{"_id":"68fad33a88eb645bc80e649c","slug":"jhansi-a-burst-of-joy-took-away-the-light-a-piece-of-tin-blown-by-a-firecracker-hit-a-child-in-the-eye-2025-10-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"झांसी: खुशी के धमाके ने छिनी रोशनी, पटाखे की धमक से उड़ा टिन का टुकड़ा बच्चे की आंख में लगा, ग्वालियर रेफर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
झांसी: खुशी के धमाके ने छिनी रोशनी, पटाखे की धमक से उड़ा टिन का टुकड़ा बच्चे की आंख में लगा, ग्वालियर रेफर
Fri, 24 Oct 2025 06:46 AM IST
दीपक महाजन
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
अमर उजाला नेटवर्क, झांसी
Published by: दीपक महाजन
Updated Fri, 24 Oct 2025 06:46 AM IST
सार
दीपावली पर हुई आतिशबाजी में पटाखे की धमक से उड़ा टिन का टुकड़ा लगने से छतरपुर के एक बालक की आंख फट गई। बालक को प्राथमिक उपचार के बाद ग्वालियर रेफर कर दिया गया है।
विज्ञापन
आंख
- फोटो : adobe stock photos
विस्तार
दीपावली पर हुई आतिशबाजी में पटाखे की धमक से उड़ा टिन का टुकड़ा लगने से छतरपुर के एक बालक की आंख फट गई। बालक को प्राथमिक उपचार के बाद ग्वालियर रेफर कर दिया गया है। वहीं, आतिशबाजी के बाद आंखों में जलन और चुभन की समस्या लेकर कई मरीज डॉक्टरों के पास पहुंच रहे हैं।
दीपावली पर इस साल भी जमकर आतिशबाजी हुई। किसी की आंख में चिंगारी तो किसी की आंख में पटाखे के टुकड़े लग जाने से चोट लग गई। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. जितेंद्र कुमार ने बताया कि ओपीडी से लेकर इमरजेंसी तक में कई मरीज आंख में चोट लगने की समस्या लेकर दिखाने के लिए आए। प्राथमिक इलाज के बाद वह ठीक भी हो गए। वहीं, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. शमी ने बताया कि छतरपुर में एक बालक पटाखे के ऊपर टिन रखकर आतिशबाजी कर रहा था। जैसे ही बम फटा तो टिन का टुकड़ा उसकी आंख में लग गया। इससे उसकी आंख फट गई। उन्होंने बताया कि कार्बाइड गन पटाखा छुड़ाने से भी एक किशोर की आंख में कुछ कण घुस गए। इलाज जारी रहेगा। इन दिनों आंख में पानी आना और जलन की समस्या वाले मरीजों की संख्या बढ़ गई है।
एलर्जी पीड़ित ये ध्यान रखें
घर से बाहर निकलें तो चश्मा पहनें।
आंखों को बार-बार ठंडे पानी से धोएं।
नेत्रों को हाथों से रगड़ने से बचें।
जरूरत पड़ने पर तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।
विज्ञापन
दीपावली पर इस साल भी जमकर आतिशबाजी हुई। किसी की आंख में चिंगारी तो किसी की आंख में पटाखे के टुकड़े लग जाने से चोट लग गई। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. जितेंद्र कुमार ने बताया कि ओपीडी से लेकर इमरजेंसी तक में कई मरीज आंख में चोट लगने की समस्या लेकर दिखाने के लिए आए। प्राथमिक इलाज के बाद वह ठीक भी हो गए। वहीं, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. शमी ने बताया कि छतरपुर में एक बालक पटाखे के ऊपर टिन रखकर आतिशबाजी कर रहा था। जैसे ही बम फटा तो टिन का टुकड़ा उसकी आंख में लग गया। इससे उसकी आंख फट गई। उन्होंने बताया कि कार्बाइड गन पटाखा छुड़ाने से भी एक किशोर की आंख में कुछ कण घुस गए। इलाज जारी रहेगा। इन दिनों आंख में पानी आना और जलन की समस्या वाले मरीजों की संख्या बढ़ गई है।
विज्ञापन
एलर्जी पीड़ित ये ध्यान रखें
घर से बाहर निकलें तो चश्मा पहनें।
आंखों को बार-बार ठंडे पानी से धोएं।
नेत्रों को हाथों से रगड़ने से बचें।
जरूरत पड़ने पर तुरंत डॉक्टर को दिखाएं।