{"_id":"6a9479b96bf324afb10c6784","slug":"dengue-strikes-four-cases-detected-kannauj-news-c-214-1-knj1023-155224-2026-08-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kannauj News: डेंगू ने दी दस्तक, चार मरीज मिले","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kannauj News: डेंगू ने दी दस्तक, चार मरीज मिले
विज्ञापन
कन्नौज। मौसम बदलने के साथ संक्रामक बीमारियों का खतरा भी बढ़ गया है। ऐसे में डेंगू ने भी जिले में दस्तक दे दी है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट में चार लोगों में डेंगू संक्रमण की पुष्टि हुई है। इनमें तिर्वा क्षेत्र का एक, उमर्दा क्षेत्र के दो और सदर क्षेत्र का एक मरीज शामिल है। डेंगू के मामले सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीमों को सक्रिय कर दिया गया है। प्रभावित इलाकों में निगरानी बढ़ाने के साथ लोगों को बचाव के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
बारिश के बाद जगह-जगह जलभराव और गंदगी मच्छरों के प्रजनन का कारण बन रही है। इसका असर अब स्वास्थ्य पर भी दिखाई देने लगा है। डेंगू के साथ-साथ मलेरिया के भी 19 मामले सामने आ चुके हैं। अगस्त में अब तक पांच मरीजों में मलेरिया की पुष्टि हो चुकी है। अस्पतालों की ओपीडी में बुखार, बदन दर्द, सिरदर्द और वायरल संक्रमण के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में सर्वे शुरू करा दिया है। आशा और स्वास्थ्य कर्मियों की टीमें घर-घर जाकर लोगों को साफ-सफाई रखने, पानी जमा न होने देने और मच्छरों से बचाव के उपाय बता रही हैं। जिला मलेरिया अधिकारी यूपी सिंह ने बताया कि डेंगू के चार मरीज मिले हैं। सभी की निगरानी की जा रही है। एक मरीज जिला अस्पताल में भर्ती है। अगस्त में पांच मलेरिया मरीज भी मिले हैं। लोगों को सलाह दी जा रही है कि तेज बुखार या डेंगू जैसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच कराएं और चिकित्सक की सलाह लें। विभाग की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं।
विज्ञापन
पहले से ही डरा रहा टाइफाइड
डेंगू के बीच टाइफाइड भी स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा रहा है। जिला अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में टाइफाइड के मरीज लगातार पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि दूषित पानी और खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों के सेवन से संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। लोगों को उबला या शुद्ध पानी पीने और साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी जा रही है।
स्वाइन फ्लू को लेकर भी अलर्ट
मौसमी बीमारियों के बढ़ते खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने स्वाइन फ्लू से निपटने की तैयारी भी पूरी कर ली हैं। जिला अस्पताल में छह बेड और मेडिकल कॉलेज में 10 बेड का अलग वार्ड आरक्षित किया गया है। डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने बताया कि प्रदेश में स्वाइल फ्लू के बढ़ते मामलों को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है और डॉक्टरों की छुट्टियां निरस्त कर दी गई हैं।
विज्ञापन
बारिश के बाद जगह-जगह जलभराव और गंदगी मच्छरों के प्रजनन का कारण बन रही है। इसका असर अब स्वास्थ्य पर भी दिखाई देने लगा है। डेंगू के साथ-साथ मलेरिया के भी 19 मामले सामने आ चुके हैं। अगस्त में अब तक पांच मरीजों में मलेरिया की पुष्टि हो चुकी है। अस्पतालों की ओपीडी में बुखार, बदन दर्द, सिरदर्द और वायरल संक्रमण के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू प्रभावित क्षेत्रों में सर्वे शुरू करा दिया है। आशा और स्वास्थ्य कर्मियों की टीमें घर-घर जाकर लोगों को साफ-सफाई रखने, पानी जमा न होने देने और मच्छरों से बचाव के उपाय बता रही हैं। जिला मलेरिया अधिकारी यूपी सिंह ने बताया कि डेंगू के चार मरीज मिले हैं। सभी की निगरानी की जा रही है। एक मरीज जिला अस्पताल में भर्ती है। अगस्त में पांच मलेरिया मरीज भी मिले हैं। लोगों को सलाह दी जा रही है कि तेज बुखार या डेंगू जैसे लक्षण दिखाई देने पर तुरंत जांच कराएं और चिकित्सक की सलाह लें। विभाग की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं।
विज्ञापन
पहले से ही डरा रहा टाइफाइड
डेंगू के बीच टाइफाइड भी स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा रहा है। जिला अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में टाइफाइड के मरीज लगातार पहुंच रहे हैं। डॉक्टरों का कहना है कि दूषित पानी और खुले में बिकने वाले खाद्य पदार्थों के सेवन से संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। लोगों को उबला या शुद्ध पानी पीने और साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी जा रही है।
स्वाइन फ्लू को लेकर भी अलर्ट
मौसमी बीमारियों के बढ़ते खतरे को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने स्वाइन फ्लू से निपटने की तैयारी भी पूरी कर ली हैं। जिला अस्पताल में छह बेड और मेडिकल कॉलेज में 10 बेड का अलग वार्ड आरक्षित किया गया है। डॉक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों को भी सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। सीएमओ डॉ. विकास चंद्रा ने बताया कि प्रदेश में स्वाइल फ्लू के बढ़ते मामलों को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है और डॉक्टरों की छुट्टियां निरस्त कर दी गई हैं।