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Jalaun News: 10 दिन में पहले बनना शुरू हुई 25 लाख की सड़क उखड़ने लगी
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फोटो - 22 बिना साफ सफाई के डाली जा रही गिट्टी। संवाद
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उरई। सिंचाई विभाग की ओर से गड्ढा मुक्त अभियान में विजवाहा से कुठौंद तक बनाई जा रही 2.9 किलोमीटर लंबी सड़क की अभी से उखड़ने लगी है। ग्रामीणों का आरोप है कि 25 लाख से बनाई सड़क की निगरानी विभागीय अधिकारी नहीं कर रहे हैं। 10 दिन पहले ही सड़क बनना शुरू हुई थी। बुधवार को ग्रामीणों ने सांसद से शिकायत की है।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग हो रहा है। ठेकेदार मनमाने तरीके से काम कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण स्थल पर विभागीय निगरानी न के बराबर है। मिट्टी के ऊपर हल्की गिट्टी डालकर खराब गुणवत्ता का डामर बिछाया जा रहा है। इससे सड़क ऊंची-नीची बन रही है। ग्रामीणों ने बताया कि सड़क की सतह इतनी कमजोर है कि गिट्टी हाथ से ही निकल रही है। इससे निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों ने इसकी शिकायत सांसद से भी की है।
कुठौंद के विजवाहा से कुठौंद तक बनी करीब तीन किलोमीटर की सड़क में दो साल से गड्ढे ही गड्ढे हो गए थे। हालत यह थी कि इस मार्ग से निकलने वाले लोग गिरकर चुटहिल तक हो रहे थे। ग्रामीणों की शिकायत पर सिचाई विभाग ने शासन से बजट की मांग की तो इसके लिए 25 करोड़ का बजट जारी कर दिया गया। कुछ दिन पहले ही सड़क का निर्माण शुरू हुआ।
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ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण शुरू होने पर उम्मीद जगी थी, लेकिन जिस तरह का कार्य हो रहा है, उसे देखते हुए ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क छह महीने भी नहीं टिक पाएगी। ग्रामीणों ने कहा कि वे तीन दिनों से लगातार शिकायत कर रहे हैं, लेकिन अधिकारियों पर कोई असर नहीं हो रहा। बुधवार को विभागीय अधिकारी सड़क की जांच के लिए पहुंचे थे, लेकिन खराब गुणवत्ता पर सवाल उठाने पर उन्होंने ठेकेदार को जिम्मेदार ठहराया। इसके बाद ग्रामीणों ने क्षेत्रीय सांसद नारायण दास अहिरवार से शिकायत दर्ज कराई। ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क बनते ही उखड़ने लगी है। हालत यह है कि वाहन के निकलते ही गड्ढे हो रहे हैं। इधर, सांसद ने कहा है कि निर्माण कार्य की जांच कराई जाएगी।
बोले ग्रामीण
पूर्व प्रधान आल रामस्वरूप दोहरे का कहना है कि सड़क की गिट्टी हाथ से ही निकल रही है। दो साल से खराब सड़क झेल रहे हैं। उम्मीद थी कि इस बार अच्छी बनेगी, पर यह तीन महीने भी नहीं चलेगी। इसकी शिकायत सांसद से की है
ग्रामीण राम बरन पाल का कहना है कि निर्माण के दौरान अधिकारी मौके पर नहीं आते हैं। ठेकेदार मनमर्जी से काम करा रहा है। काम रुकवाकर प्रशासन तत्काल जांच कराए। बड़ी मुश्किल में सड़क बन रही है मिट्टी परी पतला डामर डालकर खाना पूर्ति कर रहे हैं।
अभी सड़क बनाने का काम चल रहा है। यदि गुणवत्ता खराब पाई गई तो सड़क दोबारा बनाई जाएगी।
पवन दोहरे, जेई, सिंचाई विभाग
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ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग हो रहा है। ठेकेदार मनमाने तरीके से काम कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण स्थल पर विभागीय निगरानी न के बराबर है। मिट्टी के ऊपर हल्की गिट्टी डालकर खराब गुणवत्ता का डामर बिछाया जा रहा है। इससे सड़क ऊंची-नीची बन रही है। ग्रामीणों ने बताया कि सड़क की सतह इतनी कमजोर है कि गिट्टी हाथ से ही निकल रही है। इससे निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों ने इसकी शिकायत सांसद से भी की है।
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कुठौंद के विजवाहा से कुठौंद तक बनी करीब तीन किलोमीटर की सड़क में दो साल से गड्ढे ही गड्ढे हो गए थे। हालत यह थी कि इस मार्ग से निकलने वाले लोग गिरकर चुटहिल तक हो रहे थे। ग्रामीणों की शिकायत पर सिचाई विभाग ने शासन से बजट की मांग की तो इसके लिए 25 करोड़ का बजट जारी कर दिया गया। कुछ दिन पहले ही सड़क का निर्माण शुरू हुआ।
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ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण शुरू होने पर उम्मीद जगी थी, लेकिन जिस तरह का कार्य हो रहा है, उसे देखते हुए ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क छह महीने भी नहीं टिक पाएगी। ग्रामीणों ने कहा कि वे तीन दिनों से लगातार शिकायत कर रहे हैं, लेकिन अधिकारियों पर कोई असर नहीं हो रहा। बुधवार को विभागीय अधिकारी सड़क की जांच के लिए पहुंचे थे, लेकिन खराब गुणवत्ता पर सवाल उठाने पर उन्होंने ठेकेदार को जिम्मेदार ठहराया। इसके बाद ग्रामीणों ने क्षेत्रीय सांसद नारायण दास अहिरवार से शिकायत दर्ज कराई। ग्रामीणों का कहना है कि यह सड़क बनते ही उखड़ने लगी है। हालत यह है कि वाहन के निकलते ही गड्ढे हो रहे हैं। इधर, सांसद ने कहा है कि निर्माण कार्य की जांच कराई जाएगी।
बोले ग्रामीण
पूर्व प्रधान आल रामस्वरूप दोहरे का कहना है कि सड़क की गिट्टी हाथ से ही निकल रही है। दो साल से खराब सड़क झेल रहे हैं। उम्मीद थी कि इस बार अच्छी बनेगी, पर यह तीन महीने भी नहीं चलेगी। इसकी शिकायत सांसद से की है
ग्रामीण राम बरन पाल का कहना है कि निर्माण के दौरान अधिकारी मौके पर नहीं आते हैं। ठेकेदार मनमर्जी से काम करा रहा है। काम रुकवाकर प्रशासन तत्काल जांच कराए। बड़ी मुश्किल में सड़क बन रही है मिट्टी परी पतला डामर डालकर खाना पूर्ति कर रहे हैं।
अभी सड़क बनाने का काम चल रहा है। यदि गुणवत्ता खराब पाई गई तो सड़क दोबारा बनाई जाएगी।
पवन दोहरे, जेई, सिंचाई विभाग

फोटो - 22 बिना साफ सफाई के डाली जा रही गिट्टी। संवाद

फोटो - 22 बिना साफ सफाई के डाली जा रही गिट्टी। संवाद

फोटो - 22 बिना साफ सफाई के डाली जा रही गिट्टी। संवाद