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खसरा, रूबेला से बचने के लिए टीकाकरण जरूरी
Updated Fri, 30 Nov 2018 11:56 PM IST
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जौनपुर। वाजिदपुर दक्षिणी स्थित सेंट्रल पब्लिक स्कूल में खसरा एवं रूबेला रोगों के प्रति अभियान के दौरान टीकाकरण शिविर लगाया गया। गुरूवार को विद्यालय पहुंची टीम ने विद्यालय में अध्ययनरत बच्चों का टीकाकरण किया।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. आईएन तिवारी ने बताया कि मिजिल्स रूबेला बीमारी को जड़ से समाप्त करने के लिए टीका कार्यक्रम चल रहा है। उन्होंने कहा कि सभी माता-पिता की जिम्मेदारी है कि 9 माह से 15 वर्ष तक के अपने बच्चों को खसरा रूबेला का टीका जरूर लगवाएं। खसरा, रूबेला संक्रामक व भयंकर जानलेवा रोग है जो खांसने और छींकने से एक बीमार बच्चे से दूसरे बच्चे में फैलता है। यह बच्चों में गंभीर कुपोषण, दस्त, निमोनिया और दिमागी बुखार भी कर सकता है। गर्भवती महिला में रूबेला संक्रमण से अजन्मे बच्चे में जन्मदोष जैसे अंधापन, बहरापन, मंदबुद्धि और दिल में सुराख जैसी भयंकर बीमारी हो सकती है। इस मौके पर डा. तरूण सिंह, डा. पवन तिवारी, फाइलेरिया इंस्पेक्टर अभिषेक सोनकर, एएनएम आशा देवी, चंद्रकला, कुसुम, मंजू सिंह, पुष्पा श्रीवास्तव, प्रेम प्रजापति, प्रीति मिश्रा आदि उपस्थित रहे। प्रधानाचार्य अनिता आनंद ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. आईएन तिवारी ने बताया कि मिजिल्स रूबेला बीमारी को जड़ से समाप्त करने के लिए टीका कार्यक्रम चल रहा है। उन्होंने कहा कि सभी माता-पिता की जिम्मेदारी है कि 9 माह से 15 वर्ष तक के अपने बच्चों को खसरा रूबेला का टीका जरूर लगवाएं। खसरा, रूबेला संक्रामक व भयंकर जानलेवा रोग है जो खांसने और छींकने से एक बीमार बच्चे से दूसरे बच्चे में फैलता है। यह बच्चों में गंभीर कुपोषण, दस्त, निमोनिया और दिमागी बुखार भी कर सकता है। गर्भवती महिला में रूबेला संक्रमण से अजन्मे बच्चे में जन्मदोष जैसे अंधापन, बहरापन, मंदबुद्धि और दिल में सुराख जैसी भयंकर बीमारी हो सकती है। इस मौके पर डा. तरूण सिंह, डा. पवन तिवारी, फाइलेरिया इंस्पेक्टर अभिषेक सोनकर, एएनएम आशा देवी, चंद्रकला, कुसुम, मंजू सिंह, पुष्पा श्रीवास्तव, प्रेम प्रजापति, प्रीति मिश्रा आदि उपस्थित रहे। प्रधानाचार्य अनिता आनंद ने धन्यवाद ज्ञापित किया।
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