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माइनर में पानी न पहुंचने पर मांगा जवाब
ब्यूरो/ अमर उजाला, उरई
Updated Fri, 25 Dec 2015 11:14 PM IST
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मुख्यमंत्री की बैठक से लौटे जिलाधिकारी ने अवकाश में भी अधिकारियों के साथ
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शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में दो घंटे से अधिक समय तक बैठक की। इसमें
उन्होंने एसडीएम व तहसीलदारों को निर्देश दिए कि भूख व ठंड से किसी की
मौत न होने पाए। गांव में अगर कहीं ऐसी स्थिति बनती है तो कोटेदार तत्काल
उसे खाद्यान्न मुहैया कराएं। इसकी रिपोर्ट
मुख्यालय पर दी जाए। राशन न देने पर लाइसेंस निरस्त किया जाएगा। सिंचाई की व्यवस्था को लेकर भी डीएम के तेवर सख्त रहे। सीडीओ व एडीएम को निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में नहरों का पानी नहीं पहुंचा है वहां की रिपोर्ट तैयार कराएं। कदौरा क्षेत्र की सात माइनरों मे पानी न पहुंचने पर विभागीय अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा है। कारण स्पष्ट न होने पर
कार्रवाई की बात कही है। बैठक में डीएम रामगणेश ने कहा कि भूख व ठंड से किसी की मौत न होने पाए। शासन के निर्देश हैं कि मजदूरों को मनरेगा में काम दिया जाए। जिनके पास जाब कार्ड नहीं हैं बनाए जाएं। कहा कि ठंड से राहत के लिए कंबल वितरण कराया जाए। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, हुल्की माता मंदिर एवं ऐसे स्थान जहां पर बेसहारा लोग मिलते हैं वहां
कंबल वितरित कराएं। तहसील क्षेत्रों में अलाव लगवाए जाएं। नगर पालिका शहरी इलाकों में अलाव जलवाएं। अलाव व कंबल के लिए बजट की कमी नहीं होगी। इसके लिए 25 लाख की और डिमांड शासन से की गई है। कोटेदार नजर रखें कि गांव या शहर कहीं भी भुखमरी की नौबत आती है तो संबंधित को तत्काल खाद्यान्न उपलब्ध कराएं। जिन किसानों को राहत
राशि नहीं मिली है उनके खाते में जल्द पैसा पहुंचाया जाए। नहरों व माइनरों में टेल तक पानी न पहुंचने की शिकायतों पर उन्होंने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जिन माइनरों में पानी नहीं पहुंचा उसकी सूची तैयार की जाए। संबधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा। कारण स्पष्ट न होने पर उनके वेतन से नुकसान की रिकवरी
कराई जाएगी। कामधेनु से लेकर अन्य योजनाओं पर भी चर्चा की गई। कहा गया कि अधिकारी क्षेत्र में जाकर योजनाओं की हकीकत देखें। नदीगांव ब्लाक क्षेत्र के देवगांव में किसान श्यामशरण व परशुराम के निजी नलकूप को बिजली का सामान मुहैया कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी एसपी सिंह, एडीएम आनंद कुमार, प्रभारी सीएमओ डा.आशाराम के अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारी, एसडीएम, तहसीलदार मौजूद रहे।
लोहिया गांव के अधूरे कार्य कराएं पूर्ण
लोहिया गांव मुख्यमंत्री की पहली प्राथमिकता में है। अधिकारी लोहिया गांव का दौरा करें वहां की समस्याओं को देखे और उनका निराकरण कराएं। अधूरे कार्यों को जल्द पूरा कराने के निर्देश भी जिलाधिकारियों ने अधिकारियों को दिए हैं। कार्यों की गुणवत्ता में कमी पाई गई तो अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
गांव में गंदगी तो डीपीआरओ की होगी जवाबदेही
जिलाधिकारी ने गांव में साफ सफाई व्यवस्था को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए है। कहा कि तैनात सफाई कर्मियों को अलर्ट किया जाए। जो सफाई कर्मी काम न करते हों उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। लगातार लापरवाही पर सेवा समाप्ति की कार्रवाई करें। गांव में गंदगी पर जवाबदेही जिला पंचायतराज अधिकारी की होगी।
जाब कार्ड बनाने का काम करें शुरू
डीएम ने जानकारी दी कि मनरेगा योजना में जाब कार्डधारक को सूखा राहत के तहत साल में अब 150 दिन काम मिलने की घोषणा मुख्यमंत्री की ओर से की गई है। गांव में मजदूरों के जाब कार्ड बनाने का काम आज से शुरू किया जाए।
मुख्यालय पर दी जाए। राशन न देने पर लाइसेंस निरस्त किया जाएगा। सिंचाई की व्यवस्था को लेकर भी डीएम के तेवर सख्त रहे। सीडीओ व एडीएम को निर्देश दिए कि जिन क्षेत्रों में नहरों का पानी नहीं पहुंचा है वहां की रिपोर्ट तैयार कराएं। कदौरा क्षेत्र की सात माइनरों मे पानी न पहुंचने पर विभागीय अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगा है। कारण स्पष्ट न होने पर
कार्रवाई की बात कही है। बैठक में डीएम रामगणेश ने कहा कि भूख व ठंड से किसी की मौत न होने पाए। शासन के निर्देश हैं कि मजदूरों को मनरेगा में काम दिया जाए। जिनके पास जाब कार्ड नहीं हैं बनाए जाएं। कहा कि ठंड से राहत के लिए कंबल वितरण कराया जाए। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, हुल्की माता मंदिर एवं ऐसे स्थान जहां पर बेसहारा लोग मिलते हैं वहां
कंबल वितरित कराएं। तहसील क्षेत्रों में अलाव लगवाए जाएं। नगर पालिका शहरी इलाकों में अलाव जलवाएं। अलाव व कंबल के लिए बजट की कमी नहीं होगी। इसके लिए 25 लाख की और डिमांड शासन से की गई है। कोटेदार नजर रखें कि गांव या शहर कहीं भी भुखमरी की नौबत आती है तो संबंधित को तत्काल खाद्यान्न उपलब्ध कराएं। जिन किसानों को राहत
राशि नहीं मिली है उनके खाते में जल्द पैसा पहुंचाया जाए। नहरों व माइनरों में टेल तक पानी न पहुंचने की शिकायतों पर उन्होंने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि जिन माइनरों में पानी नहीं पहुंचा उसकी सूची तैयार की जाए। संबधित अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया जाएगा। कारण स्पष्ट न होने पर उनके वेतन से नुकसान की रिकवरी
कराई जाएगी। कामधेनु से लेकर अन्य योजनाओं पर भी चर्चा की गई। कहा गया कि अधिकारी क्षेत्र में जाकर योजनाओं की हकीकत देखें। नदीगांव ब्लाक क्षेत्र के देवगांव में किसान श्यामशरण व परशुराम के निजी नलकूप को बिजली का सामान मुहैया कराने के निर्देश दिए गए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी एसपी सिंह, एडीएम आनंद कुमार, प्रभारी सीएमओ डा.आशाराम के अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारी, एसडीएम, तहसीलदार मौजूद रहे।
लोहिया गांव के अधूरे कार्य कराएं पूर्ण
लोहिया गांव मुख्यमंत्री की पहली प्राथमिकता में है। अधिकारी लोहिया गांव का दौरा करें वहां की समस्याओं को देखे और उनका निराकरण कराएं। अधूरे कार्यों को जल्द पूरा कराने के निर्देश भी जिलाधिकारियों ने अधिकारियों को दिए हैं। कार्यों की गुणवत्ता में कमी पाई गई तो अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
गांव में गंदगी तो डीपीआरओ की होगी जवाबदेही
जिलाधिकारी ने गांव में साफ सफाई व्यवस्था को दुरुस्त रखने के निर्देश दिए है। कहा कि तैनात सफाई कर्मियों को अलर्ट किया जाए। जो सफाई कर्मी काम न करते हों उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। लगातार लापरवाही पर सेवा समाप्ति की कार्रवाई करें। गांव में गंदगी पर जवाबदेही जिला पंचायतराज अधिकारी की होगी।
जाब कार्ड बनाने का काम करें शुरू
डीएम ने जानकारी दी कि मनरेगा योजना में जाब कार्डधारक को सूखा राहत के तहत साल में अब 150 दिन काम मिलने की घोषणा मुख्यमंत्री की ओर से की गई है। गांव में मजदूरों के जाब कार्ड बनाने का काम आज से शुरू किया जाए।