फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kannauj News ›   eksapresave par phir dhansee sadak, macha hadakamp

एक्सप्रेसवे पर फिर धंसी सड़क, मचा हड़कंप

Sat, 19 Oct 2019 11:57 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 19 Oct 2019 11:57 PM IST
विज्ञापन
eksapresave par phir dhansee sadak, macha hadakamp
एक्सप्रेसवे पर कुटाई करता प्रेशर रोलर व डामरीकरण करते मजदूर। - फोटो : KANNAUJ
कन्नौज। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे के 176 किलोमीटर पर सड़क का एक हिस्सा धंस गया। शुक्रवार रात राहगीरों से सूचना मिलने के बाद यूपीडा और एफकॉन अधिकारी सक्रिय हुए। आगरा से लखनऊ जाने वाले वाहनों को एक्सप्रेसवे की चार में से तीन लेन पर जाने से रोक दिया गया। एक लेन से वाहन गुजारे गए। रात भर चली मरम्मत के बाद सुबह करीब सात बजे काम पूरा हो पाया। सुबह नौ बजे के करीब यातायात सामान्य हो सका।
विज्ञापन

शुक्रवार रात वाहन चालकों ने एक्सप्रेसवे के 176 किलोमीटर पर सड़क धंसी देखी। वाहन चालकों ने इसकी जानकारी यूपीडा के गश्ती दल को दी। कुछ वाहन चालकों ने पेट्रोल पंप पर भी जानकारी दी। इस पर यूपीडा और एफकॉन के कर्मचारी मौके पर पहुंच गए। आगरा से लखनऊ की लेन पर करीब 20-25 फीट चौड़ी और 15 फीट लंबाई में सड़क धंसी मिली। ऐसे में यहां से वाहन गुजरते रहते तो यह हिस्सा और बड़ा हो सकता था। अधिकारियों ने कर्मचारी लगाकर बैरिकेडिंग करवाई। आगरा से लखनऊ जाने वाली तीन लेन बंद करा दी गईं। एक लेन से वाहनों को गुजारा गया। इसके बाद मरम्मत का काम शुरू हुआ। 19 ट्राली मिट्टी डालकर गड्ढे को बंद किया गया।
विज्ञापन

रातभर चले काम के बाद सुबह सात बजे डामरीकरण का काम पूरा हुआ। इसके करीब दो घंटे बाद यानी नौ बजे यातायात को सामान्य किया गया। एफकॉन कंपनी के कर्मचारी ने बताया कि धंसी सड़क पर डामरीकरण कराया गया है। कोई और लेन नहीं धंसी है। सुरक्षा अधिकारी एके दुबे ने बताया कि सड़क कुछ खराब हो गई थी। एफकॉन कंपनी ने डामरीकरण कराकर सही करा दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

17 सितंबर को भी धंस चुका है एक्सप्रेसवे
इससे पहले एक्सप्रेसवे 17 सितंबर को भी धंस गया था। लगातार हुई बारिश के बाद सड़क का एक हिस्सा धंसने की जानकारी होते ही यूपीडा ने रात में काम शुरू कराया था। शुक्र था कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। करीब एक महीने बाद 18 अक्तूबर की रात फिर सड़क धंस गई। गनीमत रही कि इस बार भी कोई हादसा नहीं हुआ।

जलनिकासी की व्यवस्था दुरुस्त न होना है वजह
जानकार बताते हैं कि एक्सप्रेसवे पर जलनिकासी के लिए होल हैं। पाइप भी लगाए गए हैं। जगह-जगह होल बंद हैं। बारिश के पानी की निकासी न होने से यह किनारों पर रुक जाता है। यह रिसकर कर नीचे पहुंचने लगता है। सड़क धंसने की यह बड़ी वजह है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed