फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   amarujala webinar

हिंदी का विश्व में बोलबाला, सरहदें लांघ बनेगी संपर्क भाषा

Sat, 01 Aug 2020 01:27 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Sat, 01 Aug 2020 01:27 AM IST
विज्ञापन
amarujala webinar
amarujala webinar
झांसी। मातृ भाषा हिंदी पर गर्व करने की जरूरत भी है और कारण भी। सहजता और आत्मीयता से संवाद कराने वाली इस भाषा का परचम देश में तो लहरा ही रहा है अब इसका लोहा सात समंदर पार अन्य देश भी स्वीकार रहे हैं। यही कारण है कि विश्व आज इसके सांस्कृतिक, राजनीतिक, आर्थिक महत्व को समझ रहा है और किसी भी तरह हिंदी से जुड़ना चाहता है। क्योंकि भारत से जुड़ाव के लिए हिंदी एक सरल और सशक्त माध्यम है। हिंदी को बोलने, पढ़ने और सीखने के लिए अमर उजाला फाउंडेशन की तरफ से अभियान शुरू किया गया है। इसी क्रम में आयोजित ऑनलाइन वेबिनार में हिंदी प्रेमियों, शिक्षाविदों, विद्यार्थियों, शोधार्थियों के साथ विश्व भर में इसी बढ़ती स्वीकार्यता पर खुली चर्चा हुई। इस दौरान सभी बुंदेली हिंदी प्रेमियों ने एक सुर में कहा कि आज हिंदी का भारत या एशिया ही नहीं, पूरे विश्व में बोलबाला है। विदेशों में चुनाव प्रचार के दौरान तक हिंदी स्लोगनों का इस्तेमाल होने लगा है। कई देशों के पाठ्यक्रम का हिस्सा बन चुकी है। उम्मीद जताई कि जल्द ही हिंदी विश्व की संपर्क भाषा बनेगी। इसलिए हर उम्र, हर वर्ग को इस पर गर्व करने की जरूरत है।
विज्ञापन

विदेशों में हिंदी भाषा का कद लगातार बढ़ता जा रहा है। वर्ष 2060 तक विश्व संपर्क की भाषा हिंदी हो सकती है। आज विदेशों में चुनाव प्रचार के लिए हिंदी स्लोगनों का इस्तेमाल होने लगा है। यह दर्शाता है कि हिंदी का कितना मान बढ़ चुका है। - डॉ. पुनीत बिसारिया, हिंदी विभागाध्यक्ष, बुंदेलखंड विश्वविद्यालय।
विज्ञापन

भाव को पिरोने, संवाद को पोषित और विचारों को संप्रेषित करने का हिंदी भाषा से अच्छा कोई माध्यम नहीं हो सकता है। हिंदी में सरलता और सहजता है। सहिष्णुता और प्रेम है। इसी कारण आज यह विश्व फलक पर छाई हुई है। - डॉ. अचला पांडेय, बीयू शिक्षिका।
विज्ञापन
विज्ञापन

आत्मनिर्भर भारत का सपना हिंदी की बढ़त के साथ पूरा होगा। यदि भारत कोविड की दवा बनाकर हिंदी में नाम रखेगा तो विश्व में भाषा की अलग छाप पड़ेगी। शोध, तकनीकी हिंदी में करेंगे तो जल्द ही यह विश्व में सर्वाधिक बोलने वाली भाषा बन जाएगी। - डॉ. श्रीहरि त्रिपाठी, बीयू शिक्षक।
हिंदी का मान जरूर विदेशों में बढ़ा है लेकिन हम भारतवासी अपनी भाषा के प्रति जागरूक नहीं हैं। घर पर हिंदी में बात करेंगे लेकिन बाहर इसे बोलने में कतराएंगे। जबकि, अमेरिका के चुनाव तक में हिंदी स्लोगन का उपयोग किया जाने लगा है। - डॉ. नवीन चंद्र पटेल, बीयू शिक्षक।
हिंदी के उन्नयन के लिए केंद्र व राज्य सरकार मिलकर शिक्षा को भाषा आधारित करने का प्रयास कर रही हैं। आज पूरे विश्व में हिंदी गुंजायमान है। आजादी से आज तक जनता के पास अपनी बात पहुंचाने का काम हिंदी ने किया है। - डॉ. अमरेश कुमार सिंह, बीयू शिक्षक।
भारत ही नहीं पूरे विश्व में लोकप्रियता बढ़ी है। विदेशों के 600 से ज्यादा विश्वविद्यालयों में हिंदी की पढ़ाई कराई जा रही है। विदेशों में 25 से ज्यादा पत्र-पत्रिकाएं हिंदी में प्रकाशित हो रही हैं। बहुत जल्द विश्व की भाषा हिंदी बन जाएगी। - शुचि मिश्रा, शोधार्थी,।
संस्कृत भाषा की गोद में जन्मी, पालि, प्राकृत, अपभ्रंश की गोद में खेलती, निखरती हिंदी की बाल्यावस्था ही वैश्विक फलक को स्वयं में संयोए हुए है। यह भाषा भारत की 18 बोलियों को समेटकर आज विश्व की अहम भाषा बन गई है। - ममता देवी, शोधार्थी ।
20वीं सदी के अंतिम दो दशकों में हिंदी का अंतरराष्ट्रीय विकास तेजी से हुआ है। विज्ञापन, बाजार के क्षेत्र में हिंदी की मांग तेजी से बढ़ी है। इस कारण हर साल न जाने कितने विदेशी शिक्षक-छात्र भारत आकर बड़ी मेहनत से हिंदी खीख रहे हैं। - प्रीति सिंह, शोधार्थी ।
आज विश्वभर में हिंदी को डंका बज रहा है। मॉरीशस में 1950 से ही हिंदी पढ़ाई जा रही है। श्रीलंका में भी हिंदी पढ़ाई जाती है। ब्रिटेन, कैम्ब्रिज और न्यूयार्क के विश्वविद्यालय में भी हिंदी के पठन-पाठन की व्यवस्था है। - नेहा यादव, हिंदी छात्रा ।

विश्वभर में हिंदी व्यापक स्तर पर बढ़ती हुई भाषा है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हिंदी मजबूत भाषा के रूप में उभरकर आई है। हिंदी विश्व में दूसरी बोलने वाली भाषा बन गई है। विदेशों में कई लेखक हिंदी को स्थापित करने में बड़ी भूमिका निभा रहे हैं। - अनुज पाल, हिंदी छात्र ।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed