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मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं को छिपाएं नहीं, समय पर कराएं उपचार : प्राचार्य
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तिर्वा। राजकीय मेडिकल कॉलेज में शनिवार को विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर एक कार्यक्रम आयोजित हुआ। इसमें प्राचार्य डॉ. पुष्पेंद्र सिंह ने मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं को कमजोरी न समझने की अपील की। उन्होंने कहा कि सामाजिक कलंक के डर से इन्हें छिपाना नहीं चाहिए, बल्कि समय पर विशेषज्ञ से परामर्श और उपचार कराना जरूरी है।
मनोरोग विभागाध्यक्ष डॉ. विपुल सिंह के मार्गदर्शन में हुई पोस्टर प्रतियोगिता में राज अमरनाथ ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। अरुण सोनकर द्वितीय और ध्रुव चौरसिया तृतीय रहे। पैरामेडिकल विद्यार्थियों ने जागरूकता नाटिका प्रस्तुत कर सामाजिक कलंक दूर करने का संदेश दिया।
प्राचार्य ने लगातार उदासी, चिड़चिड़ापन, अत्यधिक चिंता और नींद-भूख में बदलाव जैसे लक्षणों को नजरअंदाज न करने को कहा। कामकाज में रुचि कम होना और व्यवहार में असामान्य परिवर्तन भी गंभीर संकेत हैं। नशे की बढ़ती प्रवृत्ति तथा खुद को नुकसान पहुंचाने के विचार भी विशेषज्ञ की मदद मांगते हैं। ओपीडी परिसर में पोस्टर प्रतियोगिता और जागरूकता नाटिका प्रस्तुत की गई। इस वर्ष की थीम जीवंत अनुभवों को सुनें-वास्तविक आवाजें, वास्तविक बदलाव रही। सीएमएस डॉ. दिलीप सिंह सहित अन्य संकाय सदस्य भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
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मनोरोग विभागाध्यक्ष डॉ. विपुल सिंह के मार्गदर्शन में हुई पोस्टर प्रतियोगिता में राज अमरनाथ ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। अरुण सोनकर द्वितीय और ध्रुव चौरसिया तृतीय रहे। पैरामेडिकल विद्यार्थियों ने जागरूकता नाटिका प्रस्तुत कर सामाजिक कलंक दूर करने का संदेश दिया।
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प्राचार्य ने लगातार उदासी, चिड़चिड़ापन, अत्यधिक चिंता और नींद-भूख में बदलाव जैसे लक्षणों को नजरअंदाज न करने को कहा। कामकाज में रुचि कम होना और व्यवहार में असामान्य परिवर्तन भी गंभीर संकेत हैं। नशे की बढ़ती प्रवृत्ति तथा खुद को नुकसान पहुंचाने के विचार भी विशेषज्ञ की मदद मांगते हैं। ओपीडी परिसर में पोस्टर प्रतियोगिता और जागरूकता नाटिका प्रस्तुत की गई। इस वर्ष की थीम जीवंत अनुभवों को सुनें-वास्तविक आवाजें, वास्तविक बदलाव रही। सीएमएस डॉ. दिलीप सिंह सहित अन्य संकाय सदस्य भी कार्यक्रम में मौजूद रहे।
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