फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   not found conform birtth in train

गर्मी में ट्रेनों में सीट के लिए मारामारी

Fri, 24 May 2019 01:28 AM IST
jhansi Published by: देवेंद्र कुमार Updated Fri, 24 May 2019 01:28 AM IST
विज्ञापन
not found conform birtth in train
train - फोटो : demo

विज्ञापन
झांसी। भीषण गर्मी में भी ट्रेनों का हाल बुरा है। स्कूलों में छुट्टियां शुरू होते ही ट्रेनों में आरक्षण की मांग बढ़ गई है। इससे एक-एक बर्थ के लिए मारामारी मची है। कई ट्रेनों में तो आरएसी टिकट भी कंफर्म नहीं हो पा रहे हैं। मजबूरन आरएसी टिकट के यात्रियों को एक बर्थ पर दो लोगों को शेयर करना पड़ रहा है।
सुभाष गंज निवासी मनीष कुमार को 16 सदस्यों (चार परिवार) के साथ 23 मई को हरिद्वार जाना था। हरिद्वार से उनको चार धाम की यात्रा पर जाना है। 21 मई को उन्होंने उत्कल एक्सप्रेस में तत्काल का टिकट बनवाया, लेकिन दो ही बर्थ मिल सकीं। जबकि 16 सदस्यों के टिकट बनने थे। एक आरक्षण कर्मचारी की सलाह पर उन्होंने 14 टिकट बबीना से सेकेंड एसी में प्रतीक्षा सूची के बनवा लिए। मगर, आरक्षण चार्ट बनने पर उनकी बर्थ कंफर्म नहीं हो सकीं। टिकट प्रतीक्षा सूची में ही रह गया। बाद में दो परिवारों को अपनी यात्रा स्थगित करनी पड़ी। दो परिवार के आठ सदस्य तत्काल कोटे से मिली दो सीटों पर ही बैठकर गए।   
विज्ञापन

दरअसल, गर्मी की छुट्टियां होने के कारण जहां बहुत से लोग घूमने व धार्मिक स्थलों पर जा रहे हैं। कोई परिवार के साथ वैष्णो देवी, शिरडी के सांई बाबा या तिरुपति बालाजी के दर्शनों को जा रहा है तो बहुत से लोग मौज मस्ती के लिए गोवा, शिमला और मुंबई जा रहे हैं। इससे ट्रेनों में भीड़ बढ़ गई है। मजदूर वर्ग खेती कार्य निपटाने के बाद बड़े शहरों में काम के लिए जाने लगा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

 वहीं, दूसरे शहर में सरकारी व गैर सरकारी संस्थानों में काम करने वाले लोग गर्मियों में अपने परिवार से मिलने के लिए घर जा रहे हैं। इस कारण ट्रेनों में भीड़ बढ़ गई है। हर कोई चाहता है कि आरक्षण मिल जाए, इस कारण टिकट काउंटरों पर लंबी कतारें लग रही हैं। हालात यह हैं कि ट्रेन के आरक्षित टिकटों की आरएसी (रिजर्वेशन अर्गेंस्ट कैंसिलेशन) भी कंफर्म नहीं हो पा रही है।
सबसे अधिक आरक्षण की मांग गोवा एक्सप्रेस, पंजाब मेल, झेलम एक्सप्रेस, जनसाधारण एक्सप्रेस, छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस, स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस, मालवा एक्सप्रेस, अंडमान एक्सप्रेस, कुशीनगर एक्सप्रेस, पुष्पक एक्सप्रेस, दादर अमृतसर पठान कोट एक्सप्रेस, स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस, लखनऊ लोकमान्य तिलक एक्सप्रेस, छपरा मेल, गोंडवाना एक्सप्रेस, साबरमती एक्सप्रेस, इंदौर पटना एक्सप्रेस, उत्कल एक्सप्रेस आदि ट्रेनों में बनी हुई है।


तत्काल टिकट भी नहीं आसान
ट्रेन के प्रारंभिक स्टेशन से यात्रा तिथि के एक दिन पहले मिलने वाले तत्काल टिकट के लिए भी मारामारी चल रही है। यात्रियों को अधिक किराया देने के बाद भी बर्थ नहीं मिल पा रही है। तत्काल में आरक्षण टिकट पाने के लिए यात्री तड़के ही आरक्षण कार्यालय के बाहर कतार में खड़े हो जाते हैं। वह क्लीयर टिकट पाने के लिए मुंहमांगी कीमत देने को भी तैयार हैं, लेकिन बर्थों की संख्या कम होने के कारण उन्हें मायूस होना पड़ रहा है। यही हाल इमरजेंसी कोटे का है। चयनित ट्रेनों में दो से चार सीटें इमरजेंसी कोटे की होने के बाद भी एक ट्रेन के लिए चालीस से पचास प्रार्थना पत्र आ रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed