फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   Underground parking was neither shops nor

न तो अंडरग्राउंड पार्किंग बनी और न ही दुकानें

Fri, 02 Sep 2016 01:18 AM IST
Jhansi
Jhansi Updated Fri, 02 Sep 2016 01:18 AM IST
विज्ञापन
Underground parking was neither shops nor
न तो अंडरग्राउंड पार्किंग बनी और न ही दुकानें - फोटो : demo
झांसी। पिछले चार साल के दौरान नगर निगम सदन की बैठक ों में शहर सुधार और विकास के जो फैसले लिए गए, उसमें कई पर अमल ही नहीं हुआ। इसमें अंडरग्राउंड पार्किंग, खाली जमीन पर दुकानें बनाने और छुट्टा जानवरों को पकड़ने जैसे महत्वपूर्ण निर्णय शामिल हैं। नियमानुसार सदन और कार्यकारिणी की बैठकें भी नहीं हो रही हैं। इस कारण न तो पार्षद अपने इलाके की समस्या उठा पा रहे हैं और न ही शहर की सच्ची तस्वीर अधिकारियों तक पहुंच पा रही है।
विज्ञापन

नगर निगम बोर्ड को गठित हुए चार साल हो गए। नियमानुसार सदन और कार्यकारिणी की 24- 24 बैठकें होनी थीं, लेकिन हुईं 17 ही। 2012 में  सीपरी बाजार स्थित नगर निगम की सब्जी मंडी को अत्याधुनिक बनाने का फैसला हुआ था। यह भी तय हुआ था कि यहीं अंडरग्राउंड पार्किंग और नई दुकानें भी बनाई जाएंगी, लेकिन कुछ भी नहीं हुआ। भट्टा गांव में पार्क बनाने काम भी नहीं शुरू हुआ। हर वार्ड क्षेत्र में तीन-तीन हैंडपंप लगाने की प्रस्ताव सर्वसम्मति से पास हुआ था। गर्मी बीत जाने के बाद भी इस पर अमल नहीं हुआ।  
विज्ञापन


कोई गंभीर नहीं
सदन की बैठकों के लिए न तो नगर आयुक्त गंभीर हैं और न ही महापौर। इस कारण पार्षद अपने क्षेत्र की समस्या नहीं उठा पाते और विकास कार्य भी प्रभावित हैं।
- सीमा खत्री
पार्षद

सदन की गरिमा का सवाल है
कार्यकारिणी और सदन की बैठकों में पास प्रस्तावों पर भी अमल नहीं होना चिंता का विषय है। यदि ऐसा ही होता रहा तो सदन की गरिमा कैसे सुरक्षित रहेगी।
- सुरेश चंद्र गोपी
पार्षद


इन फैसलों पर अमल नहीं
- छुट्टा जानवरों के खिलाफ अभियान।
- आवारा कुत्तों की नसबंदी की जाएगी।
-नगर निगम की खाली जमीन पर दुकानें बनेंगी।
-नगर निगम की संपत्तियों को सुरक्षित करेंगे।
- बालिका इंटर कालेज खोला जाएगा
-खेलों को बढ़ावा देने के लिए स्टेडियम बनेगा।  
-कचहरी चौराहे के पास पीपीपी माडल पर मार्केट बनेगा।


मेयर के दावे
सदन की बैठकें समय से बुलाई जाती हैं।  कभी लोकसभा चुनाव तो कभी पंचायत चुनाव के कारण आचार संहिता लागू कर दी गई। इस कारण नियमानुसार समय-समय पर बैठकें नहीं हो सकीं। हम विकास कार्यों के लिए चिंतित हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

- किरण वर्मा
महापौर

बजट का अभाव
बजट के अभाव में कुछ फैसलों पर अमल नहीं हो पा रहा है। अंडरग्राउंड पार्किंग के निर्माण का काम स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में शामिल कर लिया गया है। बजट मिलते ही सभी काम जरूर होंगे।

अरुण प्रकाश
नगर आयुक्त
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed