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तीन साल में भी पूरा नहीं हो सका फोर लेन का निर्माण ..
Updated Wed, 12 Dec 2018 12:19 AM IST
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जौनपुर। वाराणसी-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग को फोर लेन बनाने का काम जिले में तीन साल में भी पूरा नहीं हो सका। जून 2018 तक ही प्रोजेक्ट को पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था लेकिन अभी तक पचास फीसदी भी काम पूरा नहीं हो सका है। निर्माण के नाम पर जगह जगह हाईवे के किनारे मिट्टी पाटकर छोड़ दिया गया है जिससे उड़ रहे धूल और गुबार से लोग परेशान हो रहे हैं। निर्माण एजेंसी कई टुकड़ों में काम करा रही है और काम की रफ्तार बेहद धीमी है।
जिले की सुल्तानपुर की सीमा से लेकर वाराणसी की सीमा के बीच बन रहे फोरलेन की लंबाई तकरीबन 73 किलोमीटर है। देखा जाय तो अभी तक महज 30 से 35 किलोमीटर तक ही निर्माण पूरा हो सका है। वह भी कई अलग अलग टुकड़ों में। जबकि जनवरी 2016 से शुरू हुए जिले की सीमा में आने वाले इस प्रोजेक्ट को 28 जून 2018 तक पूरा कर लेना था। निर्माण की रफ्तार बेहद धीमी होने के चलते समय बीतने के बाद भी निर्माण का 50 फीसदी भी काम पूरा नहीं हो सका। फोरलेन का निर्माण कराने वाली कंपनी गायत्री कांस्ट्रक्शन के जनरल मैनेजर अनुराग शुक्ला का दावा है कि जनवरी 2020 तक जौनपुर की सीमा में काम पूरा कर लिया जाएगा। उनका कहना है कि निर्धारित तिथि तक काम पूरा न होने के पीछे मुआवजे को लेकर भूमि विवाद है। विवाद के चलते काम करने के लिए समय से जमीन नहीं मिल सकी जिससे निर्माण में देरी हुई है। जबकि जिन स्थानों पर विवाद नहीं रहा वहां भी काम पूरा नहीं हो सका है।
मुआवजे को लेकर 10 किलोमीटर तक है विवाद
जौनपुर। फोरलेन निर्माण के लिए अधिग्रहण की गई भूमि के मुआवजे को लेकर अभी भी कई स्थानों पर विवाद है। अलग अलग स्थानों पर जौनपुर की सीमा में करीब 10 किलोमीटर तक भूमि के मुआवजे को लेकर विवाद है। जिससे वहां निर्माण शुरू नहीं हो सका है। गायत्री कांस्ट्रक्शन के बदलापुर यूनिट के प्रोजेक्ट प्रबंधक बी श्रीनिवास का कहना है कि प्रशासन ने जमीन समय से उपलब्ध करा दिया होता तो निर्माण समय से पूरा कर लिया गया होता। अभी भी कई किसान हाईकोर्ट में मुकदमा लड़ रहे हैं। पूरामुकुन्द गांव में 240 मीटर, बछुआर में 140 मीटर, केवटली में 60 मीटर, रजनीपुर में 210 मीटर, साढ़ापुर में 40 मीटर, मिरशादपुर में 210 मीटर, धनियामऊं में 210 मीटर , अगरौरा में 100 मीटर तक काम विवाद के चलते नहीं हो पा रहा है। बक्शा क्षेत्र में बक्शा, लखनीपुर, गोरियापुर, सवंसा, रारी, कुल्हनामऊं, बीबीपुर, गांव में भी विवाद के चलते निर्माण ठप है।
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सुल्तानपुर से बाबतपुर तक 1792 करोड़ का है प्रोजेक्ट
जौनपुर। सुल्तानपुर से लेकर बाबतपुर तक करीब 118 किलोमीटर तक फोरलेन निर्माण में 1792 करोड़ खर्च होना है। नौपेड़वा से बाबतपुर तक करीब 56 किलोमीटर निर्माण में 806 करोड़ और नौपेड़वा से सुल्तानपुर तक 65 किलोमीटर फोरलेन निर्माण में 986 करोड़ का बजट पास है।
एक तरफ नौ मीटर चौड़ी होगी सड़क
जौनपुर। फोरलेन निर्माण में एक दोनों तरफ सात-सात मीटर चौड़ी सड़क बनाई जा रही है और दो दो मीटर पटरी का निर्माण किया जाएगा। इस तरह एक सड़क की एक तरफ की चौड़ाई नौ मीटर होगी।
जिले की सुल्तानपुर की सीमा से लेकर वाराणसी की सीमा के बीच बन रहे फोरलेन की लंबाई तकरीबन 73 किलोमीटर है। देखा जाय तो अभी तक महज 30 से 35 किलोमीटर तक ही निर्माण पूरा हो सका है। वह भी कई अलग अलग टुकड़ों में। जबकि जनवरी 2016 से शुरू हुए जिले की सीमा में आने वाले इस प्रोजेक्ट को 28 जून 2018 तक पूरा कर लेना था। निर्माण की रफ्तार बेहद धीमी होने के चलते समय बीतने के बाद भी निर्माण का 50 फीसदी भी काम पूरा नहीं हो सका। फोरलेन का निर्माण कराने वाली कंपनी गायत्री कांस्ट्रक्शन के जनरल मैनेजर अनुराग शुक्ला का दावा है कि जनवरी 2020 तक जौनपुर की सीमा में काम पूरा कर लिया जाएगा। उनका कहना है कि निर्धारित तिथि तक काम पूरा न होने के पीछे मुआवजे को लेकर भूमि विवाद है। विवाद के चलते काम करने के लिए समय से जमीन नहीं मिल सकी जिससे निर्माण में देरी हुई है। जबकि जिन स्थानों पर विवाद नहीं रहा वहां भी काम पूरा नहीं हो सका है।
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मुआवजे को लेकर 10 किलोमीटर तक है विवाद
जौनपुर। फोरलेन निर्माण के लिए अधिग्रहण की गई भूमि के मुआवजे को लेकर अभी भी कई स्थानों पर विवाद है। अलग अलग स्थानों पर जौनपुर की सीमा में करीब 10 किलोमीटर तक भूमि के मुआवजे को लेकर विवाद है। जिससे वहां निर्माण शुरू नहीं हो सका है। गायत्री कांस्ट्रक्शन के बदलापुर यूनिट के प्रोजेक्ट प्रबंधक बी श्रीनिवास का कहना है कि प्रशासन ने जमीन समय से उपलब्ध करा दिया होता तो निर्माण समय से पूरा कर लिया गया होता। अभी भी कई किसान हाईकोर्ट में मुकदमा लड़ रहे हैं। पूरामुकुन्द गांव में 240 मीटर, बछुआर में 140 मीटर, केवटली में 60 मीटर, रजनीपुर में 210 मीटर, साढ़ापुर में 40 मीटर, मिरशादपुर में 210 मीटर, धनियामऊं में 210 मीटर , अगरौरा में 100 मीटर तक काम विवाद के चलते नहीं हो पा रहा है। बक्शा क्षेत्र में बक्शा, लखनीपुर, गोरियापुर, सवंसा, रारी, कुल्हनामऊं, बीबीपुर, गांव में भी विवाद के चलते निर्माण ठप है।
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सुल्तानपुर से बाबतपुर तक 1792 करोड़ का है प्रोजेक्ट
जौनपुर। सुल्तानपुर से लेकर बाबतपुर तक करीब 118 किलोमीटर तक फोरलेन निर्माण में 1792 करोड़ खर्च होना है। नौपेड़वा से बाबतपुर तक करीब 56 किलोमीटर निर्माण में 806 करोड़ और नौपेड़वा से सुल्तानपुर तक 65 किलोमीटर फोरलेन निर्माण में 986 करोड़ का बजट पास है।
एक तरफ नौ मीटर चौड़ी होगी सड़क
जौनपुर। फोरलेन निर्माण में एक दोनों तरफ सात-सात मीटर चौड़ी सड़क बनाई जा रही है और दो दो मीटर पटरी का निर्माण किया जाएगा। इस तरह एक सड़क की एक तरफ की चौड़ाई नौ मीटर होगी।