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25 टैंकर भी नहीं बुझा पा रहे प्यास

Wed, 22 May 2019 01:17 AM IST
देवेंद्र कुमार अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Published by: देवेंद्र कुमार Updated Wed, 22 May 2019 01:17 AM IST
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25 tankar bhi nhi bhujha pa rhe pyas
water news in jhansi - फोटो : demo
जल संस्थान के 25 टैंकर पेयजल संकटग्रस्त क्षेत्रों में पानी की मांग को पूरा नहीं कर पा रहे हैं। जल संस्थान के पास छोटे टैंकर हैं, जो पांच से सात मिनट में ही खाली हो जा रहे हैं। पंचर व अन्य खराबियां भी बाधक बन रही हैं।  
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जल संस्थान ने संकटग्रस्त क्षेत्रों में 180 प्वाइंट बनाए हैं, जिनमें पानी पहुंचाने के लिए 25 टैंकरों का उपयोग किया जा रहा है। रोज ये टैंकर पांच से छह चक्कर ही लगा पा रहे हैं, इनमें पानी भरने के लिए मसीहागंज, दतिया गेट फिल्टर व तालपुरा टंकी पर प्वाइंट बनाए गए हैं, लेकिन इसके बाद भी जल संकटग्रस्त क्षेत्रों के लोगों को जरूरत का भी पानी नहीं मिल पा रहा है। टैंकर पहुंचते ही मारामारी शुरू हो जाती हैं और टैंकर पांच से सात मिनट में ही खाली हो जाता है।
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पानी की किल्लत का आकलन इससे किया जा सकता है कि कई स्थानों पर पानी लेने की होड़ में लोग आपस में भिड़ जा रहे हैं। सोमवार को कपूर टेकरी जाना वाला एक टैंकर पंचर हो गया। यहां दो टैंकर पानी पहुंचना था। जो टैंकर पहुंचा, उसमें से पानी भरने को लेकर मारामारी मच गई। कुछ स्थानों से निर्धारित प्वाइंट के बदले रास्ते में ही प्रभावशाली लोगों द्वारा टैंकर रोककर पानी लेने की कोशिश की शिकायत भी सामने आई है।
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उधर, जल संस्थान के अधिशासी अभियंता कुलदीप सिंह ने बताया कि बड़े टैंकरों का इस बार इंतजाम नहीं हो सका। जिस क्षेत्र के लोग टैंकर मंगाना चाहते हैं, वह कार्यालय में एक प्रार्थना पत्र दें। वहां पानी भेजने की व्यवस्था की जाएगी। प्रभावित क्षेत्रों में टैंकर खड़े होने के प्वाइंट निर्धारित कर दिए गए हैं। इसके अलावा अगर कोई जबरन टैंकर को बीच रास्ते में रुकवाने या अपने घर के सामने खड़ा करवाने का प्रयास करेगा तो उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई  जाएगी।

जल संकट क्षेत्र
महानगर के करगुवांजी, पिछोर, गुमनावारा, महाराणा प्रतापनगर, मयूर विहार कालोनी सराय, सिलवटगंज, डड़ियापुरा, मद्रासी कालोनी, सत्यम कालोनी, भगवंतपुरा, कोछाभांवर, सिमरधा, गढ़िया गांव, वीरांगनानगर, पाल कालोनी, सिद्धेश्वर नगर, अलीगोल, मेवातीपुरा, बाहर उन्नाव गेट, मुकरयाना, मैला की टौरिया, मसीहागंज, लहरगिर्द, करारी, राजपूतनगर, बौद्धनगर, खैरा, ईसाई टोला, ताज कंपाउंड, नंदनपुरा समेत 40 इलाकों में पेयजल संकट बना हुआ है।

नलकूप से मिल रहा कम पानी
 शहर में जलापूर्ति माताटीला व पहूंज बांध के अतिरिक्त अलग-अलग स्थानों पर लगे 29 ट्यूबवेल से होती है। इनमें उन्नाव गेट बाहर तीन, बड़ागांव गेट बाहर क्षेत्र में चार, रानीमहल, खुशीपुरा, लक्ष्मणगंज व खोवा मंडी में एक-एक ट्यूबवेल है। इसके अलावा जुगयाना, पंचकुइयां, सेवाराम आयल मिल, ग्वालटोली, गोंदू कंपाउंड, कारगिल पार्क, मसीहागंज आदि स्थानों पर कुओं पर पंप फिट हैं।


ट्यूबवेलों से आसपास वाले मुहल्लों में पानी की सप्लाई दी जाती है। अमूमन एक पंप द्वारा छह से बारह मुहल्लों की प्यास बुझती है। पंप हाउस पर कार्यरत आपरेटर एक-एक कर क्रमश : सभी मुहल्लों के वाल्व को खोलता है। अगर मुहल्ले के प्रत्येक परिवार तक पानी पहुंचाना है तो कम से कम दो घंटे की वाटर सप्लाई होनी चाहिए। मांग बढ़ने के कारण ट्यूबवेल से भी कम पानी मिल रहा है।
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