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शत्रु का विनाश कर विजय का वरदान देती हैं दतिया की मां पीतांबरा

Sun, 01 May 2022 01:03 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sun, 01 May 2022 01:03 AM IST
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ma pitambara
झांसी। पीएम से लेकर सीएम तक सभी आते हैं दतिया की मां पीतांबरा की शरण में । माई को शत्रु विनाशनी व विजयदात्री माना जाता हैं। यहां तांत्रिक अनुष्ठान चलते रहते हैं। पूरे देश में यूं तो मां पीतांबरा के तीन बड़े मंदिर हैं, पर दतिया की बात इनसे अलग है, क्योंकि यहां मां पीतांबरा के अलावा धूमावती देवी का मंदिर भी इसी परिसर में स्थित हैं।
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पुराणों में मां पीतांबरा को भगवती बगलामुखी के रूप में भी जाना जाता है। पं. रामेश्वरदास शास्त्री तांत्रिक बताते हैं कि साठ के दशक में जब भारत चीन युद्ध हुआ था उस समय देश के तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू ने भारत की रक्षा के लिए मां पीतांबरा पर अनुष्ठान करवाया था। अनुष्ठान की पूर्णाहुति वाले रोज ही युद्ध विराम की घोषणा हो गई थी। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी, अटल विहारी वाजपेयी, एचडी देवगौड़ा मां पीतांबरा के चरणों में आकर पूजा अर्चना कर चुके हैं। तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी व वर्तमान राष्ट्रपति रामनाथ कोबिंद भी माई के दरबार में आ चुके हैं। यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ, शिवराज सिंह चौहान, उमा भारती, वसुंधरा राजे, दिग्विजय सिंह, कमलनाथ समेत क ई प्रदेशों के सीएम व पूर्व सीएम पीतांबरा पीठ पर होने वाले अनुष्ठानों में हिस्सा लेते रहते हैं। अमित शाह राजनाथ सिंह, नितिन गड़करी, प्रियंका गांधी समेत देश के कई बड़े नेता माई के साधक हैं। फिल्म जगत से हेमामालिनी, अनुराधा पौडवाल, संजय दत्त समेत अनेक फिल्मी सितारे मंदिर में पूजा कर चुके हैं। सिद्धपीठ ट्रस्ट के सूत्रों की मानें तो साल भर में यहां पूरे देश से आठ से दस लाख लोग माई के दरबार में अपनी अरदास लगाने आते हैं। इस बार 4 मई को मां पीताबंरा के प्राकट्य उत्सव पर विशाल रथयात्रा का आयोजन किया जा रहा है। इसमें देश भर से करीब 12 लाख भक्तों के पहुंचने का अनुमान है, इसके लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां चल रहीं हैं।
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दतिया जिले के बड़ोनी कसबे के निवासी हरीराम नीखरा बताते हैं कि उन्हें स्वामी जी महाराज के दर्शन करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। स्वामी जी सबसे पहले दतिया की पंचमकवि की टौरिया मंदिर के पास स्थित गुफा में साधना करते थे, वहीं से उन्हें प्रेरणा मिली कि वनखंडेश्वर महादेव पर जाकर वे माई की स्थापना करें तथा उन्होंने यहां आकर माई को प्रतिष्ठित किया।
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प्राकट्य उत्सव पर जलाए जाएंगे एक लाख दीपक
मां पीतांबरा के प्राकट्य उत्सव के अवसर पर चार मई को पूरे दतिया शहर में एक लाख दीप जलाकर दीपोत्सव भी मनाया जाएगा। इसके लिए आयोजन समिति के सदस्य नगर के बाजारों में हर व्यापारी को 11 दीपक भेंटकर उनसे अपील कर रहे हैं कि अपने प्रतिष्ठान पर चार मई की शाम इन दीपों को प्रज्ज्वलित करें। नगर के 21 बड़े मंदिरों पर भी 101 दीपक जलाए जाएंगे।
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