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Jhansi News: बांसार में बारिश में अंतिम संस्कार करना बनी चुनौती
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संवाद न्यूज एजेंसी
बंगरा। विकासखंड बंगरा के ग्राम पंचायत बांसार में आजादी के बाद से मुक्तिधाम नहीं बन सका है। इसके कारण ग्रामीणों को खुले आसमान के नीचे दाह संस्कार करना पड़ता है। हाल ही में बारिश के दौरान एक व्यक्ति का अंतिम संस्कार करने में भारी परेशानी हुई।
शनिवार को बांसार निवासी रामप्रसाद उर्फ पुण्टे पांचाल (50) की आकस्मिक मृत्यु हो गई। मुक्तिधाम न होने के कारण बारिश में भीगी चिता के बीच उनका दाह संस्कार करना पड़ा। इस लापरवाही पर ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन के प्रति गहरा रोष व्यक्त किया है। पंचायत स्तर से कई बार मुक्तिधाम के लिए प्रस्ताव भेजे गए हैं। परंतु आज तक इसका निर्माण नहीं हो सका है। बरसात में अंतिम संस्कार करना एक बड़ी चुनौती बन जाता है। बारिश से लकड़ियां गीली हो जाती हैं और जमीन पर कीचड़ हो जाता है।
प्रधान प्रतिनिधि नरेश कुमार और पुष्पेंद्र ने बताया कि प्रस्ताव भेजने के बावजूद स्थिति नहीं बदली है। कुछ ग्रामीणों ने यह भी बताया कि मुक्तिधाम के लिए निर्धारित जमीन पर अवैध कब्जे हैं। ग्राम विकास अधिकारी प्रीतम यादव ने कहा कि पंचायत स्तर से मुक्तिधाम के लिए प्रस्ताव भेजे गए हैं। जल्द ही उचित व्यवस्था बनाकर मुक्तिधाम का निर्माण कराया जाएगा।
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बंगरा। विकासखंड बंगरा के ग्राम पंचायत बांसार में आजादी के बाद से मुक्तिधाम नहीं बन सका है। इसके कारण ग्रामीणों को खुले आसमान के नीचे दाह संस्कार करना पड़ता है। हाल ही में बारिश के दौरान एक व्यक्ति का अंतिम संस्कार करने में भारी परेशानी हुई।
शनिवार को बांसार निवासी रामप्रसाद उर्फ पुण्टे पांचाल (50) की आकस्मिक मृत्यु हो गई। मुक्तिधाम न होने के कारण बारिश में भीगी चिता के बीच उनका दाह संस्कार करना पड़ा। इस लापरवाही पर ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन के प्रति गहरा रोष व्यक्त किया है। पंचायत स्तर से कई बार मुक्तिधाम के लिए प्रस्ताव भेजे गए हैं। परंतु आज तक इसका निर्माण नहीं हो सका है। बरसात में अंतिम संस्कार करना एक बड़ी चुनौती बन जाता है। बारिश से लकड़ियां गीली हो जाती हैं और जमीन पर कीचड़ हो जाता है।
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प्रधान प्रतिनिधि नरेश कुमार और पुष्पेंद्र ने बताया कि प्रस्ताव भेजने के बावजूद स्थिति नहीं बदली है। कुछ ग्रामीणों ने यह भी बताया कि मुक्तिधाम के लिए निर्धारित जमीन पर अवैध कब्जे हैं। ग्राम विकास अधिकारी प्रीतम यादव ने कहा कि पंचायत स्तर से मुक्तिधाम के लिए प्रस्ताव भेजे गए हैं। जल्द ही उचित व्यवस्था बनाकर मुक्तिधाम का निर्माण कराया जाएगा।
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