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पुलिस भर्ती को लेकर बनाई रणनीति
ब्यूरो/ अमर उजाला, कन्नौज
Updated Thu, 26 Mar 2015 12:05 AM IST
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पुलिस लाइन में 27 मार्च को होने वाली पुलिस भर्ती को
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लेकर अधिकारियों ने रणनीति बनाई। निर्देश दिए कि पारदर्शिता में किसी भी
तरह की लापरवाही न बरती जाए।
प्रमाणपत्र संबंधी छोटी कमियों को मौके पर ही निस्तारित किया जाए। भर्ती में इलेक्ट्रानिक मशीन से लंबाई नापी जाएगी। सीसी टीवी कैमरों की निगरानी में पूरी भर्ती होगी। कैमरे सीधे आनलाइन शासन स्तर पर जुड़े होंगे।
डीएम अनुज कुमार झा व एसपी कलानिधि नैथानी ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में अभ्यर्थियों की लंबाई, सीना की माप, वजन और चिकित्सीय परीक्षण का कार्य किया जाएगा।
अधिकारी अभ्यर्थियों के प्रमाणपत्र संबंधी पत्रावलियों की जांच में लापरवाही न बरतें। मार्कशीट या अन्य प्रमाणपत्र में यदि अभ्यर्थी की मामूली कमी हो तो मौके पर ही दूर कराएं। गंभीर कमी होने पर आवेदक को भर्ती प्रक्रिया से हटा दिया जाए।
अफसरों ने कहा कि आरक्षण का लाभ केवल यूपी के ही आवेदकों को दिया जाए। उनके सभी निवास संबंधी प्रमाणपत्र की जांच कर ली जाए। जाति प्रमाणपत्र न प्रस्तुत करने पर सामान्य जाति की श्रेणी में मान लिया जाए।
भूतपूर्व सैनिकों की ड्यूटी अवधि की उम्र को घटाकर मानक के अनुसार उम्र रखी जाए। तीन वर्ष तक होमगार्ड की नौकरी करने वाले युवकों की उम्र तीन वर्ष घटाकर मानी जाए। इसके आधार पर ही उन्हें भर्ती प्रक्रिया में शामिल किया जाए।
प्रत्येक अभ्यर्थी की फोटो का मिलान अवश्य कर लिया जाए। किसी तरह की आशंका हो तो चयन समिति द्वारा निर्णय लेकर ही चयन किया जाए। बैठक में नेत्र रोग विशेषज्ञ डा. एपी सिंह ने सवाल किया कि यदि एक आंख में कम और एक आंख में पूरी रोशनी हो तो इस दशा में क्या निर्णय दिया जाए। महिला ईएनटी सर्जन ने भी सवाल रखा कि यदि एक कान से बेहतर और दूसरे से कम सुनाई पड़ता है तो इस दशा में क्या किया जाए?
इस पर एसपी ने कहा कि उच्चाधिकारियों से बात करने के बाद ऐसे मामलों में निर्णय लिया जाएगा। इस मौके पर सीएमओ डॉ. पीएन वाजपेयी, सीओ सदर करन सिंह, सीओ तिर्वा शिवप्रसाद द्विवेदी, डिप्टी कलेक्टर संदीप कुमार, एसडीएम तिर्वा महेश चंद्र शर्मा, डीआईओएस चंद्रजीत यादव, बीएसए रामकरन यादव, भूमि संरक्षण अधिकारी अशोक कुमार, तहसीलदार राजेश कुमार, डा. आरके साहू, डा. गीतम सिंह, डा. यूसी चतुर्वेदी मौजूद रहे।
प्रमाणपत्र संबंधी छोटी कमियों को मौके पर ही निस्तारित किया जाए। भर्ती में इलेक्ट्रानिक मशीन से लंबाई नापी जाएगी। सीसी टीवी कैमरों की निगरानी में पूरी भर्ती होगी। कैमरे सीधे आनलाइन शासन स्तर पर जुड़े होंगे।
डीएम अनुज कुमार झा व एसपी कलानिधि नैथानी ने कहा कि भर्ती प्रक्रिया में अभ्यर्थियों की लंबाई, सीना की माप, वजन और चिकित्सीय परीक्षण का कार्य किया जाएगा।
अधिकारी अभ्यर्थियों के प्रमाणपत्र संबंधी पत्रावलियों की जांच में लापरवाही न बरतें। मार्कशीट या अन्य प्रमाणपत्र में यदि अभ्यर्थी की मामूली कमी हो तो मौके पर ही दूर कराएं। गंभीर कमी होने पर आवेदक को भर्ती प्रक्रिया से हटा दिया जाए।
अफसरों ने कहा कि आरक्षण का लाभ केवल यूपी के ही आवेदकों को दिया जाए। उनके सभी निवास संबंधी प्रमाणपत्र की जांच कर ली जाए। जाति प्रमाणपत्र न प्रस्तुत करने पर सामान्य जाति की श्रेणी में मान लिया जाए।
भूतपूर्व सैनिकों की ड्यूटी अवधि की उम्र को घटाकर मानक के अनुसार उम्र रखी जाए। तीन वर्ष तक होमगार्ड की नौकरी करने वाले युवकों की उम्र तीन वर्ष घटाकर मानी जाए। इसके आधार पर ही उन्हें भर्ती प्रक्रिया में शामिल किया जाए।
प्रत्येक अभ्यर्थी की फोटो का मिलान अवश्य कर लिया जाए। किसी तरह की आशंका हो तो चयन समिति द्वारा निर्णय लेकर ही चयन किया जाए। बैठक में नेत्र रोग विशेषज्ञ डा. एपी सिंह ने सवाल किया कि यदि एक आंख में कम और एक आंख में पूरी रोशनी हो तो इस दशा में क्या निर्णय दिया जाए। महिला ईएनटी सर्जन ने भी सवाल रखा कि यदि एक कान से बेहतर और दूसरे से कम सुनाई पड़ता है तो इस दशा में क्या किया जाए?
इस पर एसपी ने कहा कि उच्चाधिकारियों से बात करने के बाद ऐसे मामलों में निर्णय लिया जाएगा। इस मौके पर सीएमओ डॉ. पीएन वाजपेयी, सीओ सदर करन सिंह, सीओ तिर्वा शिवप्रसाद द्विवेदी, डिप्टी कलेक्टर संदीप कुमार, एसडीएम तिर्वा महेश चंद्र शर्मा, डीआईओएस चंद्रजीत यादव, बीएसए रामकरन यादव, भूमि संरक्षण अधिकारी अशोक कुमार, तहसीलदार राजेश कुमार, डा. आरके साहू, डा. गीतम सिंह, डा. यूसी चतुर्वेदी मौजूद रहे।