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रंगों के फूटेंगे ‘बम’, ‘टैंक’ से निकलेगी दोस्ती की धारा
Tue, 12 Mar 2019 12:48 AM IST
देवेंद्र कुमार
jhansi
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Published by: देवेंद्र कुमार
Updated Tue, 12 Mar 2019 12:48 AM IST
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holi festival
- फोटो : amarujala
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भारतीय सेना की एयर स्ट्राइक के बाद माहौल देश भक्ति और बहादुरी के रंग में रंगा है। इस बार होली के त्योहार पर रंगों के बम फूटेंगे, वहीं टैंक और मिसाइलों से सात रंगों की धारा फूटेगी। महानगर का बाजार होली के त्योहार के लिए सज चुका है। मास्क, पिचकारी और टोपियां बच्चों व युवाओं को लुभाने के लिए आतुर है।
हर साल की तरह बाजार में 200 से ज्यादा डिजाइनों में छोटी और बड़ी आकर्षक पिचकारियां उपलब्ध हैं। व्यापारियों ने बताया कि इस बार चाइना निर्मित पिचकारियां, मास्क व रंग नहीं बेचे जा रहे हैं। सभी उत्पाद स्वदेशी हैं। गांधी रोड के पिचकारी व्यापारी प्रदीप कुमार जैन के अनुसार इस बार फैंसी पंप, पिट्ठू टैंक, एयर प्रेशर गन, रेनबो फाग की मांग है। रेनबो फाग की बाती में आग लगाने पर उसमें कई रंग फूटते हैं। इसके अलावा प्लास्टिक, सिल्वर में छह इंच से लेकर चार फीट तक के आकार में मिसाइल, बंदूक और टैंक हैं, जिनकी धार दो से लेकर 20 मीटर से भी ज्यादा है। पिचकारी व्यापारी कमलेश ने बताया कि इस बार होली देशभक्ति के रंग में रंगी है। ऐसे में बंदूक, टैंक वाली पिचकारियों का बोलबाला है।
50 लाख तक का होगा व्यापार
बाजार में पिठ्ठू टैंक 150 से लेकर 500 रुपये तक, फैंसी पंप 5 रुपये से 200 रुपये तक में उपलब्ध है। इसके अलावा कार्टून आकार में पिचकारियां भी दस रुपये से 100 रुपये की बिक्री में है। जो छोटे-बडे़ आकार में है। व्यापारियों ने बताया कि होली पर इस बार लगभग 50 लाख का व्यापार होने की संभावना है।
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इस बार नहीं है मोदी मास्क
बाजार में इस बार मोदी मास्क नहीं है, जिसकी पिछले साल काफी मांग थी। इस बार मास्क में मारवाड़ी रंगीन टोपी, सिल्वर मास्क, शेर मास्क, रेडियम मास्क, भूत मास्क तथा कार्टूनों के मास्क हैं, जिनकी कीमत पांच रुपये से लेकर 80 रुपये तक है।
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हर साल की तरह बाजार में 200 से ज्यादा डिजाइनों में छोटी और बड़ी आकर्षक पिचकारियां उपलब्ध हैं। व्यापारियों ने बताया कि इस बार चाइना निर्मित पिचकारियां, मास्क व रंग नहीं बेचे जा रहे हैं। सभी उत्पाद स्वदेशी हैं। गांधी रोड के पिचकारी व्यापारी प्रदीप कुमार जैन के अनुसार इस बार फैंसी पंप, पिट्ठू टैंक, एयर प्रेशर गन, रेनबो फाग की मांग है। रेनबो फाग की बाती में आग लगाने पर उसमें कई रंग फूटते हैं। इसके अलावा प्लास्टिक, सिल्वर में छह इंच से लेकर चार फीट तक के आकार में मिसाइल, बंदूक और टैंक हैं, जिनकी धार दो से लेकर 20 मीटर से भी ज्यादा है। पिचकारी व्यापारी कमलेश ने बताया कि इस बार होली देशभक्ति के रंग में रंगी है। ऐसे में बंदूक, टैंक वाली पिचकारियों का बोलबाला है।
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50 लाख तक का होगा व्यापार
बाजार में पिठ्ठू टैंक 150 से लेकर 500 रुपये तक, फैंसी पंप 5 रुपये से 200 रुपये तक में उपलब्ध है। इसके अलावा कार्टून आकार में पिचकारियां भी दस रुपये से 100 रुपये की बिक्री में है। जो छोटे-बडे़ आकार में है। व्यापारियों ने बताया कि होली पर इस बार लगभग 50 लाख का व्यापार होने की संभावना है।
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इस बार नहीं है मोदी मास्क
बाजार में इस बार मोदी मास्क नहीं है, जिसकी पिछले साल काफी मांग थी। इस बार मास्क में मारवाड़ी रंगीन टोपी, सिल्वर मास्क, शेर मास्क, रेडियम मास्क, भूत मास्क तथा कार्टूनों के मास्क हैं, जिनकी कीमत पांच रुपये से लेकर 80 रुपये तक है।