए युवक ने नौकरी में रोजगार ढूंढ लिया। जायद में उन्नत तकनीक से मक्का, मूंगफली, उड़द और मूंग की फसल की बुआई की, फसल अच्छी लहलहा रही है।
छिबरामऊ ब्लॉक के नौगाई गांव निवासी 39 वर्षीय विनीत द्विवेदी ने साल 2007 में पंजाब के रिम्प्ट (रीजनल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी) से एमबीए किया था। 2010 में नोएडा की एक आईटी कंपनी ने छह लाख पैकेज में कैंपस में ही सेलेक्शन कर लिया। कुछ महीने बाद ही आईटी कंपनी की नौकरी छोड़ विनीत ने रियल इस्टेट कंपनी ज्वाइन कर ली। लॉकडाउन में उनकी नौकरी चली गई। इस पर विनीत गांव लौट आए और खेतीबाड़ी शुरू कर दी। विनीत के पास 30 बीघा खेती है। इसमें उन्होंने जायद में उन्नत तकनीक से मक्का, मूंगफली, उड़द व मूंग की फसल की बुआई की है। विनीत ने बताया कि फसल अच्छी है।
सब्जी, फूल में अधिक मुनाफा
विनीत ने बताया कि खेती में अच्छे मुनाफा के लिए किसानों को पारंपरिक फसलों से हटकर सोचना होगा। उन्होंने बताया कि गोभी, मिर्च पौध तैयार कर रह हैं और मूली, गाजर, धनिया की बुआई भी कर दी है। फूलों की खेती भी करेंगे।
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मृदा परीक्षण के बाद ही फसल बोएं किसान
विनीत बताते हैं कि फसल बोने से पहले किसान खेत की मिट्टी का परीक्षण अवश्य कराएं। इससे खेत में जिन सूक्ष्म पोषक तत्वों की कमी होगी, उनकी भरपाई हो जाएगी और उपज अधिक होगी।
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छिबरामऊ। लॉकडाउन में रियल इस्टेट कंपनी में छह लाख सालाना पैकेज की नौकरी छूट गई तो एमबीए युवक ने नौकरी में रोजगार ढूंढ लिया। जायद में उन्नत तकनीक से मक्का, मूंगफली, उड़द और मूंग की फसल की बुआई की, फसल अच्छी लहलहा रही है।
छिबरामऊ ब्लॉक के नौगाई गांव निवासी 39 वर्षीय विनीत द्विवेदी ने साल 2007 में पंजाब के रिम्प्ट (रीजनल इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी) से एमबीए किया था। 2010 में नोएडा की एक आईटी कंपनी ने छह लाख पैकेज में कैंपस में ही सेलेक्शन कर लिया। कुछ महीने बाद ही आईटी कंपनी की नौकरी छोड़ विनीत ने रियल इस्टेट कंपनी ज्वाइन कर ली। लॉकडाउन में उनकी नौकरी चली गई। इस पर विनीत गांव लौट आए और खेतीबाड़ी शुरू कर दी। विनीत के पास 30 बीघा खेती है। इसमें उन्होंने जायद में उन्नत तकनीक से मक्का, मूंगफली, उड़द व मूंग की फसल की बुआई की है। विनीत ने बताया कि फसल अच्छी है।
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विनीत ने बताया कि खेती में अच्छे मुनाफा के लिए किसानों को पारंपरिक फसलों से हटकर सोचना होगा। उन्होंने बताया कि गोभी, मिर्च पौध तैयार कर रह हैं और मूली, गाजर, धनिया की बुआई भी कर दी है। फूलों की खेती भी करेंगे।
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मृदा परीक्षण के बाद ही फसल बोएं किसान
विनीत बताते हैं कि फसल बोने से पहले किसान खेत की मिट्टी का परीक्षण अवश्य कराएं। इससे खेत में जिन सूक्ष्म पोषक तत्वों की कमी होगी, उनकी भरपाई हो जाएगी और उपज अधिक होगी।