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बर्खास्त शिक्षक की बहाली होगी या नहीं, फैसला कल
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झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के इंजीनियरिंग संस्थान के टीक्यूप-3 प्रोजेक्ट अंतर्गत बर्खास्त शिक्षक डॉ. राजकुमार सिंह की बहाली करने या न करने पर बोर्ड ऑफ गवर्नेंस की बैठक में कोई निर्णय नहीं निकल पाया। अधिकारियों ने कुछ दस्तावेज मांगे हैं, जिस वजह से सोमवार को फिर से बीओजी की बैठक होगी। ऐसे में कल तक के लिए फैसला टल गया है।
टीक्यूप-3 प्रोजेक्ट अंतर्गत बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के इंजीनियरिंग संस्थान में 15 शिक्षक रखे गए थे। इनमें से डॉ. राजकुमार सिंह को बर्खास्त किया जा चुका है। वहीं, अन्य 14 शिक्षकों का भी अभी तक रिन्यूअल नहीं किया गया है। बर्खास्तगी के बाद कोर्ट से राजकुमार को राहत मिली और आदेश को रद्द कर दिया गया। हालांकि, अब आगे के रिन्यूअल का फैसला बीयू पर छोड़ दिया है। इसी को लेकर बीयू के इंजीनियरिंग संस्थान में शनिवार को बोर्ड ऑफ गवर्नेंस की बैठक बुलाई गई। बैठक में बर्खास्त शिक्षक के प्रकरण में चर्चा हुई। बैठक में कुछ दस्तावेज मांगे गए हैं। इसी कारण कोई निर्णय नहीं निकल सका। अब सोमवार को फिर से बैठक होगी।
‘मुझे छोड़ सभी के साइन करा रहे’
बर्खास्त शिक्षक का आरोप है कि भले ही टीक्यूप के अन्य 14 शिक्षकों का भी रिन्यूअल नहीं किया गया हो, लेकिन रजिस्टर पर उनके हस्ताक्षर कराए जा रहे हैं। यह नियम विरुद्ध है। जब उनका रिन्यूअल नहीं हुआ है तो फिर क्यों हस्ताक्षर कराए जा रहे हैं। शिक्षक ने यह भी आरोप लगाया कि मजिस्ट्रेट जांच शुरू होने के बाद टीक्यूप की अन्य फैकल्टी मेंबर्स से अधिकारी अपने मनमाफिक बयान रिकॉर्ड करा रहे हैं। इसके अलावा समन्वयक पर भी दबाव डाला जा रहा है कि वह यह लिखकर दे दें कि विभाग में बर्खास्त शिक्षक की जरूरत नहीं है।
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टीक्यूप-3 प्रोजेक्ट अंतर्गत बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के इंजीनियरिंग संस्थान में 15 शिक्षक रखे गए थे। इनमें से डॉ. राजकुमार सिंह को बर्खास्त किया जा चुका है। वहीं, अन्य 14 शिक्षकों का भी अभी तक रिन्यूअल नहीं किया गया है। बर्खास्तगी के बाद कोर्ट से राजकुमार को राहत मिली और आदेश को रद्द कर दिया गया। हालांकि, अब आगे के रिन्यूअल का फैसला बीयू पर छोड़ दिया है। इसी को लेकर बीयू के इंजीनियरिंग संस्थान में शनिवार को बोर्ड ऑफ गवर्नेंस की बैठक बुलाई गई। बैठक में बर्खास्त शिक्षक के प्रकरण में चर्चा हुई। बैठक में कुछ दस्तावेज मांगे गए हैं। इसी कारण कोई निर्णय नहीं निकल सका। अब सोमवार को फिर से बैठक होगी।
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‘मुझे छोड़ सभी के साइन करा रहे’
बर्खास्त शिक्षक का आरोप है कि भले ही टीक्यूप के अन्य 14 शिक्षकों का भी रिन्यूअल नहीं किया गया हो, लेकिन रजिस्टर पर उनके हस्ताक्षर कराए जा रहे हैं। यह नियम विरुद्ध है। जब उनका रिन्यूअल नहीं हुआ है तो फिर क्यों हस्ताक्षर कराए जा रहे हैं। शिक्षक ने यह भी आरोप लगाया कि मजिस्ट्रेट जांच शुरू होने के बाद टीक्यूप की अन्य फैकल्टी मेंबर्स से अधिकारी अपने मनमाफिक बयान रिकॉर्ड करा रहे हैं। इसके अलावा समन्वयक पर भी दबाव डाला जा रहा है कि वह यह लिखकर दे दें कि विभाग में बर्खास्त शिक्षक की जरूरत नहीं है।
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