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आलू की फसल में नुकसान की भरपाई मटर की खेती से करें, 60 से 65 दिन में तोड़ने लायक हो जाती हैं फलियां
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खेत में खड़ी मटर की फसल। संवाद
- फोटो : KANNAUJ
तालग्राम(कन्नौज)। मटर की खेती में कम लागत में अधिक मुनाफा कमाया जा सकता है। वहीं आलू की फसल में नुकसान की भरपाई भी की जा सकती है। इससे किसान अब इस ओर मन बनाने लगे हैं। कुछ गांवों में किसानों ने बुवाई शुरू कर दी है। 60 से 65 दिन में फलियां तोड़ने लायक हो जाएंगी।
इलाके के ददोरा, अमोलर और ताहपुर के किसान रघुवीर कुशवाह, राजीव कुमार, वीरेंद्र कुमार, ईश्वर दयाल और कुलदीप ने बताया कि मटर की खेती में कभी घाटा नहीं होता है। उत्पादन ज्यादा और बाजार में मांग कम होने पर सुखाकर घरों में रखा जा सकता है। दलहन की मांग बढ़ने पर अच्छी कीमत मिल जाती है।
कृषि विशेषज्ञों के अनुसार एक बीघे में बुवाई के लिए 10 किलो मटर बीज की जरूरत पड़ती है। फसल की लागत तकरीबन 22 सौ रुपये आती है। तीन से चार क्विंटल फलियाें का उत्पादन हो जाता है। यह उत्पादन उन्नतशील बीजों पर आधारित होता है। 10 से 12 दिन के अंतराल में तीन से चार बार फलियां तोड़ी जा सकती हैं। यह बाजार में 20 से 40 रुपये किलो के भाव में बिक जाती हैं। इस फसल से प्रति बीघा दस हजार तक शुद्ध मुनाफा कमाया जा सकता है।
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कई सालाें से बेहतर परिणाम मिल रहे: विनय
राजकीय बीज भंडार प्रभारी विनय कुमार शर्मा का कहना है कि कई सालाें से हरी मटर के बेहतर परिणाम मिल रहे हैं। किसान मटर की बुवाई कर बारिश से आलू में नुकसान की भरपाई कर सकते हैं। बुवाई, निराई और कीट रोग प्रबंधन कृषि वैज्ञानिकों की सलाह के अनुसार करें। इससे बेहतर पैदावार मिलेगी।
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इलाके के ददोरा, अमोलर और ताहपुर के किसान रघुवीर कुशवाह, राजीव कुमार, वीरेंद्र कुमार, ईश्वर दयाल और कुलदीप ने बताया कि मटर की खेती में कभी घाटा नहीं होता है। उत्पादन ज्यादा और बाजार में मांग कम होने पर सुखाकर घरों में रखा जा सकता है। दलहन की मांग बढ़ने पर अच्छी कीमत मिल जाती है।
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कृषि विशेषज्ञों के अनुसार एक बीघे में बुवाई के लिए 10 किलो मटर बीज की जरूरत पड़ती है। फसल की लागत तकरीबन 22 सौ रुपये आती है। तीन से चार क्विंटल फलियाें का उत्पादन हो जाता है। यह उत्पादन उन्नतशील बीजों पर आधारित होता है। 10 से 12 दिन के अंतराल में तीन से चार बार फलियां तोड़ी जा सकती हैं। यह बाजार में 20 से 40 रुपये किलो के भाव में बिक जाती हैं। इस फसल से प्रति बीघा दस हजार तक शुद्ध मुनाफा कमाया जा सकता है।
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कई सालाें से बेहतर परिणाम मिल रहे: विनय
राजकीय बीज भंडार प्रभारी विनय कुमार शर्मा का कहना है कि कई सालाें से हरी मटर के बेहतर परिणाम मिल रहे हैं। किसान मटर की बुवाई कर बारिश से आलू में नुकसान की भरपाई कर सकते हैं। बुवाई, निराई और कीट रोग प्रबंधन कृषि वैज्ञानिकों की सलाह के अनुसार करें। इससे बेहतर पैदावार मिलेगी।