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Jhansi News: अब वंदे भारत एक्सप्रेस में मिलेंगी पानी की आधा लीटर की दो बोतल
Wed, 08 May 2024 02:23 AM IST
झांसी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
Updated Wed, 08 May 2024 02:23 AM IST
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झांसी। गर्मी में पेयजल की बढ़ती मांग को देखते हुए रेलवे ने पानी और पैसे की बचत का नया तरीका निकाला है। अब वंदे भारत एक्सप्रेस में यात्रा करने वाले यात्रियों को शुरुआत में पहले 500 मिलीलीटर पानी की बोतल दी जाएगी। इसके बाद यदि जरूरत पड़ती है या कोई यात्री पानी मांगता है तो ही दूसरी बोतल मिलेगी।
भारतीय रेल वंदे भारत, राजधानी, शताब्दी और गतिमान जैसी प्रीमियम ट्रेनों में यात्रियों को भोजन और पानी उपलब्ध कराती है। इसके बदले टिकट के साथ ही उस खानपान का पैसा ले लिया जाता है। इस सेवा को रेलवे कैटरिंग चार्ज कहती है। जिसमें एक पानी की बोतल भी शामिल होती है। एक लीटर पानी के लिए कैटरिंग उपलब्ध कराने वाली कंपनी यात्रियों से 15 रुपये लेती हैं। अब जब गर्मी में पानी की मांग बढ़ गई है तो ऐसे में रेलवे ने एक लीटर की बोतल को दो भाग में बांट दिया है। रेलवे अब वंदे भारत एक्सप्रेस में यात्रा करने वाले यात्रियों को आधा लीटर पानी ही देगा। यदि कोई मांगता है तो ही दूसरी बोतल दी जाएगी। हालांकि, पैसा एक लीटर पानी का ही लिया जाएगा। मंडल रेल जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह ने बताया कि पानी की बर्बादी को रोकने के लिए यह कदम उठाया जा रहा है। अब यात्रियों को दो बार में एक लीटर पानी उपलब्ध कराया जाएगा।
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ग्यारह स्टेशनों पर जनरल टिकट बिक्री का हुआ ठेका
झांसी। मंगलवार को झांसी मंडल के ग्यारह स्टेशनों पर जनरल टिकट बेचने के लिए वाणिज्य विभाग ने टिकट एजेंटों का चुनाव लॉटरी प्रणाली से किया। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक ने समिति का गठन किया था। जिसमें एसीएम पंकज त्रिपाठी, एडीएफएम एमके नामदेव और एओएम अभय त्रिपाठी शामिल रहे। संवाद
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टीम ने काफरी का निरीक्षण किया
झांसी। मंगलवार को केंद्रीय कृषि वानिकी अनुसंधान संस्थान काफरी में पंचवर्षीय टीम ने निरीक्षण किया। इस दौरान संस्थान के अधिकारी व वैज्ञानिकों संग टीम ने समीक्षा बैठक भी की। बैठक के दौरान तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति व टीम के अध्यक्ष प्रोफेसर के रामासामी ने कहा कि हमारे प्राकृतिक संसाधन सिकुड़ते जा रहे हैं। सदस्य डॉ. जेसी डागर ने जर्म प्लाजमा को गुणवत्तापूर्ण बनाए जाने पर जोर दिया। डॉ. एसके दुबे ने कहा कि अनुसंधान को उच्च प्राथमिकता देने की जरूरत है। प्रो. अतुल ने कहा कि हमें सोचना होगा कि हम जो वेतन लेते हैं, उसके बदले क्या देते हैं। संस्थान के निदेशक डॉ. ए अरुणाचलम ने संस्थान की गतिविधियों की जानकारी पावर प्वाइंट के माध्यम से दी। इस अवसर पर संस्थान के अधिकारी व वैज्ञानिक उपस्थित रहे। संवाद
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भारतीय रेल वंदे भारत, राजधानी, शताब्दी और गतिमान जैसी प्रीमियम ट्रेनों में यात्रियों को भोजन और पानी उपलब्ध कराती है। इसके बदले टिकट के साथ ही उस खानपान का पैसा ले लिया जाता है। इस सेवा को रेलवे कैटरिंग चार्ज कहती है। जिसमें एक पानी की बोतल भी शामिल होती है। एक लीटर पानी के लिए कैटरिंग उपलब्ध कराने वाली कंपनी यात्रियों से 15 रुपये लेती हैं। अब जब गर्मी में पानी की मांग बढ़ गई है तो ऐसे में रेलवे ने एक लीटर की बोतल को दो भाग में बांट दिया है। रेलवे अब वंदे भारत एक्सप्रेस में यात्रा करने वाले यात्रियों को आधा लीटर पानी ही देगा। यदि कोई मांगता है तो ही दूसरी बोतल दी जाएगी। हालांकि, पैसा एक लीटर पानी का ही लिया जाएगा। मंडल रेल जनसंपर्क अधिकारी मनोज कुमार सिंह ने बताया कि पानी की बर्बादी को रोकने के लिए यह कदम उठाया जा रहा है। अब यात्रियों को दो बार में एक लीटर पानी उपलब्ध कराया जाएगा।
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ग्यारह स्टेशनों पर जनरल टिकट बिक्री का हुआ ठेका
झांसी। मंगलवार को झांसी मंडल के ग्यारह स्टेशनों पर जनरल टिकट बेचने के लिए वाणिज्य विभाग ने टिकट एजेंटों का चुनाव लॉटरी प्रणाली से किया। वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक ने समिति का गठन किया था। जिसमें एसीएम पंकज त्रिपाठी, एडीएफएम एमके नामदेव और एओएम अभय त्रिपाठी शामिल रहे। संवाद
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टीम ने काफरी का निरीक्षण किया
झांसी। मंगलवार को केंद्रीय कृषि वानिकी अनुसंधान संस्थान काफरी में पंचवर्षीय टीम ने निरीक्षण किया। इस दौरान संस्थान के अधिकारी व वैज्ञानिकों संग टीम ने समीक्षा बैठक भी की। बैठक के दौरान तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति व टीम के अध्यक्ष प्रोफेसर के रामासामी ने कहा कि हमारे प्राकृतिक संसाधन सिकुड़ते जा रहे हैं। सदस्य डॉ. जेसी डागर ने जर्म प्लाजमा को गुणवत्तापूर्ण बनाए जाने पर जोर दिया। डॉ. एसके दुबे ने कहा कि अनुसंधान को उच्च प्राथमिकता देने की जरूरत है। प्रो. अतुल ने कहा कि हमें सोचना होगा कि हम जो वेतन लेते हैं, उसके बदले क्या देते हैं। संस्थान के निदेशक डॉ. ए अरुणाचलम ने संस्थान की गतिविधियों की जानकारी पावर प्वाइंट के माध्यम से दी। इस अवसर पर संस्थान के अधिकारी व वैज्ञानिक उपस्थित रहे। संवाद