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कहने को नेशनल हाईवे, गांवों से बदत्तर सड़क
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आटा। जिम्मेदारों की अनदेखी से कानपुर झांसी नेशनल हाईवे पर संकट मोचन से लेकर कालपी तक पूरी सड़क उखड़ी पड़ी है। स्थिति यह है कि सड़क के बीच में लंबी-लंबी लाइनें बन गई है, जिससे आए दिन हादसे होते रहते है। इस प्रमुख सड़क से प्रतिनिधि व अधिकारियों का आना-जाना लगा रहता है। कई बार बाशिंदे इस सड़क को ठीक कराने की मांग कर चुके है, लेकिन अब तक किसी ने भी सुध नहीं ली।
बता दे कि जिले को झांसी कानपुर से जोडने के लिए 2010 में नेशनल हाईवे का निर्माण कराया गया था, लेकिन अंदेखी के चलते नेशनल हाईव का करीब तीन किलोमीटर मार्ग पूरी तरह ध्वस्त हो गया है। स्थिति यह है कि ओवर लोड वाहनों की वजह से एक साइड सड़क पूर्णता ध्वस्त हो गई है। सडक में लंबी व गहरी लाइनें बन गए है, जिन पर पैदल चलाना भी दूबर हो गया है। रही सही कसर बारिश ने पूरी कर दी है। जिले में कहने के लिए यह नेशलन
हाईवे है, लेकिन हालात गांव की सड़कों से भी बदत्तर दिखाई दे रहे है। सबसे ज्यादा खराब सड़क संकट मोचन से लेकर कालपी तक है, जहां हाईवे गड्डो में तब्दील हो गया है। बरसात के कारण जलभराव होने के कारण वाहन चालकों को आवागमन के दौरान काफ ी दिक्कतों का सामना करना पड़ता हैं। कानपुर झांसी नेशनल हाईवे की खस्ता हालत लोगों के लिए, परेशानी का सबब बनी हुई है। इसके साथ ही उरई से निकलते ही चमारी नाला के पास
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सड़क पर ही काफी दूर तक बीचों बीच नालियां देखी जा सकती है। हाईवे का इतना बुरा हाल है, कि वहां से दुपहिया वाहन का निकला मुश्किल है। कई बार स्थानिय समाज सेवियों ने सड़क को ठीक कराने की मांग की, लेकिन अब तक किसी ने भी सुध नहीं ली। इससे जिले वासियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
हाईवे अथार्टी के एजीएम गनेशन नागराजन का कहना है सड़क खराब होने की जानकारी है, बरसात की वजह से काम शुरू नहीं हो पा रहा है। बारिश सख्त होते ही सड़क की मरम्मत का कार्य शुरू करा दिया जाएगा।
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बता दे कि जिले को झांसी कानपुर से जोडने के लिए 2010 में नेशनल हाईवे का निर्माण कराया गया था, लेकिन अंदेखी के चलते नेशनल हाईव का करीब तीन किलोमीटर मार्ग पूरी तरह ध्वस्त हो गया है। स्थिति यह है कि ओवर लोड वाहनों की वजह से एक साइड सड़क पूर्णता ध्वस्त हो गई है। सडक में लंबी व गहरी लाइनें बन गए है, जिन पर पैदल चलाना भी दूबर हो गया है। रही सही कसर बारिश ने पूरी कर दी है। जिले में कहने के लिए यह नेशलन
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हाईवे है, लेकिन हालात गांव की सड़कों से भी बदत्तर दिखाई दे रहे है। सबसे ज्यादा खराब सड़क संकट मोचन से लेकर कालपी तक है, जहां हाईवे गड्डो में तब्दील हो गया है। बरसात के कारण जलभराव होने के कारण वाहन चालकों को आवागमन के दौरान काफ ी दिक्कतों का सामना करना पड़ता हैं। कानपुर झांसी नेशनल हाईवे की खस्ता हालत लोगों के लिए, परेशानी का सबब बनी हुई है। इसके साथ ही उरई से निकलते ही चमारी नाला के पास
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सड़क पर ही काफी दूर तक बीचों बीच नालियां देखी जा सकती है। हाईवे का इतना बुरा हाल है, कि वहां से दुपहिया वाहन का निकला मुश्किल है। कई बार स्थानिय समाज सेवियों ने सड़क को ठीक कराने की मांग की, लेकिन अब तक किसी ने भी सुध नहीं ली। इससे जिले वासियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
हाईवे अथार्टी के एजीएम गनेशन नागराजन का कहना है सड़क खराब होने की जानकारी है, बरसात की वजह से काम शुरू नहीं हो पा रहा है। बारिश सख्त होते ही सड़क की मरम्मत का कार्य शुरू करा दिया जाएगा।