{"_id":"5ef795448ebc3e43351cefa1","slug":"highschool-student-suside-before-came-rejult-after-that-pass-65-percent-marks-jhansi-news-jhs1701368102","type":"story","status":"publish","title_hn":"रिजल्ट से पहले हाईस्कूल के छात्र ने फांसी लगाकर दी जान, 65 फीसदी अंकों से हुआ पास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रिजल्ट से पहले हाईस्कूल के छात्र ने फांसी लगाकर दी जान, 65 फीसदी अंकों से हुआ पास
विज्ञापन
आत्महत्या
- फोटो : ?????????
झांसी। शनिवार को बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट आने से पहले ही हाईस्कूल के एक छात्र ने फांसी लगा ली। परिजन उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। घटना से घर में कोहराम मच गया। मौत के कुछ घंटे बाद रिजल्ट आया, इसमें वह 65 प्रतिशत अंकों के साथ पास हुआ। छात्र ने आत्महत्या क्यों की, इसका कारण स्पष्ट नहीं हो सका। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
थाना गुरसराय के मातवाना मोहल्ला निवासी इंद्रजीत विश्वकर्मा मध्य प्रदेश में अध्यापक हैं। उनका छोटा पुत्र गौरव विश्वकर्मा (16) ने इस वर्ष हाईस्कूल की परीक्षा दी थी। रिजल्ट आने का गौरव के साथ पूरा परिवार इंतजार कर रहा था। शुक्रवार की रात गौरव अपने पिता इंद्रजीत व मां गीता के साथ खाना खाने के बाद वह कमरे में सोने गया था। इसी बीच अकेले में रात के समय उसने फांसी लगा ली। सुबह परिजन कमरे में उठाने पहुंचे, जहां उसको फांसी पर लटका देख घबरा गए। परिजन उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंपा। देर शाम परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया है। घटना को लेकर परिजन कुछ भी नहीं बता सके। पिता के मुताबिक गौरव पढ़ाई में होशियार था। हाईस्कूल की परीक्षा में भी अच्छे नंबरों से पास होने की बात भी वह कर रहा था। ऐसे में उसने इतना बड़ा कदम कैसे उठा लिया, इसके बारे में वह खुद नहीं जानते। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों के सुपुर्द किया। जहां देर शाम परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया है। पुलिस ने मामले की जांच भी शुरू कर दी है।
दोस्त आए थे मंदिर ले जानेे के लिए
शुक्रवार की शाम गौरव के दोस्तों ने रिजल्ट आने से पहले शनिवार की सुबह मंदिर जाने की बात कही थी। शनिवार सुबह उसके दोस्त मंदिर जाने के लिए उसे उठाने आए थे। ऐसे में कमरा बंद होने के कारण सोता हुआ समझकर चले गए थे। इसके बाद उसके फांसी लगाकर जान देेने की खबर सुनकर सभी हैरान हैं। किसी को विश्वास नहीं हो रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन
थाना गुरसराय के मातवाना मोहल्ला निवासी इंद्रजीत विश्वकर्मा मध्य प्रदेश में अध्यापक हैं। उनका छोटा पुत्र गौरव विश्वकर्मा (16) ने इस वर्ष हाईस्कूल की परीक्षा दी थी। रिजल्ट आने का गौरव के साथ पूरा परिवार इंतजार कर रहा था। शुक्रवार की रात गौरव अपने पिता इंद्रजीत व मां गीता के साथ खाना खाने के बाद वह कमरे में सोने गया था। इसी बीच अकेले में रात के समय उसने फांसी लगा ली। सुबह परिजन कमरे में उठाने पहुंचे, जहां उसको फांसी पर लटका देख घबरा गए। परिजन उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंपा। देर शाम परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया है। घटना को लेकर परिजन कुछ भी नहीं बता सके। पिता के मुताबिक गौरव पढ़ाई में होशियार था। हाईस्कूल की परीक्षा में भी अच्छे नंबरों से पास होने की बात भी वह कर रहा था। ऐसे में उसने इतना बड़ा कदम कैसे उठा लिया, इसके बारे में वह खुद नहीं जानते। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव को परिजनों के सुपुर्द किया। जहां देर शाम परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया है। पुलिस ने मामले की जांच भी शुरू कर दी है।
विज्ञापन
दोस्त आए थे मंदिर ले जानेे के लिए
शुक्रवार की शाम गौरव के दोस्तों ने रिजल्ट आने से पहले शनिवार की सुबह मंदिर जाने की बात कही थी। शनिवार सुबह उसके दोस्त मंदिर जाने के लिए उसे उठाने आए थे। ऐसे में कमरा बंद होने के कारण सोता हुआ समझकर चले गए थे। इसके बाद उसके फांसी लगाकर जान देेने की खबर सुनकर सभी हैरान हैं। किसी को विश्वास नहीं हो रहा।
विज्ञापन