उरई। जिले में खाद की किल्लत को लेकर जिला प्रशासन लगातार सजग है। जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने विकास भवन सभागार में शुक्रवार को थोक एवं फुटकर उर्वरक विक्रेताओं के साथ बैठक की। उन्होंने विक्रेताओं से नियमित खाद की बिक्री करने के निर्देश दिए। कहा कि सुबह 10 बजे से उर्वरक दुकानों को नियमित खुल जाना चाहिए है। जिस समिति या दुकान का तय समय में शटर बंद मिला तो उसे सील कर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जनपद में खाद की कमी नहीं है। सभी समितियों पर खाद उपलब्ध है। इसके बावजूद शिकायतें मिल रही है कि किसानों को बेवजह परेशान किया जा रहा है। ऐसे लोगों को चिह्ति किया जा रहा है। जल्द ही उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने संबंधित को निर्देशित करते हुए कहा कि समितियों पर या दुकानों पर किसान के पहुंचने पर तत्काल उर्वरक खाद उपलब्ध कराई जाए। इसमें लापरवाही न बरती जाए। लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि दुकान पर खाद का निर्धारित मूल्य प्रदर्शित किया जाए, साथ ही टोल फ्री नंबर 05162252313 समेत अन्य महत्वपूर्ण सूचनाएं अंकित होनी चाहिए। ताकि किसान को जरूरत पड़े तो शिकायत दर्ज करा सके। उन्होंने कहा कि उर्वरक की जमाखोरी एवं कालाबाजारी करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। किसान सिर्फ अपनी जरूरत के अनुसार ही उर्वरकों की खरीद करें अन्यथा का स्टाक न करे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में यूरिया का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और निरंतर जनपद में आपूर्ति सुनिश्चित कराई जा रही है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी डा. अभय कुमार श्रीवास्तव, जिला विकास अधिकारी डॉक्टर सुभाष चंद्र त्रिपाठी, जिला कृषि अधिकारी गौरव यादव, प्रेमचन्द्र थोक व फुटकर दुकानदार व किसान नेता सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।