{"_id":"5c71b1d2bdec224bc54ab0af","slug":"71550954962-jhansi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दुष्कर्म में आजीवन कारावास की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दुष्कर्म में आजीवन कारावास की सजा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दुष्कर्म में आजीवन कारावास की सजा
झांसी। अपर सत्र न्यायाधीश/फास्ट ट्रेक कोर्ट संजय कुमार सिंह की अदालत ने दुष्कर्म कर हत्या के मामले में अभियुक्त को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
पैरवी कर रहे सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता केशवेंद्र सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति ने थाने में लिखित तहरीर देते हुये बताया था कि उसकी बहन ग्वाल टोली स्थित एक मकान में किराए से रहती थी। दो सितंबर 2012 को जानकारी मिली कि उसकी बहन की अकस्मात मौत हो गयी है। पुलिस ने धारा 302 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया। विवेचना के दौरान ग्राम ढकवाकला थाना एट जिला जालौन व हाल निवासी डीआरएम ऑफिस के पीछे थाना नवाबाद पंकज का नाम प्रकाश में आया। जिससे मृतिका व उसकी मां ने कुछ रुपये लिये थे। वारदात की रात नीलम का पति नहीं था। घर पर वह अपने सात वर्षीय पुत्र के साथ थी। इसी बीच पंकज जा पहुंचा, जिसने नीलम के साथ जबरन दुष्कर्म किया। विरोध करने पर उसकी हत्या कर दी। मासूम पुत्र द्वारा जानकारी दी गयी। पुलिस ने धारा 376, 302 के तहत आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया। शनिवार को अदालत ने पंकज को धारा 302 के अपराध में सश्रम आजीवन कारावास व दस हजार रुपये अर्थदंड तथा धारा 376 में सात वर्ष के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड अदा न किये जाने पर छह माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई गई।
विज्ञापन
झांसी। अपर सत्र न्यायाधीश/फास्ट ट्रेक कोर्ट संजय कुमार सिंह की अदालत ने दुष्कर्म कर हत्या के मामले में अभियुक्त को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
पैरवी कर रहे सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता केशवेंद्र सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति ने थाने में लिखित तहरीर देते हुये बताया था कि उसकी बहन ग्वाल टोली स्थित एक मकान में किराए से रहती थी। दो सितंबर 2012 को जानकारी मिली कि उसकी बहन की अकस्मात मौत हो गयी है। पुलिस ने धारा 302 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया। विवेचना के दौरान ग्राम ढकवाकला थाना एट जिला जालौन व हाल निवासी डीआरएम ऑफिस के पीछे थाना नवाबाद पंकज का नाम प्रकाश में आया। जिससे मृतिका व उसकी मां ने कुछ रुपये लिये थे। वारदात की रात नीलम का पति नहीं था। घर पर वह अपने सात वर्षीय पुत्र के साथ थी। इसी बीच पंकज जा पहुंचा, जिसने नीलम के साथ जबरन दुष्कर्म किया। विरोध करने पर उसकी हत्या कर दी। मासूम पुत्र द्वारा जानकारी दी गयी। पुलिस ने धारा 376, 302 के तहत आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया। शनिवार को अदालत ने पंकज को धारा 302 के अपराध में सश्रम आजीवन कारावास व दस हजार रुपये अर्थदंड तथा धारा 376 में सात वर्ष के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड अदा न किये जाने पर छह माह के अतिरिक्त कारावास की सजा सुनाई गई।