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मनरेगा की सुस्त रफ्तार, अफसरों को लगाई लताड़
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झांसी। मनरेगा के कार्यो की बेहद सुस्त रफ्तार से नाराज जिलाधिकारी ने अफसरों को जमकर लताड़ लगाई। लापरवाही पर मऊरानीपुर के भूमि संरक्षण अधिकारी का वेतन रोकने और श्रमिकों का वेतन समय पर नहीं देने की वजह से वसूली के निर्देश दिए हैं।
विकास भवन सभागार में मनरेगा के जरिए कार्यदायी विभागों के कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी आंद्रा वामसी ने तमाम कार्यों के अब तक शुरू नहीं होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कार्य पूरा नहीं होने तक अफसरों को मुख्यालय न छोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान यह कार्य कराए जाने थे, लेकिन अब तक तमाम कार्य आरंभ ही नहीं हुए।
लघु सिंचाई विभाग को 43 काम कराने थे, लेकिन 18 स्थान पर कार्य आरंभ नहीं हुए। सिर्फ 13,254 ही मानव दिवस सृजित हुए। डाल नहर खंड, सपरार प्रखंड ने भी काम नहीं किया। बेतवा नहर प्रखंड को 21 काम कराने थे, लेकिन 17 कार्य शुरू नहीं हुए। महज 4 प्रतिशत मानव दिवस सृजित किए गए। लोक निर्माण विभाग को भी फटकार लगाई गई। भूमि सरंक्षण अधिकारी, राष्ट्रीय जलागम झांसी, चिरगांव, मऊरानीपुर व मैदानी योजना का जवाब भी अंसतोषजनक मिला। जिलाधिकारी ने भूमि सरंक्षण अधिकारी मऊरानीपुर का वेतन रोकने का निर्देश दिया। बैठक में डीडीओ उग्रसेन सिंह यादव समेत सिंचाई, पीडब्ल्यूडी, उद्यान के अधिकारी मौजूद रहे।
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विकास भवन सभागार में मनरेगा के जरिए कार्यदायी विभागों के कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी आंद्रा वामसी ने तमाम कार्यों के अब तक शुरू नहीं होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कार्य पूरा नहीं होने तक अफसरों को मुख्यालय न छोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन के दौरान यह कार्य कराए जाने थे, लेकिन अब तक तमाम कार्य आरंभ ही नहीं हुए।
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लघु सिंचाई विभाग को 43 काम कराने थे, लेकिन 18 स्थान पर कार्य आरंभ नहीं हुए। सिर्फ 13,254 ही मानव दिवस सृजित हुए। डाल नहर खंड, सपरार प्रखंड ने भी काम नहीं किया। बेतवा नहर प्रखंड को 21 काम कराने थे, लेकिन 17 कार्य शुरू नहीं हुए। महज 4 प्रतिशत मानव दिवस सृजित किए गए। लोक निर्माण विभाग को भी फटकार लगाई गई। भूमि सरंक्षण अधिकारी, राष्ट्रीय जलागम झांसी, चिरगांव, मऊरानीपुर व मैदानी योजना का जवाब भी अंसतोषजनक मिला। जिलाधिकारी ने भूमि सरंक्षण अधिकारी मऊरानीपुर का वेतन रोकने का निर्देश दिया। बैठक में डीडीओ उग्रसेन सिंह यादव समेत सिंचाई, पीडब्ल्यूडी, उद्यान के अधिकारी मौजूद रहे।
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