Jhansi Blind Murder: दोस्त की प्रेमिका से बनाए संबंध, फिर फ्रेंड को भी ऐसे फंसाया, दोनों को कर रहा था ब्लैकमेल
पुलिस का कहना है कि फोटोग्राफर ने अपने दोस्त की प्रेमिका के साथ अवैध संबंध बनाए थे। इसके अलावा दोस्त और प्रेमिका का अश्लील वीडियो बनाकर उनको ब्लैकमेल करता था।
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झांसी बड़ागांव निवासी फोटोग्राफर जितेंद्र प्रजापति का कत्ल उसके ही खास दोस्त ने गला घोंटकर किया था। करीब चार महीने पुराने इस ब्लाइंड मर्डर का पुलिस ने मंगलवार को खुलासा कर दिया। पुलिस का कहना है कि फोटोग्राफर ने अपने दोस्त की प्रेमिका के साथ अवैध संबंध बनाए थे। इसके अलावा दोस्त और प्रेमिका का अश्लील वीडियो बनाकर उनको ब्लैकमेल करता था। इससे परेशान होकर ही उसके दोस्त ने फोटोग्राफर की हत्या कर दी। एसपी सिटी ज्ञानेंद्र सिंह के मुताबिक नौ फरवरी को बड़ागांव के गांधीनगर निवासी जितेंद्र (20) का शव ग्वालियर के सैतोल गांव के पास नहर से बरामद हुआ था।
छानबीन के दौरान मालूम चला कि जितेंद्र के एक युवती से प्रेम संबंध थे। इसके बाद दोनों का ब्रेकअप हो गया। युवती उसके दोस्त संकेत उर्फ साकेत साहू पुत्र रामबाबू से प्रेम करने लगी। इस बात को लेकर संकेत अक्सर जितेंद्र को चिढ़ाता था। संकेत को सबक सीखने के लिए जितेंद्र बहाने से उसे अपने साथ दिल्ली ले गया। यहां कॉल गर्ल के साथ संकेत की अश्लील वीडियो बना ली। इसके बाद यह वीडियो दिखाकर संकेत को ब्लैकमेल करने लगा। जितेंद्र के पास संकेत की प्रेमिका का भी अश्लील वीडियो था। इसे वायरल करने की धमकी देकर वह उससे संबंध भी बनाता था। यह बात मालूम चलने पर संकेत ने उसे रास्ते से हटाने की साजिश रच डाली।
पांच फरवरी 2023 को आरोपी संकेत ने जितेंद्र को कारोबार में सफलता के लिए दतिया में मां पीतांबरा पीठ के दर्शन करने को कहा। संकेत ने अपने दोस्त मोहित और आशीष को संग में ले लिया। इन लोगों ने जूस में नींद की गोलियां मिलाकर जितेंद्र को बेसुध कर दिया। जितेंद्र अगली सीट पर बैठा था। संकेत ने पीछे मफरल से फंसाकर चलती कार में उसका गला घोंट दिया। इसके बाद लाश ग्वालियर के चीनौर थाना क्षेत्र के सैतोल गांव के पास नहर में फेंक कर भाग निकले। पूछताछ के बाद पुलिस ने संकेत निवासी पुनावली रोड समेत आशीष साहू एवं मोहित साहू (निवासी ग्वालियर) को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक विनय दिवाकर, जितेंद्र तक्खर, शिवकुमार समेत अन्य शामिल रहे।
कॉल रिकॉर्ड की मदद से हत्यारे तक पहुंची पुलिस
पुलिस के मुताबिक हत्यारा संकेत बेहद शातिर है। पुलिस को चकमा देने के लिए घटना के दिन अपना मोबाइल उसने घर पर छोड़ दिया। अपने एक दोस्त का मोबाइल वह इस्तेमाल कर रहा था। जांच-पड़ताल में पुलिस ने जब जितेंद्र के मोबाइल नंबर का सीडीआर निकाला तब उस युवक का नंबर सामने आ गया। उससे लंबी पूछताछ करने के बाद संकेत का नाम सामने आया। संकेत पर जितेंद्र के परिजनों को भी शक नहीं था। पूछताछ के दौरान भी वह लगातार पुलिस को गुमराह करता रहा।
अंतिम संस्कार में भी पहुंचा था हत्यारोपी
सभी को झांसा देने के लिए जितेंद्र के अंतिम संस्कार में भी संकेत पहुंच गया था। पुलिस के मुताबिक अंतिम संस्कार के समय वह जितेंद्र के परिजनों के साथ ही था। इस वजह से ही जितेंद्र के परिजनों को उस पर कोई शक नहीं हुआ।
80 हजार देने के बाद भी डिलीट नहीं किए वीडियो
पूछताछ के दौरान संकेत ने पुलिस को बताया कि जितेंद्र ने अश्लील वीडियो दिखाकर उससे अब तक करीब 80 हजार रुपये वसूल चुका था। यह पैसा देने के बाद उसने कोई वीडियो डिलीट नहीं किए। जितेंद्र के पास उसकी उसकी प्रेमिका का अश्लील वीडियो था। यह वीडियो दिखाकर वह उसके साथ संबंध बनाता था।