फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jalaun News ›   Chakrod explored, silence on recommendation

चकरोड खंगाला, सिफारिश की बात पर चुप्पी साधी

Sat, 13 Jan 2018 11:38 PM IST
अमर उजाला ब्यूूराे जालाैन
अमर उजाला ब्यूूराे जालाैन Updated Sat, 13 Jan 2018 11:38 PM IST
विज्ञापन
Chakrod explored, silence on recommendation
चकरोड का निरीक्षण करते पूर्व कमिश्नर। - फोटो : amar ujala

ज्ञात हो कि चकरोड निर्माण के विवाद के बीच ही डीएम की ओर से लालू की सिफारिश करने की खबरों पर सीएम ने जांच बैठा दी थी। इसकी जांच तत्कालीन कमिश्नर अमित गुप्ता को मिली थी, पर एक दिन बाद ही उनका तबादला हो गया था। उसके बाद शनिवार को पूर्व कमिश्नर गुप्ता जज शिवपाल सिंह के पैतृक गांव शेखपुर खुर्द पहुंचे और पुराने और नए दोनों चकरोडों की पैमाइश कराई। पता चला कि जिस जगह नया चकरोड बनाया जा रहा है, वहीं चकरोड सरकारी अभिलेखों में दर्ज है। उक्त चकरोड पर आपत्ति जताने वाले नाथूराम, गुल मोहम्मद, गोपाल आदि की जमीन भी देखी।

विज्ञापन


पता चला कि परती की खाली जमीन पर कुछ लोगों ने फसल बो ली थी, पर जब उनसे आपत्ति के बारे में पूछा गया तो किसी ने भी आपत्ति नहीं जताई। उधर, जज के भाई सुरेंद्र पाल सिंह भी पैमाइश से संतुष्ट नजर आए। बताया कि जो नया चकरोड बन रहा है, वह सरकारी अभिलेखों के अनुसार ही बन रहा है। इसमें उन्हें कोई आपत्ति नहीं है। इसके बाद भी पूर्व मंडलायुक्त ने प्राथमिक पाठशाला में चौपाल लगाकर सभी पक्षों को बुलाकर उनकी बात सुनी। जिसमें सभी पक्ष पैमाइश व निकाले गए नए चकरोड से संतुष्ट नजर आए।
विज्ञापन


इस बाबत पूर्व कमिश्नर ने बताया कि उन्होंने जांच कर ली है, इसकी रिपोर्ट वह शासन को सौंपेंगे। इस मौके पर उरई एसडीएम अक्षय त्रिपाठी, जालौन एसडीएम भैरपाल सिंह, सीओ संजय शर्मा, तहसीलदार जितेंद्र पाल सिंह, बीडीओ मनोज कुमार, ग्राम पंचायत अधिकारी रमाशंकर प्रजापति के अलावा कानूनगो, लेखपाल व सैकड़ों ग्रामीण मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन


ग्रामीणों ने सड़क निर्माण की मांग उठाई
जालौन। शेखपुर खुर्द गांव में पहुंचे पूर्व कमिश्नर से ग्रामीणों ने गांव तक पहुंचने में रोड बनवाने की मांग की। ज्ञात हो कि उक्त गांव में रोड बनवाने को लेकर वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में वोटिंग करने का बहिष्कार किया गया था, परंतु इसके बाद भी उक्त गांव आज तक सड़क से वंचित हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed