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मुसहर समाज के लोगों की हो रही उपेक्षा
Updated Fri, 17 Aug 2018 01:24 AM IST
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जौनपुर। दलित एकता मंच मछलीशहर और लोक हकदारी मोर्चा मध्यांचल फोरम के बैनर तले मछलीशहर विकास खंड के छह ग्राम पंचायतों का भ्रमण किया। लोगों की समस्या को सुनी। नौ सूत्री ज्ञापन डीएम को सौंपकर समस्या से अवगत कराया। जमालपुर, उगापुर, अमारा, रसूलपुर और करौदी के मुसहर और नट बस्ती का भ्रमण किया। इस दौरान राशन कार्ड, पीएम आवास, स्वास्थ्य सुरक्षा के साथ सरकार की ओर से चलाई रही अन्य योजनाओं का सर्वे कराया। मुसहर और नट बस्ती में कैंप लगाकर जानकारी की। सर्वे के दौरान बस्ती के लोगों ने बताया कि कोई भी कर्मचारी बस्ती में नहीं आया और न ही किसी योजना की जानकारी दी।
दलित एकता मंच के सामाजिक कार्यकर्ता डब्बू वनवासी ने कहा कि आज तक मुसहर समाज के लोगों को विकास के नाम पर गुमराह किया जा रहा है। जिसके कारण मुसहर समाज के लोग भुखमरी के कगार पर हैं। उन्हें आज तक शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, आवास का लाभ नहीं मिला। मुसहर समाज के लोगों को जागरूक होकर विकास की तरफ जाना होगा। धनदेई वनवासी ने कहा कि हम सब जिस भूमि पर रह रहे हैं उस पर से हटाने के लिए रोज धमकी मिल रही है। करौदी निवासी नट समुदाय की फातिमा बेगम ने कहा कि शादी के बाद मैं ससुराल के लोगों से रहती हूं लेकिन 15 साल बीत जाने के बाद भी आज तक राशन कार्ड नहीं मिला। शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इस दौरान साहिदा बेगम, रेशमा, धनदेई, जनता देवी, उर्मिला, महाजन, शिव प्रकाश, मोनिका आदि मौजूद थी।
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दलित एकता मंच के सामाजिक कार्यकर्ता डब्बू वनवासी ने कहा कि आज तक मुसहर समाज के लोगों को विकास के नाम पर गुमराह किया जा रहा है। जिसके कारण मुसहर समाज के लोग भुखमरी के कगार पर हैं। उन्हें आज तक शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार, आवास का लाभ नहीं मिला। मुसहर समाज के लोगों को जागरूक होकर विकास की तरफ जाना होगा। धनदेई वनवासी ने कहा कि हम सब जिस भूमि पर रह रहे हैं उस पर से हटाने के लिए रोज धमकी मिल रही है। करौदी निवासी नट समुदाय की फातिमा बेगम ने कहा कि शादी के बाद मैं ससुराल के लोगों से रहती हूं लेकिन 15 साल बीत जाने के बाद भी आज तक राशन कार्ड नहीं मिला। शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इस दौरान साहिदा बेगम, रेशमा, धनदेई, जनता देवी, उर्मिला, महाजन, शिव प्रकाश, मोनिका आदि मौजूद थी।
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