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प्रवासी मजदूरों के भी बनेंगे आयुष्मान गोल्डन कार्ड
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मेडिकल कॉलेज में जानकारी देते योजना के डीपीसी डॉ आशीष झा।
- फोटो : ORAI
उरई। सीएमओ डॉ अल्पना बरतारिया ने बताया कि प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत कोविड 19 के रोगियों के उपचार के लिए शासनादेश आ चुका है। इसके लिए भर्ती की दरें तय कर दी गई हैं। अब प्रवासी मजदूरों के भी आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनेंगे।
योजना के डीपीसी डॉ आशीष झा ने बताया कि ऐसे सभी संक्रमित मरीज जो योजना के लाभार्थी भी है, उनकी पहचान की जा रही है ताकि उन्हें लाभ दिलाया जा सके। बताया कि जो भी प्रवासी श्रमिक व उनके परिवार के लोग जनपद के बाहर रहने की वजह से गोल्डन कार्ड नहीं बनवा सके हैं, वे नजदीक के सीएचसी केंद्र या पंजीकृत अस्पताल में जाकर अपना व परिवार के सदस्यों का गोल्डन कार्ड बनवा सकते हैं। योजना की जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर 14555 और व्हाट्सएप नंबर-9868914555 ये हैं।
क्वारंटीन लाभार्थी को नहीं मिलेगा लाभ
मेडिकल कालेज के आरोग्य मित्र को प्रशिक्षण देकर पैकेज सेलेक्शन की जानकारी दी गई। बताया गया कि कौन से दस्तावेज अपलोड करने हैं। यह भी बताया गया कि केवल पॉजिटिव केस की ही यह सुविधा दी जाएगी। न कि क्वारंटीन में रहने वाले हर लाभार्थी को।
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शुरू हो गए गोल्डनकार्ड बनने
लॉकडाउन के कारण बाधित चल रही जनपद के शेष सभी पंजीकृत अस्पतालों में भी लाभार्थी मरीजों के उपचार की व्यवस्था प्रारंभ की जा चुकी हैं। योजना से आबद्ध किसी भी अस्पताल में उपचार के समय लाभार्थी मरीज के पास गोल्डन कार्ड होना अनिवार्य है।
खत्म हुई बायोमीट्रिक की अनिवार्यता
कोरोना संक्रमण से बचने के लिए बायोमीट्रिक की अनिवार्यता समाप्त की जा चुकी है। अब लाभार्थी मरीजों के पंजीकरण पर्ची व गोल्डन कार्ड से ही योजना के अंतर्गत सभी सुविधा देने के लिए उन्हें रजिस्टर्ड कर लिया जाएगा। जिसका क्लेम भुगतान अस्पताल को निश्चित समय सीमा में कर दिया जाएगा।
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योजना के डीपीसी डॉ आशीष झा ने बताया कि ऐसे सभी संक्रमित मरीज जो योजना के लाभार्थी भी है, उनकी पहचान की जा रही है ताकि उन्हें लाभ दिलाया जा सके। बताया कि जो भी प्रवासी श्रमिक व उनके परिवार के लोग जनपद के बाहर रहने की वजह से गोल्डन कार्ड नहीं बनवा सके हैं, वे नजदीक के सीएचसी केंद्र या पंजीकृत अस्पताल में जाकर अपना व परिवार के सदस्यों का गोल्डन कार्ड बनवा सकते हैं। योजना की जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर 14555 और व्हाट्सएप नंबर-9868914555 ये हैं।
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क्वारंटीन लाभार्थी को नहीं मिलेगा लाभ
मेडिकल कालेज के आरोग्य मित्र को प्रशिक्षण देकर पैकेज सेलेक्शन की जानकारी दी गई। बताया गया कि कौन से दस्तावेज अपलोड करने हैं। यह भी बताया गया कि केवल पॉजिटिव केस की ही यह सुविधा दी जाएगी। न कि क्वारंटीन में रहने वाले हर लाभार्थी को।
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शुरू हो गए गोल्डनकार्ड बनने
लॉकडाउन के कारण बाधित चल रही जनपद के शेष सभी पंजीकृत अस्पतालों में भी लाभार्थी मरीजों के उपचार की व्यवस्था प्रारंभ की जा चुकी हैं। योजना से आबद्ध किसी भी अस्पताल में उपचार के समय लाभार्थी मरीज के पास गोल्डन कार्ड होना अनिवार्य है।
खत्म हुई बायोमीट्रिक की अनिवार्यता
कोरोना संक्रमण से बचने के लिए बायोमीट्रिक की अनिवार्यता समाप्त की जा चुकी है। अब लाभार्थी मरीजों के पंजीकरण पर्ची व गोल्डन कार्ड से ही योजना के अंतर्गत सभी सुविधा देने के लिए उन्हें रजिस्टर्ड कर लिया जाएगा। जिसका क्लेम भुगतान अस्पताल को निश्चित समय सीमा में कर दिया जाएगा।