{"_id":"57eaaf7a4f1c1b6809573acb","slug":"took-away-the-joy-of-a-home-not-from-blood-loss","type":"story","status":"publish","title_hn":"खून की कमी से न छिने किसी घर की खुशी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खून की कमी से न छिने किसी घर की खुशी
अमर उजाला ब्यूरो, उरई
Updated Tue, 27 Sep 2016 11:12 PM IST
विज्ञापन
रक्तदान के लिए रजिस्ट्रेशन कराने के लिए लगी भीड़
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला फाउंडेशन व गांधी महाविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार 29 सितंबर को रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इसको लेकर मंगलवार को महाविद्यालय के पुस्तकालय में हुई जागरूकता गोष्ठी में रक्तदान के फायदों की जानकारी दी गई। साथ ही छात्र-छात्राओं ने कहा कि वह जागरूक रहेंगे और साथियों को जागरूक करेंगे। आखिर में सभी ने
एक स्वर में कहा कि रक्त की कमी से किसी घर की खुशी नहीं छिनने दी जाएगी। मंगलवार को गांधी महाविद्यालय में रक्तदान पर गोष्ठी हुई। इसमें इं. राजीव गोयल ने छात्र-छात्राओं को रक्तदान का महत्व और इसके फायदे बताए। डा. ममता स्वर्णकार ने कहा कि एक रक्तदान चार लोगों की जान बचाता है। इसके लिए छात्रों को आगे आना चाहिए। कहा कि वह स्वयं 20
से अधिक बार रक्तदान कर चुकी हैं और शरीर भी दान कर दिया। हम किसी के घर को उसकी खुशियां लौटा दें इससे बढ़कर पुनीत कार्य कोई नहीं। भारत विकास परिषद के अध्यक्ष शिक्षक नेता युद्धवीर कंथरिया ने कहा कि हर व्यक्ति को जीवन में एक बार रक्तदान अवश्य करना चाहिए। प्राचार्य डा. अलका नायक ने कहा कि रक्त की जब जरूरत पड़ती है तो उस समय
विज्ञापन
मजहब नहीं देखा जाता। कहा कि 29 सितंबर को महाविद्यालय में लगने वाले कैंप में रक्तदाता रक्तदान कर सकते है। इच्छुक रक्तदाताओं की भी सूची बनाई गई। इस मौके पर डा. इंद्रमणि
दुवे, डा. रविंद्र कुमार त्रिपाठी, शुभम अग्रवाल, डा. विश्वप्रभा त्रिपाठी, डा.बंदना सिंह, डा.ऋचा पटैरिया, डा.ममता अग्रवाल, डा. कंचन दीक्षित, डा. भारती दीक्षित, डा. अनूप शुक्ला, डा. कुमारेंद्र सिंह सेंगर प्रीति राठौर, सचिन राजपूत, अरुण कुमार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
एक स्वर में कहा कि रक्त की कमी से किसी घर की खुशी नहीं छिनने दी जाएगी। मंगलवार को गांधी महाविद्यालय में रक्तदान पर गोष्ठी हुई। इसमें इं. राजीव गोयल ने छात्र-छात्राओं को रक्तदान का महत्व और इसके फायदे बताए। डा. ममता स्वर्णकार ने कहा कि एक रक्तदान चार लोगों की जान बचाता है। इसके लिए छात्रों को आगे आना चाहिए। कहा कि वह स्वयं 20
विज्ञापन
से अधिक बार रक्तदान कर चुकी हैं और शरीर भी दान कर दिया। हम किसी के घर को उसकी खुशियां लौटा दें इससे बढ़कर पुनीत कार्य कोई नहीं। भारत विकास परिषद के अध्यक्ष शिक्षक नेता युद्धवीर कंथरिया ने कहा कि हर व्यक्ति को जीवन में एक बार रक्तदान अवश्य करना चाहिए। प्राचार्य डा. अलका नायक ने कहा कि रक्त की जब जरूरत पड़ती है तो उस समय
विज्ञापन
मजहब नहीं देखा जाता। कहा कि 29 सितंबर को महाविद्यालय में लगने वाले कैंप में रक्तदाता रक्तदान कर सकते है। इच्छुक रक्तदाताओं की भी सूची बनाई गई। इस मौके पर डा. इंद्रमणि
दुवे, डा. रविंद्र कुमार त्रिपाठी, शुभम अग्रवाल, डा. विश्वप्रभा त्रिपाठी, डा.बंदना सिंह, डा.ऋचा पटैरिया, डा.ममता अग्रवाल, डा. कंचन दीक्षित, डा. भारती दीक्षित, डा. अनूप शुक्ला, डा. कुमारेंद्र सिंह सेंगर प्रीति राठौर, सचिन राजपूत, अरुण कुमार आदि मौजूद रहे।