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तीन दिन की बासी दही खाने से युवक और भैंस की मौत
Updated Mon, 30 Apr 2018 12:08 AM IST
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जौनपुर। नेवढ़िया थाना क्षेत्र के गुतवन गांव में दूषित दही खाने से युवक की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
गुतवन गांव निवासी सुनील मौर्य (27) व्यवसाय के सिलसिले में कोटा रहता है। परिवार में तीन मई को लड़की की शादी है। शादी समारोह में शामिल होने के लिए वह 27 अप्रैल की शाम घर पहुंचा। 28 अप्रैल को उसे दही खाने को दिया गया। सुनील थोड़ी दही खाया लेकिन दूषित महसूस होने के कारण उसने दही रख दी। किसी सदस्य ने उसी दही को भैंस की नाद में डाल दिया। दही खाते ही सुनील को पेट दर्द के साथ ही उल्टी दस्त होने लगी। इलाज के लिए परिवार के लोग जौनपुर ले गए। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार कर उसे वाराणसी के लिए रेफर कर दिया। वाराणसी के निजी चिकित्सालय में उपचार के दौरान रविवार को सुनील की मौत हो गई। परिवार के लोगों ने बताया कि एक वर्ष पूर्व ही सुनील की शादी हुई थी। उधर नाद में पड़ी दही खाने से भैंस की भी मौत हो गई तो परिवार के लोेगों ने नांद में पड़े दही और चारे को खेत में फेंक दिया जिसे खाकर चार कुत्तों की भी जान चली गई। परिवार के लोग शव लेकर घर पहुंचे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय भेज दिया। पुलिस ने बताया पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद भी मौत की वजह पता चल सकेगी। वरिष्ठ चिकित्सक विवेक कुमार मिश्र ने कहा कि दही में जो बैक्टीरिया पाया जाता है वह स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक नहीं हो सकता। दही पुरानी होने पर उसमें बैक्टीरिया बढ़ जाता है। उससे किसी की मौत नहीं हो सकती। अगर युवक की मौत हुई है तो दही में कुछ और मिला हो सकता है।
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गुतवन गांव निवासी सुनील मौर्य (27) व्यवसाय के सिलसिले में कोटा रहता है। परिवार में तीन मई को लड़की की शादी है। शादी समारोह में शामिल होने के लिए वह 27 अप्रैल की शाम घर पहुंचा। 28 अप्रैल को उसे दही खाने को दिया गया। सुनील थोड़ी दही खाया लेकिन दूषित महसूस होने के कारण उसने दही रख दी। किसी सदस्य ने उसी दही को भैंस की नाद में डाल दिया। दही खाते ही सुनील को पेट दर्द के साथ ही उल्टी दस्त होने लगी। इलाज के लिए परिवार के लोग जौनपुर ले गए। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार कर उसे वाराणसी के लिए रेफर कर दिया। वाराणसी के निजी चिकित्सालय में उपचार के दौरान रविवार को सुनील की मौत हो गई। परिवार के लोगों ने बताया कि एक वर्ष पूर्व ही सुनील की शादी हुई थी। उधर नाद में पड़ी दही खाने से भैंस की भी मौत हो गई तो परिवार के लोेगों ने नांद में पड़े दही और चारे को खेत में फेंक दिया जिसे खाकर चार कुत्तों की भी जान चली गई। परिवार के लोग शव लेकर घर पहुंचे। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला चिकित्सालय भेज दिया। पुलिस ने बताया पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद भी मौत की वजह पता चल सकेगी। वरिष्ठ चिकित्सक विवेक कुमार मिश्र ने कहा कि दही में जो बैक्टीरिया पाया जाता है वह स्वास्थ्य के लिए नुकसानदायक नहीं हो सकता। दही पुरानी होने पर उसमें बैक्टीरिया बढ़ जाता है। उससे किसी की मौत नहीं हो सकती। अगर युवक की मौत हुई है तो दही में कुछ और मिला हो सकता है।