फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jaunpur News ›   Villages are being selected for three years, no development

तीन साल से गांव हो रहे चयनित, विकास नहीं

Mon, 13 Sep 2021 11:38 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 13 Sep 2021 11:38 PM IST
विज्ञापन
Villages are being selected for three years, no development
प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत जिले में तीन साल से लगातार गांवों का चयन हो रहा है, लेकिन इस योजना के तहत चयनित गांवों में अभी तक एक भी विकास कार्य नहीं हो पाए हैं। योजना के तहत अभी तक जिले में 130 ग्राम पंचायतों का चयन किया जा चुका है। विभाग बजट नहीं मिलने का रोना रो रहे हैं।
विज्ञापन

सरकार की तरफ से 50 फीसदी से अधिक अनुसूचित जाति वर्ग वाले गांवों के सर्वांगीण विकास के लिए वर्ष 2019 में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना का शुभारंभ किया गया था। इसके तहत अनुसूचित जाति बाहुल्य वाले गांवों का चयन कर वहां अन्य योजनाओं के तहत जो विकास कार्य नहीं हुए हैं, उसे कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए प्रति गांव 20 लाख रुपये दिए जाने का प्रावधान है। इसके क्रम में जिले में वित्तीय वर्ष 2019-20 में 20, वर्ष 2020-21 में 55 और 2021-22 में 55 अनुसूचित बाहुल्य वाले गांवों का चयन किया गया। इन गांवों में सर्वे कराकर ऐसे विकास कार्यों की सूची बनाई गई, जो अन्य योजनाओं के तहत नहीं हो पाए हैं। सूची शासन को भेज दी गई, लेकिन अभी तक शासन स्तर से तीन साल में चयनित इन गांवों में विकास कार्य कराने के लिए अभी तक बजट जारी नहीं किया गया। इसके चलते चयनित गांवों में विकास कार्य ठप पड़े हुए हैं।
विज्ञापन

उधर, जिले में पीएम आदर्श ग्राम योजना के तहत तीन सालों में चयनित गांवों की ब्लॉकवार सूची पर नजर डालेंगे तो पता चलेगा कि सबसे अधिक रामपुर ब्लॉक में 12 गांव चयनित किए गए हैं। इसके अलावा केराकत ब्लॉक में पांच, डोभी में आठ, मुफ्तीगंज में छह, करंजाकला में आठ, जलालपुर में चार, सुईथाकला में आठ, मछलीशहर में आठ, धर्मापुर में आठ, बरसठी में चार, रामपुर में 12, खुटहन में आठ, मड़ियाहूं में सात, महराजगंज में छह, मुंगराबादशाहपुर में पांच, सिकरारा में सात, शाहगंज में सात, सिरकोनी में सात, सुजानगंज में तीन, बदलापुर में चार, रामनगर में दो व बक्शा में तीन गांव इस योजना के तहत चयनित हैं। जिला समाज कल्याण अधिकारी सुनील कुमार सिंह का कहना है कि तीन साल में योजना के तहत 130 गांवों का चयन किया गया है। विकास कार्य कराने के लिए प्रस्ताव भी शासन को भेजा गया है, लेकिन अभी तक शासन से धनराशि नहीं आई है। इसके चलते गांवों में प्रस्तावित विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं। शासन से धनराशि आने पर विकास कार्यों को कराने का कार्य किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed